Rajasthan: पटवारी भर्ती परीक्षा में 88% उपस्थिति, भजनलाल शर्मा सरकार की सख्ती ने बढ़ाया युवाओं का भरोसा
Rajasthan News: राजस्थान में पटवारी भर्ती परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न हुई. इसमें 88.88 प्रतिशत अभ्यर्थी शामिल हुए. सरकार की सख्ती, बायोमैट्रिक और फ्री बस यात्रा से अभ्यर्थियों का भरोसा मजबूत हुआ.

राजस्थान में पटवारी के 3,705 पदों पर भर्ती के लिए लिखित परीक्षा शांतिपूर्वक ढंग से संपन्न हो गई. इस बार रिकॉर्ड 88.88 फीसदी अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए. परीक्षा में 6 लाख 858 अभ्यर्थी शामिल हुए, जबकि भर्ती परीक्षा में शामिल होने के लिए कुल 6 लाख 76 हजार 11 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था.
इस परीक्षा को निष्पक्ष, शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न कराने के लिए राज्य की भजनलाल शर्मा सरकार ने कई सख्त कदम उठाए थे. राज्य की भजनलाल शर्मा सरकार की सख्ती और परीक्षाओं को पारदर्शी बनाने के लिए किए गए नए प्रयोगों के चलते अभ्यर्थियों का भरोसा कायम हुआ है.
परीक्षा 2 पालियों में आयोजित हुई
विश्वास कायम होने की वजह से ही बड़ी संख्या में अभ्यर्थी इस परीक्षा में शामिल हुए हैं. राजस्थान कर्मचारी चयन बोर्ड ने सभी जगहों पर परीक्षा शांतिपूर्वक संपन्न होने का दावा किया है. संपन्न हुई पहली पाली की परीक्षा के लिए 3,38,060 अभ्यर्थी रजिस्टर्ड थे. इनमें से 2,98,310 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए.
इसी तरह, दूसरी पाली की परीक्षा में शामिल होने के लिए 3,37,951 अभ्यर्थियों ने आवेदन किया था. इनमें से 3,02,548 अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए. राज्य के 38 जिलों के 1,035 केंद्रों पर परीक्षा आयोजित की गई. यह परीक्षा दो पालियों में आयोजित हुई.
बायोमैट्रिक अटेंडेंस और फेस स्कैनिंग की व्यवस्था की गई
भजनलाल शर्मा सरकार का दावा है कि भर्ती प्रक्रिया जल्द से जल्द पूरी कर चयनित अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र दिया जाएगा. राजस्थान की भजनलाल शर्मा सरकार ने भर्तियों को निष्पक्ष व पारदर्शी बनाने के लिए कैलेंडर निर्धारित किया है. इसके साथ ही बायोमैट्रिक अटेंडेंस और फेस स्कैनिंग की व्यवस्था की गई है.
इसके साथ ही, पेपर लीक की घटनाएं अब गुजरे जमाने की बात हो चुकी हैं. सरकार ने पटवारी भर्ती परीक्षा में शामिल होने वाले अभ्यर्थियों के लिए 5 दिनों तक रोडवेज की बसों में फ्री सफर की व्यवस्था की है. सरकार के इस फैसले की वजह से भी इस बार अधिक संख्या में अभ्यर्थी परीक्षा में शामिल हुए हैं.
Source: IOCL





















