तेज धूप से क्या सूख गई कार के वाइपर की रबड़? 5 रुपये की यह चीज लगा देंगे तो बनेगा काम
Car Wiper: तेज धूप में कार के वाइपर की रबड़ सूख गई है तो 5 रुपये की वैसलीन बड़ा काम कर सकती है. सही तरीके से लगाने पर वाइपर फिर से स्मूद चल सकते हैं और कांच बेहतर साफ कर सकते हैं.

Car Wiper: गर्मी का असर सिर्फ इंसानों पर नहीं, आपकी कार पर भी तेजी से दिखने लगता है. सबसे ज्यादा परेशानी तब होती है जब कार के वाइपर अचानक कांच पर आवाज करने लगते हैं, सही से पानी साफ नहीं करते या उनकी रबड़ सूखी और हार्ड महसूस होने लगती है. तेज धूप और लगातार गर्मी की वजह से वाइपर ब्लेड की रबड़ जल्दी खराब होने लगती है. कई लोग तुरंत नए वाइपर खरीद लेते हैं, जबकि कई बार छोटी सी ट्रिक से भी काम बन सकता है.
खास बात यह है कि इसके लिए आपको महंगे प्रोडक्ट की जरूरत नहीं पड़ेगी. सिर्फ 5 रुपये की वैसलीन आपकी इस समस्या को काफी हद तक कम कर सकती है. सही तरीके से इस्तेमाल करने पर वाइपर की रबड़ फिर से थोड़ी सॉफ्ट हो जाती है और विंडशील्ड पर स्मूद तरीके से चलने लगती है. हालांकि यह हमेशा के लिए इलाज नहीं है, लेकिन कुछ समय तक अच्छा रिजल्ट जरूर मिल सकता है.
वैसलीन लगाने से कैसे मिलता है फायदा?
कार एक्सपर्ट्स के मुताबिक धूप में खड़ी रहने वाली कारों के वाइपर सबसे पहले ड्राई होने लगते हैं. रबड़ में क्रैक आने लगते हैं और वह कांच पर ठीक से ग्रिप नहीं बना पाती. ऐसे में थोड़ी सी वैसलीन वाइपर रबड़ पर लगाने से उसकी सतह थोड़ी मुलायम हो जाती है. इसके लिए पहले माइक्रोफाइबर कपड़े से वाइपर को साफ करें ताकि धूल और गंदगी हट जाए. इसके बाद बहुत कम मात्रा में वैसलीन उंगली या कपड़े की मदद से रबड़ पर लगाएं. ध्यान रहे ज्यादा वैसलीन लगाने से कांच पर दाग आ सकते हैं. कुछ मिनट बाद सूखे कपड़े से एक्स्ट्रा वैसलीन हटा दें.
इसके बाद वाइपर को चलाकर चेक करें. अगर रबड़ ज्यादा खराब नहीं हुई होगी तो मूवमेंट पहले से बेहतर महसूस हो सकती है. यह तरीका खास तौर पर उन लोगों के लिए काम का है जिनकी कार लंबे समय तक धूप में पार्क रहती है.
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कब बदल देना चाहिए वाइपर?
अगर वाइपर चलाने पर कांच पर लाइनें बन रही हैं, आवाज आ रही है या रबड़ फट चुकी है तो सिर्फ वैसलीन लगाने से फायदा नहीं होगा. ऐसी स्थिति में नया वाइपर लगवाना ही बेहतर रहेगा. आम तौर पर 1 से 2 साल में वाइपर बदल देना चाहिए, खासकर तब जब कार ज्यादा गर्म इलाके में इस्तेमाल होती हो. एक्सपर्ट्स यह भी सलाह देते हैं कि कार को सीधे धूप में लंबे समय तक पार्क करने से बचाएं.
अगर संभव हो तो सनशेड का इस्तेमाल करें या कार कवर लगाएं. इससे वाइपर के साथ डैशबोर्ड और इंटीरियर भी सुरक्षित रहते हैं. बारिश शुरू होने से पहले वाइपर की कंडीशन जरूर चेक कर लें, क्योंकि खराब वाइपर ड्राइविंग को रिस्की बना सकते हैं. छोटी सी देखभाल आपकी विजिबिलिटी और सेफ्टी दोनों को बेहतर बनाए रखती है.
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Source: IOCL
























