महाराष्ट्र में कत्लखाने को जा रहे ट्रक में लगी भीषण आग, 32 जानवर जिंदा जले
Maharashtra News: नागपुर के फेत्री गांव में अवैध मवेशी तस्करी कर रहे ट्रक में आग लगने से 32 जानवर जलकर मर गए. ग्रामीणों ने 10 को बचा लिया. पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है.

महाराष्ट्र के नागपुर जिले में रविवार (16 नवंबर) को एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई, जहां अवैध रूप से मवेशियों को ले जा रहे एक कंटेनर ट्रक में अचानक आग लग गई. इस हादसे में 32 मवेशियों की मौके पर ही दर्दनाक मौत हो गई. जानकारी के अनुसार, 10 अन्य को ग्रामीणों ने बड़ी मुश्किल से बचा लिया. यह घटना कलमेश्वर पुलिस थाना क्षेत्र के फेत्री गांव में देर शाम हुई.
पुलिस के मुताबिक, अवैध रूप से मवेशियों की तस्करी की जा रही थी और उन्हें ट्रक के अंदर तार से बांधकर तिरपाल से ढक दिया गया था, जिससे उनका निकलना असंभव हो गया था. घटना के समय ट्रक का एक टायर पंक्चर हो गया, लेकिन चालक ने वाहन रोकने के बजाय उसे आगे बढ़ाया. लगातार घर्षण बढ़ने से टायर ने आग पकड़ ली और देखते ही देखते आग पूरे कंटेनर तक फैल गई. अंदर बने बंद वातावरण और तिरपाल के कारण आग तेजी से भड़क गई, जिससे अधिकांश मवेशियों की तुरंत मौत हो गई.
घटना के बाद ग्रामीणों ने मौके पर पहुंचकर आग बुझाने का प्रयास किया और अंदर फंसे कुछ मवेशियों को निकालकर उनकी जान बचाई. प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि अंदर की स्थिति बेहद भयावह थी, क्योंकि मवेशियों को बेड़ियों और रस्सियों से बांध दिया गया था, जिससे वे खुद को बचाने के लिए हिल भी नहीं सके.
पुलिस ने आरोपियों को किया गिरफ्तार
कलमेश्वर पुलिस ने मामले में तुरंत कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों मोहम्मद नासिर, सैयद हामिद अली और आमिर कुरैशी को गिरफ्तार कर लिया है. पुलिस का कहना है कि ये सभी अवैध रूप से मवेशियों की तस्करी में शामिल थे और घटनास्थल पर मिले सबूतों से इनकी भूमिका स्पष्ट होती है.
आरोपियों के खिलाफ होगी कार्रवाई
पुलिस अब यह भी जांच कर रही है कि मवेशियों को कहां से लाया जा रहा था और किनके लिए यह अवैध आपूर्ति की जा रही थी. अधिकारियों ने बताया कि इस मामले में पशु क्रूरता कानून और अन्य संबंधित धाराओं के तहत कठोर कार्रवाई की जाएगी. स्थानीय ग्रामीणों ने भी ऐसी घटनाओं पर चिंता जताते हुए प्रशासन से कड़े कदम उठाने की मांग की है.
यह हादसा न केवल अवैध मवेशी परिवहन की अमानवीयता को उजागर करता है, बल्कि प्रशासनिक निगरानी में मौजूद कमी की ओर भी इशारा करता है. पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि इस पूरी घटना की गहन जांच की जाएगी और दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी.
ये भी पढ़िए- RLD के राष्ट्रीय अध्यक्ष बने जयंत चौधरी, राष्ट्रीय लोकदल के अधिवेशन में फिर निर्विरोध चुने गए
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL


























