'यह अपराधी BJP के…', भागलपुर कांड के आरोपी रामधनी यादव का तेजस्वी ने जोड़ा 'NDA कनेक्शन'
Bihar Politics: सुल्तानगंज नगर परिषद कार्यालय में मंगलवार को बदमाशों ने कार्यपालक पदाधिकारी की गोली मारकर हत्या की थी. आरोपी रामधनी यादव का एनकाउंटर हो चुका है. अब तेजस्वी की प्रतिक्रिया आई है.

बिहार के भागलपुर (Bhagalpur) में बीते मंगलवार (28 अप्रैल, 2026) को कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार की बदमाशों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी. इस हत्याकांड का मुख्य आरोपी रामधनी यादव पुलिस मुठभेड़ में ढेर हो गया है. अब नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव (Tejashwi Yadav) ने रामधनी यादव का एनडीए कनेक्शन जोड़ा है. एनडीए के नेताओं के साथ एक्स हैंडल पर आज (बुधवार) उन्होंने तस्वीरें शेयर कर निशाना साधा.
तेजस्वी यादव ने रामधनी यादव के साथ बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष नितिन नवीन की तस्वीर शेयर की है. एक फोटो उसकी केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान के साथ है. एक तस्वीर एलजेपी रामविलास के सांसद राजेश वर्मा के साथ है. इस तरह और भी तस्वीर तेजस्वी यादव ने एक्स पर शेयर करते हुए सवाल उठाया है.
भागलपुर में सरकारी अधिकारी की दिनदहाड़े हत्या करने वाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गाने “मारब सिक्सर की 6 गोली छाती में” से प्रेरित सुशासनी अपराधी, बीजेपी संरक्षित गुंडा व एनडीए नेता रामधनी यादव है। यह अपराधी बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नवीन और कई केंद्रीय मंत्रियों… pic.twitter.com/0esClEJBD4
— Tejashwi Yadav (@yadavtejashwi) April 29, 2026
'जंगलराज का बेसुरा राग अलपाने वाले…'
अपने पोस्ट में तेजस्वी यादव ने लिखा है, "भागलपुर में सरकारी अधिकारी की दिनदहाड़े हत्या करने वाला प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के गाने 'मारब सिक्सर की 6 गोली छाती में…' से प्रेरित सुशासनी अपराधी, बीजेपी संरक्षित गुंडा व एनडीए नेता रामधनी यादव है. यह अपराधी बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष श्री नितिन नवीन और कई केंद्रीय मंत्रियों व सांसदों/विधायकों का नजदीकी है. जंगलराज का बेसुरा राग अलापने वाले हत्यारे एनडीए नेताओं के बारे में क्या कहेंगे?"
क्या है पूरा मामला?
मंगलवार को सुल्तानगंज नगर परिषद कार्यालय में कई बदमाश हथियार के साथ घुसे थे. उन लोगों सभापति राज कुमार गुड्डू और कार्यपालक पदाधिकारी कृष्ण भूषण कुमार को गोली मार दी. घटना में कृष्ण भूषण कुमार की मौत हो गई जबकि सभापति घायल हैं. उनका इलाज चल रहा है. अपराधी सभापति को ही मारने के लिए आए थे लेकिन कार्यपालक पदाधिकारी बदमाशों से भिड़ गए. यही कारण है कि बदमाशों ने उन्हें गोली मार दी जिससे उनकी मौत हो गई. अब इस घटना को लेकर विपक्ष सत्ता पक्ष पर हमलावर है. लगातार प्रतिक्रियाएं आ रही हैं.


























