एक्सप्लोरर

UTC और GMT में क्या है फर्क, जानें कौन सा टाइम जोन ज्यादा सही?

UTC VS GMT: UTC और GMT में काफी ज्यादा फर्क है. इनमें से एक ग्लोबल टाइम स्टैंडर्ड है और एक टाइम जोन है. आइए जानते हैं क्या है यह फर्क और इनमें से कौन सा टाइम जोन सबसे ज्यादा बेहतर है.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • वैज्ञानिक रूप से UTC अधिक सटीक, वैश्विक प्रणालियों हेतु महत्वपूर्ण।

UTC VS GMT: UTC और GMT दो ऐसे शब्द हैं जिनका इस्तेमाल अक्सर इंटरनेशनल समय की बात करते समय किया जाता है और रोजमर्रा की जिंदगी में इनका मतलब एक जैसा लग सकता है. हालांकि, इनके बीच एक जरूरी तकनीकी फर्क है. UTC एक ग्लोबल टाइम स्टैंडर्ड है और GMT एक टाइम जोन है. अभी दोनों जीरो डिग्री मेरिडियन पर एक ही घड़ी के समय से मेल खाते हैं, लेकिन इनके पीछे के तरीके और मकसद अलग-अलग हैं. यह फर्क मॉडर्न टेक्नोलॉजी, एवियशन, जीपीएस, सैटलाइट कम्युनिकेशन और कंप्यूटर सिस्टम में खास तौर पर अहम हो जाता है, जहां काफी सटीक समय की जरूरत होती है. 

UTC क्या है? 

UTC का मतलब है कोऑर्डिनेटेड यूनिवर्सल टाइम. यह दुनिया भर की घड़ियों को रेगुलेट और कोऑर्डिनेटर करने के लिए इस्तेमाल किया जाने वाला एक इंटरनेशनल स्टैंडर्ड है.  पृथ्वी के घूमने पर आधारित पारंपरिक सिस्टम के उलट UTC काफी सटीक एटॉमिक घड़ियों पर आधारित है. दुनिया भर में मौजूद सैकड़ों एटॉमिक घड़ियां इस इंटरनेशनल टाइम स्टैंडर्ड को बनाए रखने में मदद करती हैं.

क्योंकि एटॉमिक घड़ियां काफी ज्यादा स्थिर होती हैं इस वजह से UTC समय मापने के लिए काफी सटीक रेफरेंस देता है. इससे यह वैज्ञानिक रिसर्च और मॉडर्न टेक्नोलॉजी सिस्टम के लिए खास तौर पर उपयुक्त हो जाता है.


UTC और GMT में क्या है फर्क, जानें कौन सा टाइम जोन ज्यादा सही?

GMT क्या है?

GMT का मतलब है ग्रीनविच मीन टाइम. यह ऐतिहासिक रूप से लंदन में ग्रीनविच मेरिडियन पर औसत सौर समय पर आधारित है. यह जीरो डिग्री देशांतर को दिखाता है. 

इस वजह से GMT पृथ्वी के घूमने और सूरज की स्थिति से जुड़ा हुआ है. हालांकि पृथ्वी का घूमना पूरी तरह से एक जैसा नहीं होता है. समुद्र की लहरों, वायुमंडलीय बदलावों और भू वैज्ञानिक घटनाओं जैसे कारणों से इसकी रफ्तार थोड़ी कम या ज्यादा हो सकती है. GMT एक टाइम जोन रेफरेंस के तौर पर अहम बना हुआ है और कुछ संदर्भों में अभी भी इस्तेमाल किया जाता है. हालांकि UTC मुख्य इंटरनेशनल टाइम स्टैंडर्ड बन गया है. 

UTC और GMT के बीच मुख्य अंतर क्या है? 

सबसे बड़ा अंतर उनके मापने के आधार में है. UTC एटॉमिक घड़ियों पर निर्भर करता है जबकि GMT ऐतिहासिक रूप से पृथ्वी के घूमने पर आधारित है. इससे यह भी पता चलता है कि UTC को ज्यादा सटीक क्यों माना जाता है. एटॉमिक घड़ियां समय का काफी स्थिर माप देती हैं, जबकि पृथ्वी के घूमने की रफ्तार लगातार थोड़ी-थोड़ी बदलती रहती है. इस तकनीकी अंतर के बावजूद UTC+0 और GMT+0 से जुड़ा घड़ी का समय एक ही है. इस वजह से जब डेलाइट सेविंग एडजस्टमेंट शामिल नहीं होता तो 00:00 UTC, 00:00 GMT के बराबर होता है.


UTC और GMT में क्या है फर्क, जानें कौन सा टाइम जोन ज्यादा सही?

डेलाइट सेविंग टाइम के बारे में क्या? 

एक और जरूरी अंतर डेलाइट सेविंग टाइम से जुड़ा हुआ है. UTC कभी नहीं बदलता और पूरे साल एक जैसा रहता है. जब GMT का इस्तेमाल लोकल टाइम रेफरेंस के तौर पर किया जाता है कोई है उन देशों में डेलाइट सेविंग नियमों से प्रभावित हो सकता है जहां इन्हें अपनाया जाता है. उदाहरण के लिए यूनाइटेड किंगडम डेलाइट सेविंग के समय GMT से बदलकर ब्रिटिश समर टाइम का इस्तेमाल करता है. इसका मतलब है कि GMT को हर उस जगह पर हमेशा के लिए लोकल टाइम नहीं माना जाना चाहिए जहां इसे रेफरेंस के तौर पर इस्तेमाल किया जाता है.

मॉडर्न टेक्नोलॉजी में UTC का इस्तेमाल क्यों किया जाता है? 

UTC जरूरी हो गया है क्योंकि मॉडर्न ग्लोबल सिस्टम को एक आम और काफी सटीक टाइम रेफरेंस की जरूरत होती है. इंटरनेट इंफ्रास्ट्रक्चर, कंप्यूटर सर्वर, सैटेलाइट नेटवर्क, एविएशन सिस्टम और जीपीएस से जुड़ी टेक्नोलॉजी अलग-अलग देशों और टाइम जोन में गतिविधि को को-ऑर्डिनेट करने के लिए UTC का इस्तेमाल करती हैं. सॉफ्टवेयर डेवलपर भी अक्सर UTC का इस्तेमाल तब करते हैं जब वे ऐसे सिस्टम डिजाइन करते हैं जिन्हें कई टाइम जोन में यूजर्स और इवेंट्स को मैनेज करना होता है. एक ही ग्लोबल स्टैंडर्ड का इस्तेमाल करने से कंफ्यूजन से बचने में मदद मिलती है. खासकर तब जब कंप्यूटर और नेटवर्क दुनिया के अलग-अलग हिस्सों के बीच जानकारी का आदान-प्रदान करते हैं.

यह भी पढ़ेंः क्या पुलिस बिना वारंट के आपका घर चेक कर सकती है, जानें क्या कहते हैं नियम?

कौन ज्यादा सटीक ?

वैज्ञानिक सटीकता के मामले में UTC, GMT  से काफी ज्यादा सटीक है. एटॉमिक क्लॉक पर आधारित होने की वजह से यह उन कामों के लिए काफी ज्यादा भरोसेमंद है जिनमें काफी ज्यादा सटीक समय मापने की जरूरत होती है. GMT टाइम जोन रेफरेंस के तौर पर उपयोगी और जाना-पहचाना बना हुआ है. लेकिन UTC वह स्टैंडर्ड है जिस पर मॉडर्न ग्लोबल टेक्नोलॉजी निर्भर करती है.

यह भी पढ़ेंः बेस ईयर बदलने से कैसे बदल जाते हैं GDP के आंकड़े, इसका कितना बड़ा रोल?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

क्या ठंड और बारिश में भी काम करता है सोलर पैनल? कितनी बनाता है बिजली
क्या ठंड और बारिश में भी काम करता है सोलर पैनल? कितनी बनाता है बिजली
बिना स्मार्टफोन पहाड़ों से मैदान तक कैसे पहुंचती थी तबाही की खबर, कैसे बचती थी जान?
बिना स्मार्टफोन पहाड़ों से मैदान तक कैसे पहुंचती थी तबाही की खबर, कैसे बचती थी जान?
बेस ईयर बदलने से कैसे बदल जाते हैं GDP के आंकड़े, इसका कितना बड़ा रोल?
बेस ईयर बदलने से कैसे बदल जाते हैं GDP के आंकड़े, इसका कितना बड़ा रोल?
क्या पुलिस बिना वारंट के आपका घर चेक कर सकती है, जानें क्या कहते हैं नियम?
क्या पुलिस बिना वारंट के आपका घर चेक कर सकती है, जानें क्या कहते हैं नियम?
Advertisement

वीडियोज

Sansani: जबलपुर की अंधेरी रात का खूनी शैतान! Crime News
Janhit With Chitra Tripathi: अवैध बुलडोजर ध्वस्त..यूपी में नया विवाद !। Saharanpur Masjid Demolished
UP News: यूपी के मुरादाबाद में बड़ा हादसा 3 मंजिला बिल्डिंग एक झटके में गिरी। Viral News। Breaking
Janhit With Chitra Tripathi: 'हनुमान अंश' फिल्म या चमत्कार साक्षात्? ।Hanuman Ansh। ABP News
PM Modi Speech: Teacher's Day पर दिल्ली के SRCC से, देश के युवाओं के नाम PM मोदी का संदेश
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
मायावती को किसका डर? अभिषेक मनु सिंघवी के दावे से मची हलचल
मायावती को किसका डर? अभिषेक मनु सिंघवी के दावे से मची हलचल
Exclusive: PM मोदी के किन कामों के कायल हैं अभिषेक मनु सिंघवी? खुद बताया
Exclusive: PM मोदी के किन कामों के कायल हैं अभिषेक मनु सिंघवी? खुद बताया
आज से शुरू दलीप ट्रॉफी का फाइनल, देखें LIVE प्रसारण और स्ट्रीमिंग डिटेल्स
आज से शुरू दलीप ट्रॉफी का फाइनल, देखें LIVE प्रसारण और स्ट्रीमिंग डिटेल्स
Miss World 2026: जोहेरी मोल ने जीता ताज, टॉप 20 से बाहर हुईं निकिता पोरवाल
जोहेरी मोल बनीं मिस वर्ल्ड 2026, भारत की निकिता पोरवाल टॉप 20 से बाहर
मरियम नवाज ने खोली पाक सेना की पोल, बोलीं- 'भारत नहीं अपने ही...'
मरियम नवाज ने खोली पाक सेना की पोल, बोलीं- 'भारत नहीं अपने ही...'
'सुप्रीम कोर्ट जाएंगे...', सहारनपुर मस्जिद मामले पर बोले इमरान मसूद
'सुप्रीम कोर्ट जाएंगे...', सहारनपुर मस्जिद मामले पर बोले इमरान मसूद
सेना में जाने का जुनून ऐसा, लाखों का पैकेज छोड़ स्पर्श छेत्री ने चुनी वर्दी
सेना में जाने का जुनून ऐसा, लाखों का पैकेज छोड़ स्पर्श छेत्री ने चुनी वर्दी
Coconut Storage Tips: काटा हुआ नारियल महीनों नहीं होगा खराब! जान लें स्टोर करने का तरीका
काटा हुआ नारियल महीनों नहीं होगा खराब! जान लें स्टोर करने का तरीका
Embed widget