एक्सप्लोरर

वैज्ञानिकों ने किया चौंकाने वाला कारनामा! अब दिमाग से चलेंगे कंप्यूटर, जानिए क्या है टेक्नोलॉजी

यह सुनने में किसी साइंस-फिक्शन फिल्म जैसा लगता है लेकिन अब यह हकीकत बनता जा रहा है. दुनिया के कुछ चुनिंदा वैज्ञानिक ऐसे कंप्यूटर बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं जो Living Cells से चलेंगे.

Brain to Power Computers: यह सुनने में किसी साइंस-फिक्शन फिल्म जैसा लगता है लेकिन अब यह हकीकत बनता जा रहा है. दुनिया के कुछ चुनिंदा वैज्ञानिक ऐसे कंप्यूटर बनाने की दिशा में काम कर रहे हैं जो जीवित कोशिकाओं (Living Cells) से चलेंगे. इसे कहा जाता है बायो कंप्यूटिंग (Biocomputing) की दुनिया.

स्विट्जरलैंड की नई खोज

BBC की रिपोर्ट के अनुसार, स्विट्जरलैंड के कुछ वैज्ञानिकों की एक टीम इस अनोखी तकनीक पर तेजी से काम कर रही है. उनका सपना है कि आने वाले समय में ऐसे डेटा सेंटर्स हों जो जीवित सर्वर (Living Servers) से बने हों जो AI की तरह सीख सकें लेकिन बहुत कम ऊर्जा में काम करें. इस परियोजना का नेतृत्व कर रहे हैं डॉ. फ्रेड जॉर्डन, जो FinalSpark लैब के सह-संस्थापक हैं. उनका मानना है कि यह तकनीक आने वाले समय में कंप्यूटिंग की परिभाषा ही बदल देगी.

क्या है Wetware?

जहां पारंपरिक कंप्यूटर हार्डवेयर और सॉफ्टवेयर पर चलते हैं, वहीं यह नई तकनीक एक बिल्कुल अलग सिद्धांत पर काम करती है, जिसे वैज्ञानिकों ने नाम दिया है Wetware. इस प्रोसेस में मानव त्वचा से प्राप्त स्टेम सेल्स से न्यूरॉन्स (Neurons) विकसित किए जाते हैं जिन्हें बाद में ऑर्गनॉइड्स (Organoids) के रूप में उगाया जाता है. ये छोटे-छोटे न्यूरॉन क्लस्टर्स इलेक्ट्रोड्स से जोड़े जाते हैं ताकि उन्हें मिनी-कंप्यूटर की तरह इस्तेमाल किया जा सके.

FinalSpark की सेलुलर बायोलॉजिस्ट डॉ. फ्लोरा ब्रोज़ी बताती हैं कि ये छोटे-छोटे सफेद गोले असल में मिनी मानव मस्तिष्क हैं जिन्हें स्टेम सेल्स से विकसित किया गया है. ये पूरी तरह जीवित होते हैं हालांकि मानव दिमाग जितने जटिल नहीं.

कई महीनों की प्रक्रिया के बाद जब ये ऑर्गनॉइड्स तैयार हो जाते हैं, तब इन्हें इलेक्ट्रोड्स से जोड़ा जाता है और साधारण कीबोर्ड कमांड्स के जरिए उनकी प्रतिक्रिया जांची जाती है. जब किसी कुंजी को दबाया जाता है तो इलेक्ट्रोड्स के ज़रिए विद्युत संकेत भेजे जाते हैं और अगर प्रयोग सफल होता है तो कंप्यूटर स्क्रीन पर ब्रेन वेव जैसी गतिविधि दिखाई देती है.

सीखने की दिशा में पहला कदम

डॉ. जॉर्डन बताते हैं कि यह तकनीक अभी शुरुआती चरण में है. इन ऑर्गनॉइड्स पर विद्युत उत्तेजना (Electrical Stimulation) देने से यह समझने की कोशिश की जा रही है कि क्या वे सीखने या प्रतिक्रिया देने की क्षमता विकसित कर सकते हैं.

उनके अनुसार, “AI की तरह ही हम इन न्यूरॉन्स को इनपुट और आउटपुट देने का अभ्यास करा रहे हैं जैसे बिल्ली की तस्वीर दिखाकर यह पहचानना कि यह बिल्ली है या नहीं.”

साधारण कंप्यूटर को सिर्फ बिजली की ज़रूरत होती है लेकिन बायो-कंप्यूटर को जीवन बनाए रखने के लिए पोषण चाहिए. इंपीरियल कॉलेज लंदन के प्रोफेसर साइमन शुल्ज़ के अनुसार, “मानव मस्तिष्क में रक्त वाहिकाएं होती हैं जो पोषक तत्व पहुंचाती हैं, लेकिन ऑर्गनॉइड्स में ऐसा तंत्र नहीं है. यही सबसे बड़ी वैज्ञानिक चुनौती है.”

फिलहाल FinalSpark के बनाए मिनी ब्रेन्स चार महीने तक जीवित रह सकते हैं. लेकिन दिलचस्प बात यह है कि मरने से ठीक पहले इनमें अचानक तेज विद्युत गतिविधि दर्ज की जाती है बिल्कुल वैसे ही जैसे इंसानों में मृत्यु से पहले दिल और दिमाग की गति बढ़ जाती है.

यह भी पढ़ें:

कितना तेज चल रहा आपका इंटरनेट? जानिए कैसे करते हैं स्पीड टेस्ट

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

पंखे की स्पीड कम करने से होती है बिजली की बचत? जानें सच्चाई
पंखे की स्पीड कम करने से होती है बिजली की बचत? जानें सच्चाई
iPhone यूजर्स के डेटा पर Apple को झटका, इस देश में बदलेगा नियम
iPhone यूजर्स के डेटा पर Apple को झटका, इस देश में बदलेगा नियम
TV Remote खराब है या बैटरी? मोबाइल कैमरे से ऐसे करें पता
TV Remote खराब है या बैटरी? मोबाइल कैमरे से ऐसे करें पता
Induction पर सिर्फ बर्तन गर्म होता है, चूल्हा क्यों नहीं? जानें टेक्नोलॉजी
Induction पर सिर्फ बर्तन गर्म होता है, चूल्हा क्यों नहीं? जानें टेक्नोलॉजी

वीडियोज

Bollywood News: अपराध और हिंसा के बीच गुड्डू और स्वीटी का अनोखा रोमांस बना हाइलाइट (18.08.26)
Mahadev & Sons: 😱Rajji-Mogra में खूनी जंग! ऐन वक्त पर हीरो स्टाइल में पहुंचे Dheeraj #sbs
Pakistan News: नकलची पाकिस्तान का फ्लॉप शो देखिए! ABPLIVE
Prashant Kishor Oath Ceremony: प्रशांत किशोर ने ली शपथ! विधायक बनते ही किए 4 बड़े ऐलान |ABPLIVE
ChatGPT Viral Video: AI का कमाल! भीड़ में खोई चप्पल, ChatGPT ने ऐसे ढूंढ निकाली, वीडियो चौंका देगा!

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
जेल में इमरान खान से मिलीं नूरीन नियाजी, क्या हुई भाई-बहन की बात?
जेल में इमरान खान से मिलीं नूरीन नियाजी, क्या हुई भाई-बहन की बात?
सत्येंद्र जैन की गिरफ्तारी पर सियासी बवाल, जानें क्या हैं ACB के आरोप
सत्येंद्र जैन की गिरफ्तारी पर सियासी बवाल, जानें क्या हैं ACB के आरोप
ये अकेला खिलाड़ी 9 IPL टीमों के लिए खेला, नाम सुनकर चौंक जाएंगे
ये अकेला खिलाड़ी 9 IPL टीमों के लिए खेला, नाम सुनकर चौंक जाएंगे
सुप्रीम कोर्ट से मंजूरी के बाद 'महाप्रभु जगन्नाथ' की रिलीज डेट हुई कंफर्म, जानें कब सिनेमाघरों में देगी दस्तक
'महाप्रभु जगन्नाथ' की रिलीज डेट हुई कंफर्म, जानें कब सिनेमाघरों में देगी दस्तक
आज आपके शहर में कितने का बिक रहा घरेलू सिलेंडर, कमर्शियल सिलेंडर का भी देखें रेट
LPG Rate Today 19 August: आज आपके शहर में कितने का बिक रहा घरेलू सिलेंडर, कमर्शियल सिलेंडर का भी देखें रेट
भारत में बनेंगे डिफेंस से जुड़े 405 उपकरण, 3070 करोड़ होंगे खर्च
भारत में बनेंगे डिफेंस से जुड़े 405 उपकरण, 3070 करोड़ होंगे खर्च
Teacher Shortage in Delhi Government Schools: दिल्ली के सरकारी स्कूलों में टीचर्स की भारी कमी, पढ़ाई पर पड़ रहा असर
दिल्ली के सरकारी स्कूलों में टीचर्स की भारी कमी, पढ़ाई पर पड़ रहा असर
Shimla Tour Package: शिमला-कुफरी घूमने का शानदार मौका! IRCTC लाया सबसे सस्ता टूर पैकेज
शिमला-कुफरी घूमने का शानदार मौका! IRCTC लाया सबसे सस्ता टूर पैकेज
Embed widget