Toll Plaza पर गलत Lane में घुसे तो कट सकता है Challan, जानें नियम
टोल प्लाजा पर गलत लेन में गाड़ी घुसाने या बिना एक्टिव FASTag के प्रवेश करने पर लगेगा दोगुना जुर्माना. जानिए NHAI के सख्त नियम और चालान से बचने के आसान उपाय.

हमारे देश में लोग हाईवे और एक्सप्रेसवे पर निकल तो जाते हैं लेकिन कुछ लोगों को टोल प्लाजा के नियमों के बारें में पूरी तरह से पता नहीं होता है. जिसके चलते उन्हें अक्सर सफर में दिक्कत आती है. वहीं, ऐसा भी देखा जाता है कि, लोग कभी-कभी जल्दीबाजी में गलत लेन में अपनी गाड़ी घुसा देते हैं या बिना एक्टिव FASTag के डेडिकेटेड लेन में चले जाते हैं. अगर आप भी ऐसी गलती करते हैं तो सावधान हो जाइए.
क्योंकि, भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण के नियमों के अनुसार अगर आप गलत लेन में प्रवेश करते हैं या नियम तोड़ते हैं तो आपके ऊपर जुर्माना लगाया जा सकता है. इस बात का ध्यान दें कि, गलत लेन का इस्तेमाल करने से अन्य यात्रियों को परेशानी होती है. इसलिए हमेशा सफर पर निकलने से पहले आपको टोल प्लाजा से जुड़े सही लेन और चालान के नियमों की पूरी जानकारी होना आवश्यक है. तो चलिए इस खबर में जानतें हैं कि, नियम क्या है कितने का चालान कट सकता है.
गलत लेन में घुसने पर जुर्माना
बता दें कि, राष्ट्रीय राजमार्ग नियमों के अनुसार सभी टोल प्लाजा पर FASTag वाहनों के लिए लेन तय की गई हैं. यदि कोई वाहन चालक बिना वैध या एक्टिव फास्टैग के फास्टैग लेन में प्रवेश करता है तो उसे उस केटेगरी के वाहन के लिए निर्धारित सामान्य टोल टैक्स का दोगुना भुगतान करना पड़ता है.
वहीं, इसके अलावा यदि कोई भारी वाहन जैसे ट्रक या बस हल्के वाहनों की लेन में घुसता है तो भी ट्रैफिक में बाधा डालने के अपराध में भारी जुर्माना और ट्रैफिक पुलिस द्वारा चालान काटा जा सकता है. इस लिए हमेशा टोल से गुजरने से पहले पूरी जानकारी जान लें.

AI Generated Image
यह भी पढ़ें: Petrol Bike-Scooter की बढ़ी टेंशन, EV बिक्री में बड़ा उछाल
ब्लैकलिस्टेड फास्टैग पर भी है जुर्माना
आपको यह भी बता दें कि, केवल फास्टैग का शीशे पर लगा होना ही काफी नहीं होता है बल्कि उसमें हमेशा पर्याप्त बैलेंस होना भी उतना ही जरूरी है. यदि आपकी गाड़ी फास्टैग लेन में जाती है और आपके अकाउंट में उतने बैलेंस नहीं है या आपका टैग डिएक्टिवेट या ब्लैकलिस्टेड है तो इसे बिना फास्टैग वाली गाड़ी ही माना जाएगा.
क्योंकि, ऐसी स्थिति में स्कैनिंग सेंसर के पास से गुजरने पर टोल बैरियर नहीं खुलेगा और आपको पेनल्टी के रूप में दोगुना शुल्क जमा करना होगा. बार-बार ऐसा करने पर वाहन चालक के खिलाफ ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन का मामला दर्ज हो सकता है और उसके ऊपर कार्यवाही की जा सकती है.

AI Generated Image
हमेशा चुनें सही लेन
आप जब भी टोल प्लाजा पर पहुंचने वाले होते हैं तो कम से कम 100 से 200 मीटर पहले ही साइन बोर्ड लगाए जाते हैं. इन बोर्ड्स पर साफ लिखा होता है कि कौन सी लेन कार, बस, ओवरसाइज़्ड व्हीकल या एक्सप्रेस लेन के लिए है.
वहीं, आधुनिक टोल प्लाजा पर लगे हाई-डेफिनिश सेंसर और कैमरे वाहन के आकार और श्रेणी को स्वचालित रूप से पहचान लेते हैं. गलत लेन में जाने पर सिस्टम तुरंत अलर्ट जारी कर देता है जिससे टोल कर्मचारी आपकी गाड़ी को रोक सकते हैं या डिजिटल चालान जारी कर दिया जाता है.
क्या है बचने के उपाय?
बता दें कि, टोल प्लाजा पर बिना किसी रुकावट और अतिरिक्त खर्च के निकलने के लिए कुछ बेसिक नियमों का ध्यान रखें. सबसे पहले अपनी विंडस्क्रीन पर फास्टैग को सही जगह चिपकाएं. हमेशा सफर शुरू करने से पहले डिजिटल वॉलेट या बैंक ऐप से FASTag का बैलेंस जरूर चेक कर लें.
जबकि टोल प्लाजा के नजदीक पहुंचते ही अपनी गाड़ी की रफ्तार धीमी करें और ऊपर लगे इंडिकेटर बोर्ड को देखकर अपनी श्रेणी वाली लेन में ही गाड़ी चलाएं. अगर आप इन नियमों का पालन करते हैं तो आपको टोल पर कभी भी कोई दिक्कत नहीं आएगी.
यह भी पढ़ें:























