एक्सप्लोरर

B.Com कर रहे हैं? इन स्कॉलरशिप से पा सकते हैं आर्थिक सहायता

B.Com छात्रों के लिए केंद्र और राज्य सरकारें कई स्कॉलरशिप योजनाएं चला रही हैं, जिनके तहत ट्यूशन फीस, रखरखाव भत्ता और आर्थिक सहायता प्रदान की जाती है.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • केंद्रीय छात्रवृत्ति 12वीं में उत्कृष्ट छात्रों को सहायता देती.
  • PM-YASASVI, पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति पिछड़े वर्गों के लिए.
  • राज्य सरकारें बी.कॉम छात्रों को विशेष वित्तीय सहायता देती.
  • आवेदन हेतु बी.कॉम में पंजीकरण, निर्धारित योग्यताएं आवश्यक.

कॉमर्स में ग्रेजुएशन(B.Com) की पढ़ाई करने का सपना देख रहे हैं और फीस भरने की टेंशन से समझ नहीं पा रहे हैं कि क्या करना चाहिए तो आपके लिए ये खबर काम की है. सरकार की तरफ से कई स्कॉलरशिप चलाई जाती हैं जिनके जरिए स्टूडेंट्स को आर्थिक मदद मिलती है. आइए पूरी डिटेल्स जानते हैं...

ज्यादातर सरकारी स्कॉलरशिप योजनाओं के लिए आवेदन राष्ट्रीय छात्रवृत्ति पोर्टल (NSP) के माध्यम से किया जा सकता है. इसके अलावा कई राज्यों ने अपने अलग छात्रवृत्ति पोर्टल भी विकसित किए हैं, जहां पात्र छात्र आवेदन कर सकते हैं.

सेंट्रल सेक्टर स्कॉलरशिप स्कीम

B.Com छात्रों के लिए सबसे लोकप्रिय योजनाओं में से एक "सेंट्रल सेक्टर स्कॉलरशिप स्कीम फॉर कॉलेज एंड यूनिवर्सिटी स्टूडेंट्स" है. यह योजना उन छात्रों के लिए है जिन्होंने कक्षा 12 की बोर्ड परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया हो.

इस योजना के तहत पात्र छात्रों को स्नातक स्तर पर प्रति वर्ष 12,000 रुपये की आर्थिक सहायता दी जाती है. आवेदन करने के लिए छात्र का 12वीं बोर्ड परीक्षा में अपने संबंधित बोर्ड के शीर्ष 80 प्रतिशत छात्रों में शामिल होना जरूरी है. साथ ही परिवार की वार्षिक आय 4.5 लाख रुपये से अधिक नहीं होनी चाहिए.

PM-YASASVI और पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप

सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े वर्गों के छात्रों के लिए सरकार PM-YASASVI और पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति जैसी योजनाएं भी संचालित करती है. इन योजनाओं का लाभ मुख्य रूप से अन्य पिछड़ा वर्ग (OBC), आर्थिक रूप से पिछड़ा वर्ग (EBC) और विमुक्त, घुमंतू एवं अर्ध-घुमंतू जनजातियों (DNT) से जुड़े छात्रों को मिलता है.

इन योजनाओं के तहत छात्रों को रखरखाव भत्ता, ट्यूशन फीस की प्रतिपूर्ति और पुस्तकों के लिए अतिरिक्त सहायता प्रदान की जाती है. लाभ की राशि संबंधित राज्य सरकारों के नियमों के अनुसार अलग-अलग हो सकती है.

यह भी पढ़ें - MBBS की पढ़ाई के लिए सरकार देती है लाखों रुपये की स्कॉलरशिप, जानिए पूरी डिटेल्स

राज्य सरकारों की विशेष छात्रवृत्ति योजनाएं

केंद्र सरकार की योजनाओं के अलावा विभिन्न राज्य सरकारें भी B.Com छात्रों के लिए विशेष छात्रवृत्ति कार्यक्रम चलाती हैं. इन योजनाओं का लाभ राज्य के स्थायी निवासियों को दिया जाता है.

उत्तर प्रदेश, महाराष्ट्र, कर्नाटक, राजस्थान, मध्य प्रदेश और अन्य राज्यों में मेधावी छात्रों, छात्राओं तथा SC, ST, OBC वर्ग के विद्यार्थियों के लिए अलग-अलग छात्रवृत्ति योजनाएं संचालित की जा रही हैं. कई योजनाओं के तहत छात्रों की पूरी ट्यूशन फीस माफ कर दी जाती है, जबकि कुछ में सीधे बैंक खाते में आर्थिक सहायता भेजी जाती है.

कौन कर सकता है आवेदन?

छात्रवृत्ति के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों को किसी मान्यता प्राप्त कॉलेज या विश्वविद्यालय में B.Com में रजिस्टर होना चाहिए. अधिकांश योजनाओं में एजुकेशनल क्वालिफिकेशन, आय सीमा और सामाजिक वर्ग से संबंधित शर्तें निर्धारित की जाती हैं.

यह भी पढ़ें - B.Ed छात्रों के लिए सरकारी स्कॉलरशिप का सुनहरा मौका, सालाना इतने हजार तक मिल सकती है सहायता

Education Loan Information:
Calculate Education Loan EMI

रजनी उपाध्याय बीते करीब छह वर्षों से पत्रकारिता की दुनिया में सक्रिय हैं. उत्तर प्रदेश से ताल्लुक रखने वाली रजनी ने आगरा विश्वविद्यालय से पोस्ट ग्रेजुएशन किया है. बचपन से ही पढ़ने-लिखने में गहरी रुचि थी और यही रुचि उन्हें मीडिया की दुनिया तक ले आई.

अपने छह साल के पत्रकारिता सफर में रजनी ने कई प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में काम किया. उन्होंने न्यूज, एंटरटेनमेंट और एजुकेशन जैसे प्रमुख वर्टिकल्स में अपनी पहचान बनाई. हर विषय में गहराई से उतरना और तथ्यों के साथ-साथ भावनाओं को भी समझना, उनकी पत्रकारिता की खासियत रही है. उनके लिए पत्रकारिता सिर्फ खबरें लिखना नहीं, बल्कि समाज की धड़कन को शब्दों में ढालने की एक कला है.

रजनी का मानना है कि एक अच्छी स्टोरी सिर्फ हेडलाइन नहीं बनाती, बल्कि पाठकों के दिलों को छूती है. वर्तमान में वे एबीपी लाइव में कार्यरत हैं, जहां वे एजुकेशन और एग्रीकल्चर जैसे अहम सेक्टर्स को कवर कर रही हैं.

दोनों ही क्षेत्र समाज की बुनियादी जरूरतों से जुड़े हैं और रजनी इन्हें बेहद संवेदनशीलता और जिम्मेदारी के साथ संभालती हैं. खाली समय में रजनी को संगीत सुनना और किताबें पढ़ना पसंद है. ये न केवल उन्हें मानसिक सुकून देते हैं, बल्कि उनकी रचनात्मकता को भी ऊर्जा प्रदान करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

बिहार बोर्ड ने 10वीं-12वीं परीक्षा के लिए बढ़ाई रजिस्ट्रेशन तारीख, देखें अपडेट
बिहार बोर्ड ने 10वीं-12वीं परीक्षा के लिए बढ़ाई रजिस्ट्रेशन तारीख, देखें अपडेट
IIM में दाखिले का घटा क्रेज, CAT 2026 के लिए मात्र 2.84 लाख रजिस्ट्रेशन
IIM में दाखिले का घटा क्रेज, CAT 2026 के लिए मात्र 2.84 लाख रजिस्ट्रेशन
अग्निवीर के पहले बैच को कहां मिलेगी नौकरी, किस राज्य में क्या नियम?
अग्निवीर के पहले बैच को कहां मिलेगी नौकरी, किस राज्य में क्या नियम?
ओडिशा में इंजीनियरों के लिए 758 पदों पर भर्ती, 22 अक्टूबर से भरें फॉर्म
ओडिशा में इंजीनियरों के लिए 758 पदों पर भर्ती, 22 अक्टूबर से भरें फॉर्म

वीडियोज

CJP का 'चलो दिल्ली' मार्च...पूरी तरह फ्लॉप!
फसल तबाह...कौन देगा सहारा? महाराष्ट्र से राजस्थान...परेशान किसान
'वोट चोरी' पर सियासत...हल है हिरासत!
सख्ती का असर...'जंतर-मंतर 2.0' बेअसर!
SIR पर लड़ाई...मीर जाफर तक कैसे आई? बड़ा विश्लेषण

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'हिरासत नहीं किडनैपिंग...', रिहा होने के बाद ध्रुव राठी का पहला वीडियो, क्या-क्या कहा?
'हिरासत नहीं किडनैपिंग...', रिहा होने के बाद ध्रुव राठी का पहला वीडियो, क्या-क्या कहा?
दिल्ली में प्रदर्शन की बीच पुलिस का एक्शन, 20 से ज्यादा FIR दर्ज
दिल्ली में प्रदर्शन की बीच पुलिस का एक्शन, 20 से ज्यादा FIR दर्ज
टीम इंडिया को मिल गया अगला वीरेंदर सहवाग, दिग्गज ने खुद बताया नाम
टीम इंडिया को मिल गया अगला वीरेंदर सहवाग, दिग्गज ने खुद बताया नाम
'चैंबर से हिरासत में लिया, चलती बस में फेंका', SC में प्रोटेस्ट को लेकर सुनवाई, क्या बोले जज
'चैंबर से हिरासत में लिया, चलती बस में फेंका', SC में प्रोटेस्ट को लेकर सुनवाई, क्या बोले जज
दूसरी प्रेग्नेंसी के बीच पति सिद्धार्थ मल्होत्रा संग क्वालिटी टाइम स्पेंड कर रहीं कियारा आडवाणी, वेकेशन की तस्वीरें वायरल
दूसरी प्रेग्नेंसी के बीच पति सिद्धार्थ संग क्वालिटी टाइम स्पेंड कर रहीं कियारा, तस्वीरें वायरल
सुप्रीम कोर्ट में लगे शेम-शेम के नारे तो जज ने लगाई फटकार, वकीलों ने प्रदर्शन पर क्या कहा?
सुप्रीम कोर्ट में लगे शेम-शेम के नारे तो जज ने लगाई फटकार, वकीलों ने प्रदर्शन पर क्या कहा?
12वीं तक पढ़ाई पूरी करना लड़कियों के लिए अब भी चुनौती, रिपोर्ट में खुलासा
12वीं तक पढ़ाई पूरी करना लड़कियों के लिए अब भी चुनौती, रिपोर्ट में खुलासा
इलेक्ट्रिक SUV खरीदने का मौका, Harrier EV पर लाखों की बचत
इलेक्ट्रिक SUV खरीदने का मौका, Harrier EV पर लाखों की बचत
Embed widget