वाराणसी में गंगा का रौद्र रूप: जलस्तर रिकॉर्ड रफ्तार से बढ़ा, काशी पर बाढ़ का खतरा गहराया
Varanasi News: बीते सप्ताह गंगा के जलस्तर में वृद्धि के आंकड़ों ने सभी रिकार्ड को पीछे छोड़ दिया था. वाराणसी में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया था. तटवर्ती क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात थे.

वाराणसी में एक बार फिर गंगा के जलस्तर में रिकॉर्ड वृद्धि देखी जा रही है. दोपहर 12:00 तक की रिपोर्ट के अनुसार 8 सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से गंगा का जलस्तर बढ़ रहा है, जबकि जलस्तर 70 मीटर तक पहुंच चुका है. एबीपी न्यूज़ के कैमरे में टॉप एंगल से गंगा का विहंगम दृश्य देखने को मिला. मौके पर मौजूद नाविक शंभू साहनी ने बताया कि - इससे पहले कभी भी गंगा के जलस्तर में चौथी बार वृद्धि नहीं हुई. यह हैरान करने वाला है.
हम सभी बीते दिनों गंगा के जलस्तर सामान्य होने के बाद राहत की उम्मीद में थे. सब कुछ सामान्य होने की तरफ बढ़ चला था, लेकिन बीते 24 घंटे से गंगा के जलस्तर में हो रही वृद्धि ने हम सबको हैरान कर दिया है. बढ़ते गंगा के जलस्तर के बाद एक बार फिर काशी पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है. हम लोगों की आजीविका करीब 45 दिनों से प्रभावित है. बच्चों की पढ़ाई बुजुर्गों की दवाई और अपना दैनिक खर्च सब कुछ नौका संचालन पर निर्भर है.
स्थिति सामान्य होने के बाद फिर गंगा का रौद्र रूप
बीते सप्ताह गंगा के जलस्तर में वृद्धि के आंकड़ों ने सभी रिकार्ड को पीछे छोड़ दिया था. वाराणसी में गंगा का जलस्तर खतरे के निशान को पार कर गया था. तटवर्ती क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात थे. हालांकि कुछ ही दिनों बाद लोगों को इससे राहत भी मिल गई थी. सीढ़ियों से गंगा का पानी नीचे उतर रहा था लेकिन अब एक बार फिर गंगा ने रौद्र रूप धारण कर लिया है. और इस बार वृद्धि का स्तर पिछले बढ़ोतरी से भी कहीं ज्यादा है. गंगा तटवर्ती क्षेत्र के लोग सहमे नजर आ रहे हैं.
प्रशासन ने बढ़ाई चौकसी
वाराणसी जिला प्रशासन ने गंगा के बढ़ते जलस्तर को लेकर चौकसी बढ़ा दी है. तटवर्ती क्षेत्र में बाढ़ राहत शिविर से लेकर लोगों के रेस्क्यू आवश्यकता पर सक्रियता देखी जा रही है. निश्चित ही इस बार की स्थिति और भी ज्यादा चुनौती पूर्ण है, क्योंकि गंगा के जलस्तर में 8 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से वृद्धि हो रही है, जो रिकॉर्ड है. ऐसे में आने वाले 24 से 48 घंटे बेहद महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं.
Source: IOCL





















