एक्सप्लोरर

Google पर 15 सितंबर भी खोज रहे लोग, आखिर गणेश चतुर्थी 14 को है या 15 को?

Ganesh Chaturthi 2026 Date: गणेश चतुर्थी 2026 की तारीख को लेकर भ्रम है. जानें गणपति स्थापना 14 या 15 सितंबर को होगी, चतुर्थी तिथि और पूजा का सही मुहूर्त.

Ganesh Chaturthi 2026 Date: गणेश चतुर्थी नजदीक आते ही गूगल पर इसकी सही तारीख को लेकर खोज बढ़ गई है. कोई 14 सितंबर बता रहा है तो कुछ वेबसाइट और ऑनलाइन कैलेंडर में 15 सितंबर लिखा दिखाई दे रहा है.

इससे सबसे बड़ा सवाल यही है कि गणपति की स्थापना सोमवार को की जाए या मंगलवार को. पंचांग की गणना समझें तो इस भ्रम का जवाब साफ है, साल 2026 में गणेश चतुर्थी 14 सितंबर, सोमवार को मनाई जाएगी.

15 सितंबर को लेकर भ्रम क्यों?

पंचांग के अनुसार भाद्रपद शुक्ल पक्ष की चतुर्थी तिथि 14 सितंबर को सुबह 7:06 बजे शुरू होगी और 15 सितंबर को सुबह 7:44 बजे समाप्त होगी. यानी चतुर्थी तिथि अंग्रेजी कैलेंडर की दोनों तारीखों में मौजूद रहेगी.

यह भी पढ़ें- पंडित नहीं मिल रहे? वीडियो कॉल पर गणपति स्थापना का ये नियम जान लें

यह भी पढ़ें- Ganesh Visarjan 2026: 14 सितंबर को बप्पा की स्थापना, डेढ़ दिन वाले गणपति का विसर्जन किस दिन होगा?

यही कारण है कि केवल चतुर्थी की समाप्ति का समय देखने वाले लोग 15 सितंबर को भी गणेश चतुर्थी मान रहे हैं. कुछ विदेशी वेबसाइट और डिजिटल कैलेंडर भी पर्व की तारीख 15 सितंबर दिखा रहे हैं. इसी वजह से गूगल पर Ganesh Chaturthi 2026 September 15 जैसी खोज दिखाई दे रही है.

लेकिन किसी पर्व की तारीख केवल यह देखकर तय नहीं होती कि तिथि किस अंग्रेजी तारीख तक मौजूद है. उस पर्व से जुड़े पूजा काल को भी देखा जाता है.

गणेश चतुर्थी 14 सितंबर को ही क्यों?

गणपति की स्थापना और मुख्य पूजा के लिए मध्याह्न काल को विशेष माना जाता है. 14 सितंबर को चतुर्थी तिथि सुबह 7:06 बजे शुरू होने के बाद पूरे मध्याह्न काल में मौजूद रहेगी. वहीं 15 सितंबर को यह तिथि सुबह 7:44 बजे ही समाप्त हो जाएगी. उस दिन मध्याह्न आने से काफी पहले चतुर्थी समाप्त हो चुकी होगी.

इसलिए मध्याह्नव्यापिनी चतुर्थी का नियम 14 सितंबर के पक्ष में जाता है. इसी आधार पर गणेश चतुर्थी और गणेशोत्सव की शुरुआत सोमवार, 14 सितंबर को मानी गई है.

गणपति स्थापना का शुभ मुहूर्त

नई दिल्ली के लिए गणपति स्थापना और मध्याह्न पूजा का शुभ समय 14 सितंबर को सुबह 11:02 बजे से दोपहर 1:31 बजे तक रहेगा. पूजा के लिए करीब 2 घंटे 28 मिनट का समय मिलेगा.

शहर बदलने के साथ सूर्योदय और मध्याह्न काल भी बदलता है. इसलिए मुंबई, पुणे, भोपाल, जयपुर, लखनऊ या किसी अन्य शहर में रहने वाले लोग अपने स्थान का पंचांग देखकर मुहूर्त तय करें. देशभर में मुख्य पर्व की तारीख 14 सितंबर ही रहेगी, लेकिन पूजा के समय में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है.

क्या 15 सितंबर को गणपति स्थापना कर सकते हैं?

गणेश चतुर्थी की मुख्य स्थापना 14 सितंबर को करना उचित रहेगा. 15 सितंबर को सुबह 7:44 बजे तक चतुर्थी तिथि जरूर रहेगी, लेकिन गणेश पूजा के लिए मान्य मध्याह्न काल उस दिन चतुर्थी में नहीं मिलेगा.

अगर बीमारी, यात्रा या किसी आपात स्थिति के कारण 14 सितंबर को पूजा संभव न हो तो अपनी पारिवारिक परंपरा और स्थानीय पुरोहित की सलाह लेना बेहतर होगा. केवल इंटरनेट कैलेंडर में 15 सितंबर की तारीख देखकर मुख्य स्थापना अगले दिन के लिए टालना सही नहीं होगा.

14 सितंबर को हरतालिका तीज भी

इस बार तारीख को लेकर भ्रम बढ़ने का एक कारण हरतालिका तीज भी है. तृतीया तिथि 13 सितंबर को शुरू होकर 14 सितंबर सुबह 7:06 बजे तक रहेगी. इसके तुरंत बाद चतुर्थी आरंभ हो जाएगी. इस कारण 14 सितंबर को सुबह हरतालिका तीज का व्रत और इसके बाद गणपति स्थापना की जाएगी.

दोनों पर्व एक ही अंग्रेजी तारीख पर हैं, लेकिन इनकी तिथियां और पूजा के समय अलग हैं. इसलिए हरतालिका पूजन और गणपति स्थापना को एक-दूसरे का विकल्प नहीं समझना चाहिए.

चंद्र दर्शन से कब बचें?

गणेश चतुर्थी पर चंद्र दर्शन से बचने की धार्मिक मान्यता है. नई दिल्ली के पंचांग के अनुसार 14 सितंबर को सुबह लगभग 9:06 बजे से रात 8:04 बजे तक चंद्र दर्शन से बचने का समय बताया गया है. स्थान के अनुसार इसमें बदलाव संभव है.

तारीख नोट कर लें

  • गणेश चतुर्थी: 14 सितंबर 2026, सोमवार
  • चतुर्थी आरंभ: 14 सितंबर, सुबह 7:06 बजे
  • चतुर्थी समाप्त: 15 सितंबर, सुबह 7:44 बजे
  • दिल्ली में पूजा मुहूर्त: सुबह 11:02 से दोपहर 1:31 बजे
  • मुख्य गणेश विसर्जन: 25 सितंबर 2026

इसलिए गूगल या किसी ऑनलाइन कैलेंडर में 15 सितंबर दिखाई देने पर भ्रमित न हों. चतुर्थी अगले दिन सुबह तक जरूर रहेगी, लेकिन बप्पा के स्वागत, स्थापना और गणेशोत्सव की शुरुआत की सही तारीख 14 सितंबर 2026 है. तारीख दो दिख सकती हैं, लेकिन गणपति स्थापना का दिन एक ही है.

Disclaimer: यहां मुहैया सूचना सिर्फ मान्यताओं और जानकारियों पर आधारित है. यहां यह बताना जरूरी है कि ABPLive.com किसी भी तरह की मान्यता, जानकारी की पुष्टि नहीं करता है. किसी भी जानकारी या मान्यता को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह लें.

हृदेश कुमार सिंह । Hirdesh Kumar Singh 

Senior Vedic Astrologer । Head – Religion & Astrology, ABP Live । Lead – ABP Dharma LIVE

हृदेश कुमार सिंह वरिष्ठ वैदिक ज्योतिषाचार्य और मीडिया पेशेवर हैं. उन्हें ज्योतिष, धर्म और मीडिया के क्षेत्र में 17 साल से अधिक का अनुभव है. वर्तमान में वे ABP Live में Religion & Astrology वर्टिकल का नेतृत्व करते हैं. साथ ही ABP Dharma LIVE की कंटेंट और डिजिटल रणनीति की जिम्मेदारी संभालते हैं.

उनके काम में ज्योतिषीय लेखन, संपादन, वेबसाइट और वीडियो के लिए विषय चयन तथा संपादकीय योजना शामिल है. वे Search, Google Discover और सोशल मीडिया पर पाठकों की रुचि को ध्यान में रखकर धर्म और ज्योतिष की कवरेज तय करते हैं.

पंचांग, राशिफल, ग्रह गोचर, व्रत-त्योहार और धार्मिक परंपराएं उनके लेखन के प्रमुख विषय हैं. वे करियर, विवाह, शिक्षा और व्यापार से जुड़े सवालों पर भी लिखते हैं. राजनीति और सामाजिक घटनाओं पर उनके ज्योतिषीय विश्लेषण वैदिक गणना, गोचर और मेदिनी ज्योतिष पर आधारित होते हैं. इनमें ग्रह स्थितियों को संभावित संकेतों के रूप में प्रस्तुत किया जाता है.

उन्होंने Indian Institute of Mass Communication (IIMC), नई दिल्ली से पत्रकारिता और IIMT University, मेरठ से ज्योतिष शास्त्र एवं वास्तु शास्त्र की शिक्षा ग्रहण की है. वे AstroSage और Astrotalk जैसे प्लेटफॉर्म के साथ भी काम कर चुके हैं. उन्होंने Semrush Academy से 'Content Marketing Essentials for SEO and AI Search with Semrush' सर्टिफिकेशन प्राप्त किया है.

नई पीढ़ी के पाठकों के लिए उन्होंने 'Gen-Z Horoscope' जैसे प्रारूप पर काम किया है. इसमें पढ़ाई, नौकरी, रिश्तों और रोजमर्रा के फैसलों से जुड़े सवालों को राशिफल में जगह दी गई है. उनके लेख धार्मिक परंपराओं से जुड़े उन प्रश्नों पर भी केंद्रित होते हैं, जो बदलती जीवनशैली में सामने आते हैं.

वैदिक ज्योतिष, होरा शास्त्र, संहिता, मेदिनी ज्योतिष, अंक ज्योतिष, शकुन शास्त्र और वास्तु उनके अध्ययन एवं लेखन के विषय हैं. उनका मानना है, 'ज्योतिष केवल भविष्य बताने की विद्या नहीं, बल्कि समय को समझने की कला है.'

ज्योतिष और मीडिया के अलावा उन्हें सिनेमा, संगीत, साहित्य, राजनीति, पर्यावरण, ग्रामीण जीवन और यात्राओं में विशेष रुचि है.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

बुध वक्री 2026: 24 अक्टूबर से बदलेगी चाल, इन 5 राशियों को किन मामलों में बरतनी होगी सावधानी?
बुध वक्री होने पर क्या हर काम बिगड़ता है? जानें 5 राशियों पर असर
Aaj Ka Kanya Rashifal 23 October 2026: कन्या राशि वालों को करियर और बिजनेस में मिलेगी बड़ी सफलता, जानें कैसा रहेगा दिन
Aaj Ka Kanya Rashifal 23 October 2026: कन्या राशि वालों को करियर और बिजनेस में मिलेगी बड़ी सफलता, जानें कैसा रहेगा दिन
Aaj Ka Singh Rashifal 23 October 2026: सिंह राशि वालों की नई जॉब और बिजनेस में होगी बल्ले-बल्ले, ध्रुव योग कराएगा तगड़ा धन लाभ!
Aaj Ka Singh Rashifal 23 October 2026: सिंह राशि वालों की नई जॉब और बिजनेस में होगी बल्ले-बल्ले, ध्रुव योग कराएगा तगड़ा धन लाभ!
Aaj Ka Kark Rashifal 23 October 2026: कर्क राशि वालों के अटके हुए काम होंगे पूरे, जानें कैसा रहेगा दिन
Aaj Ka Kark Rashifal 23 October 2026: कर्क राशि वालों के अटके हुए काम होंगे पूरे, जानें कैसा रहेगा दिन
Advertisement

वीडियोज

Sansani: दिलकश डांसर का दुश्मन दारोगा !
Regime Change की साजिश, International खुलासा!
आजम परिवार से अखिलेश यादव क्या हुई बात ?
वोट का गड़बड़झाला और विदेशी टूलकिट! विश्लेषकों का सटीक विश्लेषण
रेहान वाड्रा के साथ क्या हुआ?
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
'न सिस्टर को पता है और न...', राहुल गांधी-प्रियंका गांधी पर BJP का बड़ा हमला
'न सिस्टर को पता है और न...', राहुल गांधी-प्रियंका गांधी पर BJP का बड़ा हमला
पंजाब में बीजेपी-शिअद का अलायंस पक्का? सुखबीर बादल के बयान से मिले संकेत
पंजाब में बीजेपी-शिअद का अलायंस पक्का? सुखबीर बादल के बयान से मिले संकेत
जेल से रिहाई के बाद CJP नेताओं की बढ़ीं मुश्किलें, आज SEM कोर्ट में पेशी
जेल से रिहाई के बाद CJP नेताओं की बढ़ीं मुश्किलें, आज SEM कोर्ट में पेशी
'आप जैसी कोई और नहीं...', मां पिंकी रोशन के बर्थडे पर ऋतिक रोशन ने लुटाया प्यार, देखें फोटोज
'आप जैसी कोई और नहीं...', मां पिंकी रोशन के बर्थडे पर ऋतिक रोशन ने लुटाया प्यार
साउथ अफ्रीका की जीत से WTC पॉइंट्स टेबल में ऑस्ट्रेलिया को नुकसान, जानें कहां है भारत
साउथ अफ्रीका की जीत से WTC पॉइंट्स टेबल में ऑस्ट्रेलिया को नुकसान, जानें कहां है भारत
'पाकिस्तान ने करगिल में मारे गए अपने सैनिकों के शव...' UN में भारत ने लगाई लताड़
'पाकिस्तान ने करगिल में मारे गए अपने सैनिकों के शव...' UN में भारत ने लगाई लताड़
बिहार MLC चुनाव: पुलिस हिरासत में छोटू सिंह, PK के कैंडिडेट के हैं समर्थक
बिहार MLC चुनाव: पुलिस हिरासत में छोटू सिंह, PK के कैंडिडेट के हैं समर्थक
हलवा पराठा खा लो गाइज... पैर से गूंथा जा रहा था आटा, वायरल हुआ वीडियो
हलवा पराठा खा लो गाइज... पैर से गूंथा जा रहा था आटा, वायरल हुआ वीडियो
Embed widget