आपका Google Account है खतरे में? आज ही बदलें ये 5 जरूरी Settings नहीं तो बाद में पड़ेगा पछताना
Google Settings: Google का Security Checkup फीचर आपके अकाउंट के सेफ्टी की जांच करता है.

- Google Security Checkup से अकाउंट सुरक्षा जांचें और निगरानी करें।
- मजबूत पासवर्ड रखें, रिकवरी नंबर-ईमेल हमेशा अपडेटेड रखें।
- टू-स्टेप वेरिफिकेशन सक्रिय करें, अनजान ऐप्स से एक्सेस हटाएँ।
Google Settings: आज के समय जहां स्मार्टफोन लोगों के जीवन का हिस्सा बन चुका है. वहीं, गूगल अकाउंट भी अब लोगों के घरों तक पहुंच चुका है. बता दें कि गूगल अकाउंट सिर्फ आपके ईमेल तक ही सीमित नहीं है बल्कि इसमें आपकी फोटो, कॉन्टैक्ट्स, पासवर्ड और कई निजी जानकारी सेव होती हैं. अब ऐसे में अगर आपका गूगल अकाउंट हैक हो जाता है तो आपकी सभी निजी जानकारी खतरे में पड़ सकती हैं.
लेकिन गूगल इसीलिए आपको कई सारे सेफ्टी फीचर्स उपलब्ध कराता है जिनकी मदद से आपका डेटा सुरक्षित रहता है. आज हम आपको ऐसे ही गूगल अकाउंट के 5 सेटिंग्स के बारे में बताने जा रहे हैं जिससे आपका अकाउंट पूरी तह से सेफ रहेगा.
Security Checkup से चेक करें अकाउंट
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि Google का Security Checkup फीचर आपके अकाउंट के सेफ्टी की जांच करता है. इस फीचर की मदद से आप हमेशा चेक कर सकते हैं किन डिवाइस में आपका अकाउंट खुला हुआ है. इसके अलावा आप ये अपने अकाउंट कि सभी एक्टिविटी पर नजर रख सकते हैं. इसीलिए समय-समय पर इस फीचर का इस्तेमाल करके अपने अकाउंट को चेक करते रहना चाहिए.
Saved Passwords को समय-समय पर चेक करें
गूगल लोगों के अकाउंट की सेफ्टी का काफी ध्यान रखता है. गूगल अकाउंट में यूजर्स को Google Password Manager फीचर मिलता है जो समय-समय पर इसमें सेव किए गए पासवर्ड की जांच करता है. अगर कोई पासवर्ड कमजोर है या किसी डेटा लीक में सामने आया है तो उसे तुरंत बदल देना चाहिए. इसके साथ ही आपको हर अकाउंट के लिए अलग और मजबूत पासवर्ड रखना चाहिए.
Recovery फोन नंबर और Email को हमेशा अपडेट रखें
इस फीचर का इस्तेमाल तब किया जाता है जब आप अपना पासवर्ड भूल जाते हैं. अगर कभी आप अपना पासवर्ड भूल जाएं या अकाउंट लॉक हो जाए तो Recovery Phone Number और Recovery Email फीचर आपके बड़े काम आता है. इसलिए हमेशा ये दोनों जानकारी को अपडेट रखना ही समझदारी है.
Two-Step Verification
गूगल अपने यूजर्स के लिए Two-Step Verification (2FA) फीचर ऑफर करता है. अगर आपने अभी तक इस फीचर को ऑन नहीं किया है तो सबसे पहले इसे एक्टिव कर दें. इसके बाद केवल पासवर्ड डालना काफी नहीं होगा बल्कि आपके फोन पर आने वाला कोड या ऑथेंटिकेशन ऐप भी जरूरी होगा. इससे पासवर्ड लीक होने पर भी कोई आपके अकाउंट में आसानी से लॉग इन नहीं कर पाएगा.
Third-Party Apps को ज्यादा एक्सेस न दें
आपको बता दें कि अक्सर हम बिना सोचे-समझे अलग-अलग वेबसाइट और ऐप्स को Google Account से लॉग इन कर देते हैं. समय के साथ इनमें से कई ऐप्स का इस्तेमाल बंद हो जाता है लेकिन उन्हें अकाउंट की परमिशन मिलती रहती है. ऐसे सभी अनजान या गैर-जरूरी ऐप्स को ज्यादा एक्सेस नहीं देना चाहिए और इन्हें जल्द से जल्द हटा देना चाहिए.
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