Investment Tips: घर खरीदें या SIP करें? करोड़पति बनने का सबसे सुरक्षित रास्ता कौन सा है, कहां तेजी से बढ़ेगा आपका पैसा?
Investment Tips: निवेश करने के लिए म्यूच्युअल फंड्स तो अब ज्यादा चलन में आया है. इससे पहले लोग प्रॉपर्टी और एसेट्स में ही निवेश किया करते थे. लेकिन दोनों में से क्या ज्यादा फायदेमंद है? आइये जानें.

Investment Tips: इन दिनों भारत में बढ़ती हुई महंगाई को देखते हुए हर कोई निवेश कर रहा है. बढ़ती हुई महंगाई को देखते हुए अपने भविष्य के लिए निवेश सभी को करना भी चाहिए. लेकिन निवेश करते समय एक सवाल जरूर मन में उठत है कि आखिर निवेश कहां करना चाहिए, जिससे अच्छा खासा रिटर्न भी मिल सके. इसके लिए म्यूच्युअल फंड तो है ही एक अच्छा ऑप्शन लेकिन एक पारंपरिक तरीका भी काफी पॉपुलर रहता है.
दरअसल भारत में निवेश की बात आती है तो सबसे बड़ा सवाल यही होता है कि रियल एस्टेट (प्रॉपर्टी) में निवेश करें या म्यूचुअल फंड में? पहले लोगों का मानना था कि जमीन या घर खरीदना ही सबसे सुरक्षित और भरोसेमंद निवेश है. लेकिन अब म्यूचुअल फंड भी तेजी से पॉपुलर हो रहा है. ऐसे में सवाल है कि लंबी अवधि में कौन-सा ऑप्शन बेहतर है? आइये बताते हैं.
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रियल एस्टेट में निवेश?
रियल एस्टेट में निवेश करना यानी कोई सम्पत्ति खरीदकर सालों साल तक रखे रहने देना. अगर घर या दुकान खरीदते हैं तो उससे किराया भी मिलता है. वहीं, किसी इलाके में सड़क, मेट्रो या अन्य सुविधाएं शुरू होने पर प्रॉपर्टी की कीमत भी बढ़ सकती है. हालांकि, प्रॉपर्टी खरीदने में सिर्फ खरीद कीमत ही नहीं लगती. स्टांप ड्यूटी, रजिस्ट्रेशन फीस, मेंटनेंस, प्रॉपर्टी टैक्स और होम लोन का ब्याज भी खर्च बढ़ाते हैं, जिससे कुल रिटर्न कम हो सकता है.
म्यूचुअल फंड में निवेश?
म्यूचुअल फंड का सबसे बड़ा फायदा है लिक्विडिटी, यानी जरूरत पड़ने पर पैसा आसानी से निकाला जा सकता है. म्यूचुअल फंड में निवेश की शुरुआत बहुत कम रकम से की जा सकती है. SIP के जरिए हर महीने थोड़ी-थोड़ी राशि EMI के रूप में निवेश करना आसान होता है. ऐसे में म्यूचुअल फंड में निवेश करना थोड़ा आसान माना जाता है.
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रियल एस्टेट वर्सेज म्यूचुअल फंड्स
दोनों ही निवेश अपनी- अपनी जगह पर सही होते हैं. बस कुछ चीजें उन्हें एक दूसरे से अलग करती हैं. जैसे:
- प्रॉपर्टी में निवेश करने पर अक्सर आपकी बड़ी पूंजी एक ही जगह लग जाती है.
- म्यूचुअल फंड में आपका पैसा कई कंपनियों और सेक्टरों में निवेश होता है.
- प्रॉपर्टी बेचने में कई हफ्ते या महीने लग सकते हैं, खासकर जब बाजार कमजोर हो.
- म्यूचुअल फंड से पैसा कभी भी निकाला जा सकता है.
- प्रॉपर्टी खरीदने के लिए बड़ी रकम की जरूरत पड़ती है.
- म्यूचुअल फंड में छोटा- छोटा निवेश करना पड़ता है.
किसमें है ज्यादा फायदा?
इस सवाल का जवाब तो कोई भी सटीक नहीं दे सकता है. क्योंकि अच्छी लोकेशन पर खरीदी गई प्रॉपर्टी समय के साथ शानदार रिटर्न और किराये की आय दे सकती है. लेकिन कई बार प्रॉपर्टी की कीमत लंबे समय तक नहीं बढ़ती.
म्यूचुअल फंड में भी बाजार गिरने का जोखिम रहता है. लेकिन जो निवेशक लंबे समय तक SIP जारी रखते हैं, उन्हें कंपाउंडिंग का फायदा मिलता है, जिससे समय के साथ अच्छी संपत्ति बनाई जा सकती है.
ऐसे में जिसमें भी आपको निवेश करना हो उसे अपनी सूझबूझ और समझ के साथ निवेश करें.

























