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जयपुर में होने जा रहा है राजस्थान ग्लोबल एग्रीटेक मीट, जानिए किसानों को क्या होगा फायदा

Rajasthan Global Agritech Meet: जयपुर में राजस्थान ग्लोबल एग्रीटेक मीट 2026 का बड़ा आयोजन होने जा रहा है. इस इवेंट से किसानों की इनकम बढ़ने और खेती को स्मार्ट बनाने में काफी मदद मिलेगी.

Rajasthan Global Agritech Meet: राजस्थान की राजधानी जयपुर एक बार फिर बड़े बदलाव का गवाह बनने जा रही है. क्योंकि यहां राजस्थान ग्लोबल एग्रीटेक मीट 2026 का शानदार आयोजन होने वाला है. इस इवेंट में दुनिया भर की नई टेक्नोलॉजी और खेती के एक्सपर्ट्स एक ही छत के नीचे जुटेंगे. इस मीट के जरिए राजस्थान की खेती को ग्लोबल पहचान दिलाने की कोशिश की जा रही है.

और यह दिखाने की तैयारी है कि हमारा किसान अब नई तकनीक के साथ कदम से कदम मिलाकर चलने को पूरी तरह तैयार है. जयपुर में होने वाला यह समागम आने वाले वक्त में प्रदेश की ग्रामीण अर्थव्यवस्था की तस्वीर बदलने वाला एक मील का पत्थर साबित हो सकता है. जानें इससे किसानों को क्या फायदे होंगे.

ग्लोबल एग्रीटेक मीट में दिखेंगी ये चीजें

इस ग्लोबल एग्रीटेक मीट आधुनिक मशीनें और टूल्स नजर आएंगे. जो खेती को आसान और किफायती बना सकते हैं. प्रोग्राम में किसानों को ऐसे ड्रोन और स्मार्ट सिंचाई सिस्टम के बारे में बताया जाएगा जो कम पानी और कम लागत में ज्यादा पैदावार देने में सक्षम हैं. अक्सर हमारे किसान जानकारी की कमी की वजह से पुरानी तकनीकों पर ही निर्भर रहते हैं. लेकिन इस मीट में उन्हें लाइव डेमो के जरिए यह देखने को मिलेगा कि कैसे आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और डेटा की मदद से वह अपनी मिट्टी की सेहत सुधार सकते हैं.

एक्सपर्ट्स यहां यह समझाएंगे कि खेती अब सिर्फ हल और बैल तक सीमित नहीं रही बल्कि यह एक हाई-टेक बिजनेस बन चुकी है जिसे सही टूल्स के साथ काफी मुनाफे वाला बनाया जा सकता है. किसानों के लिए यह एक ऐसा मौका होगा जहां वे सीधे उन कंपनियों से जुड़ सकेंगे जो एग्री-टेक में लीडर हैं और नई मशीनरी को अपने खेतों तक पहुँचाने का रास्ता साफ करेंगे.

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किसानों को होंगे ये फायदे

इस इवेंट में सिर्फ भाषण नहीं होंगे बल्कि देश-विदेश के एग्रीकल्चर एक्सपर्ट्स किसानों के साथ डायरेक्ट संवाद करेंगे. किसानों को यह जानने को मिलेगा कि वे अपनी फसल को सिर्फ लोकल मंडियों तक सीमित न रखकर कैसे ग्लोबल मार्केट में एक्सपोर्ट कर सकते हैं और अपनी ब्रांडिंग कैसे कर सकते हैं. मीट में फूड प्रोसेसिंग और वैल्यू एडिशन पर काफी जोर दिया जाएगा. जिससे किसान अपनी कच्ची फसल बेचने के बजाय उसके प्रोडक्ट्स बनाकर ज्यादा कमाई कर सकें.

सरकार का फोकस ऐसे स्टार्ट-अप्स को बढ़ावा देने पर भी है जो सीधे किसानों से माल खरीदकर उन्हें बेहतर दाम दिला सकें और बीच के बिचौलियों को खत्म कर सकें. यहाँ होने वाली वर्कशॉप्स में किसानों को ऑर्गेनिक फार्मिंग और बागवानी के उन नए तरीकों की ट्रेनिंग दी जाएगी जिनकी डिमांड आज पूरी दुनिया में बहुत ज्यादा है.

सरकारी योजनाओं की जानकारी 

ग्लोबल एग्रीटेक मीट में राजस्थान सरकार किसानों के लिए अपनी नई नीतियों और सब्सिडी स्कीम्स का रोडमैप भी पेश करने वाली है. जिससे उन्हें आर्थिक मदद मिलने में कोई दिक्कत न आए. इवेंट के दौरान कई बड़े एमओयू (MOU) साइन होने की उम्मीद है. जो आने वाले समय में प्रदेश में एग्री-इंफ्रास्ट्रक्चर और कोल्ड स्टोरेज जैसी सुविधाओं का जाल बिछा देंगे.

सरकार का लक्ष्य है कि इस मीट के जरिए किसानों को डिजिटल प्लेटफॉर्म्स से जोड़ा जाए.जिससे उन्हें मौसम से लेकर मंडी के भाव तक की हर जानकारी पल भर में उनके मोबाइल पर मिल सके. अगर किसान इन नई जानकारियों और टेक्नोलॉजी को अपनाते हैं. तो आने वाले सालों में उन्ेंह बहुत फायदा हो सकता है.

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About the author नीलेश ओझा

नीलेश ओझा पिछले पांच साल से डिजिटल पत्रकारिता में सक्रिय हैं. उनकी लेखन शैली में तथ्यों की सटीकता और इंसानी नजरिए की गहराई दोनों साथ-साथ चलती हैं.पत्रकारिता उनके लिए महज़ खबरें इकट्ठा करने या तेजी से लिखने का काम नहीं है. वह मानते हैं कि हर स्टोरी के पीछे एक सोच होनी चाहिए.  

कुछ ऐसा जो पाठक को सिर्फ जानकारी न दे बल्कि सोचने के लिए भी मजबूर करे. यही वजह है कि उनकी स्टोरीज़ में भाषा साफ़ होती है.लिखने-पढ़ने का शौक बचपन से रहा है. स्कूल की नोटबुक से शुरू हुआ यह सफर धीरे-धीरे पेशेवर लेखन और पत्रकारिता तक पहुंचा. आज भी उनके लिए लेखन सिर्फ पेशा नहीं है यह खुद को समझने और दुनिया से संवाद करने का ज़रिया है.

पत्रकारिता के अलावा वह साहित्य और समकालीन शायरी से भी गहराई से जुड़े हुए हैं. कभी भीड़ में तो कभी अकेले में ख्यालों को शायरी की शक्ल देते रहते हैं. उनका मानना है कि पत्रकारिता का काम सिर्फ घटनाएं गिनाना नहीं है. बल्कि पाठक को उस तस्वीर के उन हिस्सों तक ले जाना है. जो अक्सर नजरों से छूट जाते हैं.

उन्होंने स्पोर्ट्सविकी, क्रिकेट एडिक्टर, इनशॉर्ट्स और जी हिंदुस्तान जैसे प्रमुख प्लेटफॉर्म्स के साथ काम किया है.

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