वाराणसी में गंगा-वरुणा का घटा जलस्तर, बाढ़ से मिली बड़ी राहत
वाराणसी में गंगा और वरुणा नदी अब अपना रौद्र रूप छोड़ रही हैं. दोनों नदियों का जलस्तर तेजी से कम हो रहा है, जिसके बाद लोगों ने राहत की सांस ली है. हालांकि अभी तटीय इलाकों में पानी है.

उत्तर प्रदेश के वाराणसी में बीते सप्ताह से गंगा और वरुणा नदी दोनों उफान पर है जिसके बाद तटवर्ती क्षेत्र में बाढ़ जैसे हालात उत्पन्न हो गए थे. लेकिन 24 घंटे से वाराणसी के लिए राहत की खबर आई है जब गंगा का बढ़ा जलस्तर कम होता देखा जा रहा है.
जिसके बाद अब वरुणा नदी के जलस्तर में भी कमी हुई है जिससे लोगों ने राहत की सांस ली है. उम्मीद जताई जा रही है कि अब नदियों का जलस्तर जल्द सामान्य हो जाएगा और तटीय इलाकों में जीवन भी पटरी पर लौट आएगा. हालांकि प्रशासन ने अभी निचले इलाकों में अलर्ट जारी किया है कि नदी से दूर रहें.
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चेतावनी बिंदु के नीचे पहुंचा गंगा का जलस्तर
एबीपी लाइव की ग्राउंड रिपोर्ट के अनुसार रविवार के दिन वाराणसी में गंगा का जलस्तर 1 से 2 सेंटीमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से घट रहा है . इसके बाद सहायक नदी वरुणा व तटवर्ती क्षेत्र में भी जलस्तर में घटाव देखा गया. विशेष तौर पर वाराणसी का वरुणा तटवर्ती क्षेत्र बाढ़ की चपेट में रहा है, अब कई घरों से पानी बाहर निकल चुका है. हालांकि अभी भी वरुणा तटवर्ती क्षेत्र के कई इलाके जलमग्न है. वर्तमान में गंगा का जलस्तर चेतावनी बिंदु के नीचे 69.68 मीटर रिकॉर्ड किया गया.
घाटों का आपसी संपर्क अभी भी टूटा है
हालांकि अभी भी सभी घाटों का आपसी संपर्क टूटा हुआ है. गंगा घाट का दैनिक कामकाज आयोजन और आम जनजीवन सीधे तौर पर प्रभावित है. करीब 15 दिनों से वाराणसी में नौका संचालन पर पूरी तरह रोक है. इसके अलावा गंगा आरती को भी छत पर संपन्न कराया जा रहा है. स्थानीय प्रशासन अगले कुछ दिन और नदी का जलस्तर देखेगा, जब तक स्थिति पूरी तरह सामान्य नहीं हो जाती तब तक गतिविधियां इसी तरह चलेंगी. ऐसे में देखना होगा कि वाराणसी के गंगा तटवर्ती क्षेत्र का आम जनजीवन कब तक पूरी तरह सामान्य होता है.
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