Shiv Sena Foundation Day Live: CM शिंदे का ठाकरे पर निशाना- आप सिर्फ नाम के CM थे, उद्धव बोले- झूठ बोलने वालों को वैक्सीन देनी पड़ेगी
Shiv Sena Foundation Day Celebration: महाराष्ट्र में पहली बार शिंदे और उद्धव गुट शिवसेना की अलग-अलग वर्षगांठ मना रहे हैं. महाराष्ट्र में शिवसेना और शिवसेना (उद्धव बालासाहेब ठाकरे) है.

Background
Shiv Sena Foundation Day: शिवसेना के स्थापना दिवस के साथ ही सभी की निगाहें पार्टी के दो प्रतिद्वंद्वी गुटों पर टिकी है. महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे के नेतृत्व वाली शिवसेना और उद्धव ठाकरे के नेतृत्व वाली शिवसेना (यूबीटी) आज अलग-अलग वर्षगांठ मनाएंगे. एकनाथ शिंदे गोरेगांव में एक रैली को संबोधित करने के लिए तैयार हैं, जबकि ठाकरे सायन में शनमुखानंद हॉल में अपनी रैली करेंगे.
उद्धव और शिंदे अलग-अलग करेंगे कार्यक्रम
रविवार को, दोनों पक्षों ने सेना की विरासत पर दावा करने और दावा करने के लिए पोस्टर युद्ध शुरू किया. शिंदे गुट द्वारा लगाए गए होर्डिंग्स में छत्रपति शिवाजी महाराज के साथ दिवंगत बाल ठाकरे के साथ-साथ उनके राजनीतिक गुरु स्वर्गीय आनंद दिघे की तस्वीरें थीं, साथ ही पृष्ठभूमि में महाराष्ट्र का नक्शा भी था. होर्डिंग्स पर सीएम की फोटो भी थी. इस बीच, शिवसेना (यूबीटी) के पोस्टरों में दिवंगत बाल ठाकरे, उनके बेटे उद्धव और पोते आदित्य की तस्वीरें थीं. नीचे दिए गए संदेश में कहा गया है, “निष्ठावनंच कुटुंभशोहाल; शिवसेना परिवार जाग वेगला” (यह कट्टर वफादारों का मिलन है. शिवसेना परिवार दुनिया से अलग है)
बाल ठाकरे ने की थी शिवसेना की स्थापना
19 जून, 1966 में जब दिवंगत बाल ठाकरे ने शिवसेना की स्थापना की थी, यह मराठी मानुषों को एकजुट करने और उन्हें अपने अधिकारों के लिए लड़ने के लिए सशक्त बनाने का आह्वान था. उनका मंत्र था 80 फीसदी सामाजिक कार्य, 20 फीसदी राजनीति. 57 साल बाद शिवसेना दो दलों में बंट गई है. उद्धव ठाकरे के पास 16 विधायक और सात सांसद रह गए हैं. जबकि विद्रोह का नेतृत्व करने वाले एकनाथ शिंदे के पक्ष में 40 विधायक और 13 सांसद हैं. महाराष्ट्र में पहली बार शिवसेना के दो गुट उद्धव ठाकरे और एकनाथ शिंदे अलग-अलग पार्टी की वर्षगांठ मनाएंगे. इसे लेकर दोनों गुट कार्यक्रम कर एक दूसरे पर निशाना साध सकते हैं.
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'....शेर का जिगरा चाहिए'- एकनाथ शिंदे
गोरेगांव के नेस्को ग्राउंड में हुए कार्यक्रम में शिवसेना प्रमुख और महाराष्ट्र के सीएम एकनाथ शिंदे ने कहा कि जो पिछले साल 20 जून के दिन हुआ उसके लिए शेर का जिगरा चाहिए. उद्धव ठाकरे पर निशाना साधते हुए उन्होंने कहा कि आप सिर्फ नाम के मुख्यमंत्री थे, सरकार राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी और कांग्रेस चला रही थी.
उद्धव ठाकरे बोले- झूठ बोलने वालों को वैक्सीन देनी पड़ेगी
पूर्व सीएम उद्धव ठाकरे ने कहा कि मणिपुर में लीबिया जैसी स्थिति है और पीएम नरेंद्र मोदी अमेरिका के दौरे पर जा रहे हैं. उन्होंने कहा कि अगर देश में हिंदू खतरे में है तो मोदी सरकार को राज करने का कोई अधिकारी नहीं है. पूर्व सीएम ने कहा कि झूठ बोलने वालों को वैक्सीन देनी पड़ेगी. रोज कहा जाता है कि उद्धव ठाकरे को बड़ा झटका, कितने झटके देंगे? इतना ही कहना चाहूंगा कि शिवसेना भूकंप प्रुफ पार्टी है.























