उत्तराखंड के मलारी हाइवे पर भयंकर भूस्खलन, कई गांवों का टूटा संपर्क, लोग फंसे
Uttarakhand: उत्तराखंड के मलारी में भारत-चीन सीमा (India-China Border) के पास सोमवार दोपहर 3:30 बजे पहाड़ी से मलबा आने के कारण रास्ता बंद हो गया था. मार्ग बहाली के कार्य जारी है.

उत्तराखंड में लगातार हो रही बारिश का दौर भले थम गया है लेकिन पहाड़ों आफत अभी रुकने का नाम नहीं ले रही है. उत्तराखंड के मलागरी में भारत-चीन सीमा (India-China Border) के पास सोमवार दोपहर 3:30 बजे पहाड़ी से मलबा आने के कारण रास्ता बंद हो गया था जो, अभी तक नहीं खुल पाया है. रास्ता खुलवाने के लिए गई अधिकारी लगातार काम कर रहे हैं, ताकि इस रास्ते को जल्द से जल्द खोला जा सके. मार्ग बहाली के लिए कई मशीन भी लगाई गई हैं.
आपको बता दें कि, भारत-चीन सीमा को जोड़ने वाला मलारी हाईवे भूस्खलन के चलते बाप कुंड के समीप सोमवार 3:30 बजे बंद हो गया था. हाईवे के बंद होने से सिवान क्षेत्र की आवाजाही पूरी तरह से मंगलवार को भी बंद रही. मार्ग बंद होने की वजह से लोगों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है.
मार्ग खोलने में जुटे हुए हैं अधिकारी
इस दौरान त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में प्रचार करने के लिए नीति घाटी गए, प्रत्याशी के तमाम समर्थक भी इसी घाटी में ही फंसे हुए है. मौके पर स्थानीय अधिकारियों के साथ कई अन्य टीम में भी शामिल हैं, जो लगातार इस बंद हुए मार्ग को खोलने का प्रयास कर रहे हैं.
कई गांवों का टूटा संपर्क
आपको बता दें कि यह मार्ग कई गांवों को जोड़ता है. इसके बंद होने से कई गांव वालों के लिए भी मुसीबत खड़ी हो गई है. फिलहाल इस सड़क को खोलने का प्रयास लगातार जारी है. उम्मीद जताई जा रही है कि कल देर शाम तक इस सड़क को खोल दिया जाएगा. उत्तराखंड मे बारिश और भूस्खलन लोगों के लिए अब परेशानी का सबब बन चुके हैं. खराब मौसम का असर उत्तराखंड में जारी चारधाम यात्रा पर भी पड़ रहा है.
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Source: IOCL






















