एक्सप्लोरर

Rajasthan: भीलवाड़ा के इस इलाके में नहीं है पुलिया, जान जोखिम में डाल खाल को पार करते हैं छात्र

Bhilwara News: बारिश के दिनों में परेशानी सबसे ज्यादा होती है. स्कूली छात्रों को अपनी जान को जोखिम में डालकर इस खाल को पार करना पड़ता है. ऐसे में हादसे का खतरा बना रहता है.

भीलवाड़ा से सुरेंद्र सागर की रिपोर्ट: पढ़ाई बच्चों का बुनियादी हक है. पढ़ने का जज्बा इतना की जान जोखिम में डालकर भी रस्सी के सहारे बहते हुए पानी को पार कर स्कूल जाते हैं. नौनिहाल बच्चे अपना भविष्य सवार रहे हैं. देशभर में एक तरफ जहां सरकार बच्चों को अच्छी शिक्षा और सड़कें भी प्रदान करने का वादा करती हैं, वहीं दूसरी तरफ हर रोज़ कई ऐसी खबरें सामने आती है जो इस पर सवालिया निशान खड़ी कर देती हैं. ऐसा ही एक मामला कोटड़ी उपखंड क्षेत्र के घेवरिया गांव से सामने आया है जहां पर बारिश के समय के दौरान गांव के 35 बच्चे स्कूल जाने के लिए अपनी जान जोखिम में डालकर रस्सी के सहारे खाल को पार करते हैं. 

इन बच्चों को खाल के पार आने जाने को रस्सी के सहारे के सिवाय और कोई चारा नहीं है. जब अधिक बारिश के दौरान खाल अपना रौद्र रूप दिखाता है तो या तो विद्यार्थी विद्यालय नहीं जा पाता या फिर तीन किलोमीटर के लिए 15 किलोमीटर का चक्कर लगाकर विद्यालय जाना पड़ता है. कांटी ग्राम पंचायत मुख्यालय स्थित राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय जो घेवरिया गांव से तीन किमी दूर है. विद्यार्थियों को बारिश के दिनों में रस्सी के सहारे जान जोखिम में डालकर खाल को पार करना पड़ता है. 

Anju in Pakistan: 'मैं अंजू को भारत लाने की अपील नहीं करूंगा...' बेटी के लाहौर जाने पर भड़के पिता, जानें क्या कहा

स्कूली बच्चे अपना भविष्य संवारने के लिए इस खाल को पार करके स्कूल जाते हैं. तस्वीर में साफ देखा जा सकता है कि वहां के विद्यार्थी किस तरह से अपनी जान जोखिम में डालकर खाल पार कर रहे हैं. ग्राम पंचायत कांटी के अंतर्गत आने वाले इस गांव घेवरिया में लगभग 1200-1300 लोगों की आबादी है. ग्राम पंचायत तक पक्की सड़क का निर्माण है, लेकिन इस मार्ग का एक मात्र खाल जिसमें ना तो पानी निकलने के लिए पाइप डाल रखे और ना ही पक्का निर्माण किया हुआ है, जिस पर बारिश के मौसम में विद्यार्थियों व ग्रामीणों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है. बारिश के दौरान खाल पार करते समय कभी भी बड़ा हादसा हो सकता. 

रतन लाल बलाई सरपंच, ग्राम पंचायत कांटी ने बताया कि इस संबंध में विद्यालय के द्वारा शिक्षा विभाग, जनप्रतिनिधियों सहित प्रशासनिक अधिकारियों को पत्र भेजकर इस समस्या से अवगत कराया. लेकिन अब तक को समाधान नहीं हुआ है. जिस कारण हर बार बारिश के दौरान विद्यार्थियों को जान जोखिम में डालकर रस्सी के सहारे खाल को पार करके विद्यालय जाना पड़ता है. जानकारी के अनुसार खाल पर पुलिया निर्माण नहीं होने के चलते प्रति वर्ष विद्यालय में घेवरिया गांव के बच्चों का नामांकन कम होता जा रहा है. ग्रामीण बच्चों और बुजुर्गों को रस्सी के सहारे पीठ पर सवार करके नाला पार कराते हैं. जब अधिक बारिश होती है तो कई दिनों तक बच्चे स्कूल नहीं जा पाते हैं. आवश्यक सामान की खरीदी के लिए ग्रामीणों को गांव से बाहर जाने के लिए भी मुसीबतों का सामना करना पड़ता है. ग्रामीणों ने बताया गांव में जब भी कोई व्यक्ति बीमार हो जाता है तो उस मरीज को खटिया पर लिटा कर ले जाना पड़ता है. गर्भवती महिला को पहले ही गांव से बाहर भेज दिया जाता ताकि बारिश में परेशानी न हो.

इसके साथ ही उन्होंने कहा कि पुलिया नहीं होने के कारण विद्यार्थियों को आने जाने का समस्या का सामना करना पड़ता है पिछले वर्ष भी मैंने अपना निजी साधन लगाकर घेवरिया से हाजीवास व मोडिया खेडा होते हुए विद्यार्थियों को काटी विद्यालय में पहुंचाया. पुलिया निर्माण के लिए डिस्ट्रिक्ट मिनरल फाउंडेशन ट्रस्ट फंड ( DMFT) से 4 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत है लेकिन टेंडर नहीं होने के कारण अब तक पुलिया का निर्माण कार्य शुरू नहीं हुआ है. 

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

'राज्यसभा चुनाव में मुस्लिम समाज को क्यों नहीं...', कांग्रेस पर बरसे अजमेर दरगाह के सरवर चिश्ती
'राज्यसभा चुनाव में मुस्लिम समाज को क्यों नहीं...', कांग्रेस पर बरसे अजमेर दरगाह के सरवर चिश्ती
सचिन पायलट को बड़ी जिम्मेदारी देने की तैयारी में कांग्रेस, जल्द संभाल सकते हैं राजस्थान की कमान
सचिन पायलट को बड़ी जिम्मेदारी देने की तैयारी में कांग्रेस, जल्द संभाल सकते हैं राजस्थान की कमान
Kota News: कोटा विकास प्राधिकरण में ACB का बड़ा एक्शन, 15 हजार रुपये की रिश्वत लेते दो गिरफ्तार
कोटा विकास प्राधिकरण में ACB का बड़ा एक्शन, 15 हजार रुपये की रिश्वत लेते दो गिरफ्तार
Ajmer News: दिल्ली अग्निकांड के शिकार बुजुर्ग दंपति का अंतिम संस्कार, अजमेर में नम आंखों से दी श्रद्धांजलि
दिल्ली अग्निकांड के शिकार बुजुर्ग दंपति का अंतिम संस्कार, अजमेर में नम आंखों से दी श्रद्धांजलि

वीडियोज

Khan Sir Controversy: खान सर की होने वाली है गिरफ्तारी? | Patna Coaching Firing | Breaking | Bihar
US Iran War Updates: Hormuz पर बड़ी कार्रवाई के बाद Trump का बयान | Khamenei | Breaking |Latest News
Sansani: ब्रेकअप का खूनी दरिंदा ! | Mohali Punjab | Crime News
Khan Sir Controversy: 'गोली कांड' में खान सर फंस गए! | Roshan Anand | Coaching Firing | Bihar News
Khan Sir Controversy | Janhit: कोचिंग वाले लड़ रहे...पढ़ने वाले 'मर' रहे! | Coaching Firing | Bihar

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
बंगाल में ममता बनर्जी की TMC को एक और झटका, कांग्रेस के लिए आई गुड न्यूज
बंगाल में ममता बनर्जी की TMC को एक और झटका, कांग्रेस के लिए आई गुड न्यूज
यूपी में योगी सरकार की पुलिस के एनकाउंटरों पर सवाल, 67 मुस्लिम तो 20 ब्राह्मण मुठभेड़ में ढेर
यूपी में योगी सरकार की पुलिस के एनकाउंटरों पर सवाल, 67 मुस्लिम तो 20 ब्राह्मण मुठभेड़ में ढेर
झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस का बड़ा फैसला, किन नेताओं को सौंपी सीट जिताने की जिम्मेदारी?
झारखंड में राज्यसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस का बड़ा फैसला, किसे सौंपी सीट जिताने की जिम्मेदारी?
IND vs AFG Live Streaming: आज कितने बजे से शुरू होगा भारत-अफगानिस्तान टेस्ट, जानिए किस चैनल और ऐप देखें लाइव मैच
आज कितने बजे से शुरू होगा IND vs AFG टेस्ट, जानिए किस चैनल और ऐप देखें लाइव मैच
अमिताभ बच्चन के पास है कुल कितने बीघा जमीन? अयोध्या, अलीबाग और गुजरात तक फैली है अरबों की प्रॉपर्टी
अमिताभ बच्चन के पास है कुल कितने बीघा जमीन? अयोध्या, अलीबाग और गुजरात तक फैली है अरबों की प्रॉपर्टी
दुनिया में भारत का वर्चस्व, चीन बड़ा खिलाड़ी, पुतिन ने ट्रंप को चेताया- तेल की कीमतें बढ़ी तो US की बादशाहत...
दुनिया में भारत का वर्चस्व, चीन बड़ा खिलाड़ी, पुतिन ने ट्रंप को चेताया- तेल की कीमतें बढ़ी तो US की बादशाहत...
BJP छोड़ने के बाद अन्नामलाई ने नई पार्टी का किया ऐलान, CM थलापति विजय को लेकर दिया बड़ा बयान
BJP छोड़ने के बाद अन्नामलाई ने नई पार्टी का किया ऐलान, CM थलापति विजय को लेकर दिया बड़ा बयान
Women's Health: पीरियड्स पेन और PMOS से पीड़ित हैं लाखों महिलाएं, एक्सपर्ट की चेतावनी- यह कोई सामान्य बात नहीं
पीरियड्स पेन और PMOS से पीड़ित हैं लाखों महिलाएं, एक्सपर्ट की चेतावनी- यह कोई सामान्य बात नहीं
Embed widget