अपने फार्म हाउस पर कैसे करें अंडा फार्मिंग, कितना आएगा खर्च?
Egg Farming Tips: फार्म हाउस की खाली जमीन से तगड़ा मुनाफा कमाने के लिए एग फार्मिंग शुरू की जा सकती है. जानें इसके सेटअप और इसमें लगने वाले कुल खर्चा कितना होगा.

Egg Farming Tips: फार्म हाउस पर खाली जगह है तो वहां अंडा फार्मिंग शुरू करके कमाई का नया जरिया बनाया जा सकता है. इसके लिए बहुत बड़े लेवल से शुरुआत करना जरूरी नहीं है. कम मुर्गियों से काम शुरू करके धीरे-धीरे फार्म का साइज बढ़ाया जा सकता है. अंडे की रोजाना मांग बनी रहती है इसलिए लोकल मार्केट में इसके लिए आपको ग्राहक आसानी से मिल सकते हैं. आसपास की किराना दुकानों, होटल, ढाबों, बेकरी और घरों तक सीधे अंडे पहुंचाकर बिक्री की जा सकती है.
हालांकि इस काम में मुनाफे के लिए सिर्फ मुर्गियां पालना काफी नहीं है. आपको शेड की व्यवस्था, मुर्गियों की नस्ल, दाना, पानी, साफ-सफाई और बीमारी से बचाव पर लगातार ध्यान देना पड़ता है. सही मैनेजमेंट के साथ अंडा फार्मिंग को छोटे कारोबार से अच्छे बिजनेस में बदला जा सकता है. शुरुआत से पहले खर्च और बिक्री का पूरा हिसाब समझना भी जरूरी है जिसस कारोबार शुरू करने के बाद बजट बिगड़ने की स्थिति न बने.
कैसे करें इसकी शुरूआत?
एग फार्मिंग को लेयर फार्मिंग भी कहा जाता है जिसमें सिर्फ अंडे देने वाली मुर्गियां पाली जाती हैं. फार्म हाउस के लिए आप दो तरीके अपना सकते हैं कमर्शियल केज सिस्टम और फ्री-रेंज मॉडल. अगर आप कमर्शियल लेवल पर जाना चाहते हैं. तो BV-300 जैसी हाइब्रिड नस्ल बेस्ट मानी जाती है. जो साल में 300 से ज्यादा अंडे देती है. वहीं प्रीमियम क्वालिटी के लिए देसी नस्लें जैसे कड़कनाथ और 'RIR बेहतर ऑप्शन हैं.
इंफ्रास्ट्रक्चर की बात करें तो 1000 मुर्गियों के लिए लगभग 1200 से 1500 वर्ग फीट शेड एरिया की जरूरत होती है. शेड ऐसा हो जहां सीधी धूप न लगे, हवा का वेंटिलेशन अच्छा हो और बारिश का पानी अंदर न आए. शेड में पानी के लिए ऑटोमैटिक ड्रिंकर और दाने के लिए फीडर लगाना बेहद जरूरी है. इसके साथ ही बीमारियों से बचाव के लिए बायो-सिक्योरिटी और प्रॉपर वैक्सीनेशन करवाना भी जरूरी है.

कितना आएगा खर्चा?
जब कोई भी काम शुरू किया जाता है तो पहले उसे में आने वाला खर्चा कैलकुलेट करना बहुत जरूरी होता है. अंडा फार्मिंग में बात करें तो अगर आप 1000 मुर्गियों के लेयर सेटअप से शुरुआत कर रहे हैं. तो खर्च को दो हिस्सों में बांटना होगा. पहला है वन-टाइम फिक्स्ड कॉस्ट जिसमें शेड बनाना, केज सिस्टम और फीडिंग इक्विपमेंट्स आते हैं. फार्म हाउस पर बेसिक शेड और सेटअप तैयार करने में करीब 2.5 से 3 लाख रुपये का खर्च आता है.
दूसरा है ऑपरेशनल कॉस्ट, जिसमें चूजे, फीड, मेडिसिन और लेबर शामिल हैं. 1000 लेयर चूजों की खरीद पर लगभग 40000 से 50000 रुपये लगते हैं. मुर्गियों के 18-20 हफ्ते के होने तक अंडा देना शुरू करने से पहले उनके दाने और दवाइयों पर करीब 1.5 से 2 लाख रुपये खर्च होते हैं. कुल मिलाकर 1000 चूजों का से शुरू करने के लिए लगभग 4.5 से 5.5 लाख रुपये का शुरुआती बजट हाथ में लेकर चलना होगा.

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कितनी होगी कमाई?
लेयर मुर्गियां 18 से 20 हफ्ते की उम्र में अंडे देना शुरू करती हैं और अगले 72 से 80 हफ्तों तक प्रोडक्शन देती रहती हैं. 1000 मुर्गियों से पीक सीजन में रोजाना लगभग 850 से 900 अंडे मिलते हैं. अगर होलसेल में एक अंडा 5 से 6 रुपये में बिकता है. तो डेली की सेल करीब 4500 से 5400 रुपये बनती है. इसमें से रोजाना के दाने और मेंटेनेंस का खर्च जो कि लगभग 65-70% होगा उसे निकालने के बाद भी हर महीने 35000 से 45000 रुपये का प्रॉफिट आसानी से बचता है.
अगर आप अपने फार्म हाउस के अंडों को फार्म-फ्रेश और फ्री-रेंज ऑर्गेनिक एग्स के तौर पर ब्रांड करते हैं, तो इन्हें लोकल सुपरमार्केट्स, कैफे और डायरेक्ट कस्टमर्स को 10 से 15 रुपये प्रति अंडे के अच्छे रेट पर भी बेच सकते हैं. डायरेक्ट सेलिंग से आपका प्रॉफिट मार्जिन दोगुना हो जाता है और इंवेस्टमेंट की रिकवरी 14 से 18 महीनों में पूरी हो जाती है. इसलिए काम शुरू करने से पहले कमाई और खर्च दोनों का हिसाब जरूर समझ लें.
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