अमरनाथ यात्रा से पहले क्यों बढ़ीं श्रद्धालुओं की मुश्किलें? पहलगाम में भक्तों की भारी भीड़
Amarnath Yatra 2026: अमरनाथ यात्रा में बिना पंजीकरण के पहुंचे हुवे यात्रियों के चलते काफी परेशानियां आ रही है. श्रीनगर के पंथाचौक ट्रांजिट कैम्प में 2800 यात्रियों के रुकने की सुविधा है.

पहलगाम में X-रे सिक्योरिटी चेक पॉइंट पर तीर्थयात्रियों की भारी भीड़ है, क्योंकि आधिकारिक यात्रा का काफिला रवाना होने से पहले ही सैकड़ों बिना रजिस्ट्रेशन वाले यात्री वहां पहुंच गए हैं. हालांकि स्पॉट रजिस्ट्रेशन का कोटा बहुत कम है, फिर भी ज्यादातर बिना रजिस्ट्रेशन वाले यात्रियों को भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. इससे स्पॉट रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था पर सवाल उठ रहे हैं, जबकि शुरुआत में ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन को बढ़ावा दिया गया था.
वही एबीपी न्यूज से खास बातचीत के दौरान भक्तों ने कहा जिन भक्तों का रजिस्ट्रेशन नहीं हुआ है उन्हें बहुत दिक्कत हो रही है. पहले रजिस्ट्रेशन पहलगाम क्लब में होता था, लेकिन इस बार कोई ठोस जानकारी नहीं मिल रही है जिसकी वजह से बहुत दिक्कत हो रही है.
करीब 12 भोले के भक्त राजस्थान से बाबा बर्फानी के दर्शन के लिए पहलगाम पहुंचे है. जिसमें से सिर्फ तीन लोगों का ही रजिस्ट्रेशन हुआ है बाकी 9 का रजिस्ट्रेशन नहीं हुआ है, जिसकी वजह से उन्हें काफी परेशानी हो रही है.
बिना रजिस्ट्रेशन के पहुंचे यात्री
अमरनाथ यात्रा में बिना पंजीकरण के पहुंचे हुवे यात्रियों के चलते काफी परेशानियां आ रही है. श्रीनगर के पंथाचौक ट्रांजिट कैम्प में 2800 यात्रियों के रुकने की सुविधा है लेकिन अभ तक 8000 से ज्यादा लोग पहुंच चुके है. और बड़ी संख्या में सड़क, रेल और हवाई मार्ग से यात्री पहुंच रहे है जिन को कैम्प में आने से रोका जा रहा है.
जो यात्री पहले से रजिस्ट्रेशन करवा कर पहुंच रहे है उनको 3 से 5 मिनट के अंदर RFID कार्ड मिल रहा है और जो बिना रजिस्ट्रेशन्स आए हैं उनमें से बड़ी संख्या में लोगों को बिना यात्रा के वापस लौटना पड़ रहा है.
भारी तादाद में पहुंचे श्रद्धालु
जम्मू एंड श्रीनगर से काफी तादाद में भोले के भक्त पहलगाम पहुंचे हैं, जिनको लेकर सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है. सड़क मार्ग पर दूसरे वाहनों को रोक दिया गया है सिर्फ जत्थे में शामिल वाहनों को ही आने दिया जा रहा है. वाहनों की लंबी कतार भोले के भक्तों की है जो पहलगाम बेसकैंप में पहुंचकर अपनी यात्रा पर्ची लेकर बेसकैंप में रुकेंगे और सुबह चार बजे जब यात्रा के लिए पहला जत्था रवाना होगा तो ये यात्रा के लिए निकलेंगे.
भोले के भक्तों में काफी जोश और उत्साह देखने को मिल रहा है. भक्तों का कहना है साल भर का नहीं कई सालों का इंतजार खत्म हुआ है. हमारे लिए बड़े सौभाग्य की बात है कि बाबा बर्फानी के दर्शन हम पहले दिन पहले जत्थे के साथ करने जा रहे है.
अलग अलग राज्यों से आए भक्तों का कहना है कि सेना और पुलिस द्वारा सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. डर जैसी कोई बात नहीं है. ये सब पीएम मोदी की वजह से है. हमें श्रीनगर में आकर घर जैसा लग रहा है. इतनी सुरक्षा इतनी फोर्स हमने नहीं देखी.
अमरनाथ यात्रा 2026 की शुरुआत, जम्मू से रवाना हुआ 'बाबा बर्फानी' के भक्तों का पहला जत्था
अमरनाथ यात्रा को लेकर तैयारी पूरी
अमरनाथ यात्रा 3 जुलाई से शुरू होगी, जिसको लेकर तैयारी पूरी कर ली गई है. सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए हैं. आज श्रीनगर से पहला भक्तों का जत्था पहलगाम बेस कैंप के लिए रवाना होगा. सबसे पहले भक्तों का जत्था चेक पोस्ट पर पहुंचेगा, जहां पर भक्तों का रजिस्ट्रेशन व उनके दस्तावेज चेक किए जाएंगे. उसके बाद चेक पोस्ट से पैदल भक्त पहलगाम बेस कैंप पहुंचेंगे, जहां पर उनके ठहरने की पूरी व्यवस्था की गई है.
भक्त यहां भोजन और जलपान करने के बाद आराम करेंगे और सुबह करीब चार बजे भक्तों का पहला जत्था अमरनाथ यात्रा के लिए रवाना होगा. वहीं अमरनाथ यात्रा को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए है जिसकी तस्वीरें साफ देखने को मिल रही हैं. भक्त पहलगाम बेस कैम्प से चंदनवाड़ी, पिस्सू टॉप, शेषनाग, महागुणस दर्रा, पंचतरणी होते हुए अमरनाथ गुफा पहुंचेंगे.
जम्मू-कश्मीर पहुंचा मानसून: अगले 4 दिन भारी बारिश का अलर्ट, भूस्खलन और अचानक बाढ़ का खतरा






















