चिराग-मांझी के बाद आरक्षण पर अब CM सम्राट की दो टूक, साफ किया स्टैंड
बिहार में आरक्षण पर विवाद के बीच CM सम्राट ने कहा कि हर वर्ग के गरीब को आरक्षण लाभ मिलना चाहिए. इससे पहले आरक्षण पर एनडीए के नेता जीतन राम मांझी और चिराग ने एक-दूसरे पर जमकर हमला बोला था.

बिहार में आरक्षण को लेकर एनडीए के बीच बीते दिनों खूब घमासान रहा. केंद्रीय मंत्री जीतन राम मांझी, उनके बेटे संतोष सुमन और चिराग पासवान के बीच खूब जुबानी तीर चले. संतोष ने कोटे के अंदर कोटा की मांग तो चिराग ने इसका विरोध किया. अब मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आरक्षण के मुद्दे पर बड़ा बयान दिया है.
एएनआई के पॉडकास्ट में उन्होंने कहा कि देश में आरक्षण की व्यवस्था सामाजिक रूप से वंचित वर्गों को मुख्यधारा में लाने के उद्देश्य से बनी थी. उन्होंने कहा कि बीजेपी की आरक्षण को लेकर अपनी स्पष्ट विचारधारा रही है और पार्टी ने समय-समय पर आरक्षण व्यवस्था को आगे बढ़ाने में भूमिका निभाई है.
सम्राट चौधरी ने कहा कि बाबा साहेब भीमराव अंबेडकर ने दलित और आदिवासी समुदायों के लिए आरक्षण की व्यवस्था शुरू की थी बिहार में कर्पूरी ठाकुर ने अति पिछड़ी जातियों के लिए आरक्षण का प्रस्ताव रखा. उन्होंने दावा किया कि उस समय बीजेपी के वरिष्ठ नेता कैलाशपति मिश्र ने इस कदम का समर्थन किया और विधेयक पारित कराने में सहयोग किया.
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मंडल कमीशन पर बीजेपी की भूमिका
मुख्यमंत्री ने मंडल कमीशन की सिफारिशों के लागू होने का भी जिक्र किया. उन्होंने कहा कि जब वीपी सिंह प्रधानमंत्री थे, तब मंडल आयोग की सिफारिशें लागू हुईं. उनके मुताबिक, उस समय एलके आडवाणी और अटल बिहारी वाजपेयी के नेतृत्व वाली बीजेपी ने अपने 83 सांसदों के समर्थन के जरिए इस व्यवस्था को लागू कराने में भूमिका निभाई थी.
बोले- गरीबों को आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए
सम्राट चौधरी ने आरक्षण के आर्थिक पहलू पर भी अपनी बात रखी. उन्होंने कहा कि सामान्य वर्ग और OBC में भी एक निश्चित आय सीमा से अधिक कमाने वालों को आरक्षण के दायरे से बाहर रखा जाता है. उनका तर्क था कि गरीब व्यक्ति चाहे सामान्य वर्ग से हो या OBC से, उसे आरक्षण का लाभ मिलना चाहिए. उन्होंने कहा कि दलित समुदाय के साथ सदियों तक हुए सामाजिक शोषण को देखते हुए उनके लिए आरक्षण जारी रहना चाहिए.
#WATCH आरक्षण पर बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा, "...लोग कहते हैं कि दलितों का सदियों से शोषण हुआ है। इसलिए, उनके लिए आरक्षण जारी रहना चाहिए..." pic.twitter.com/v9a5LvoB5j
— ANI_HindiNews (@AHindinews) September 8, 2026
चिराग-मांझी विवाद के बीच आया बयान
सम्राट चौधरी का यह बयान केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान और जीतन राम मांझी के बीच आरक्षण को लेकर सामने आए मतभेदों के बीच आया है. मांझी और उनके बेटे संतोष सुमन आरक्षण में उपवर्गीकरण यानी कोटे के भीतर कोटा लागू करने की मांग कर चुके हैं. उनका कहना है कि आरक्षण का लाभ सबसे पिछड़े और वंचित वर्गों तक पहुंचना चाहिए.
वहीं चिराग पासवान ने SC/ST आरक्षण में क्रीमी लेयर और उपवर्गीकरण का विरोध किया है. उनका कहना है कि SC/ST आरक्षण का आधार सामाजिक भेदभाव और छुआछूत है, आर्थिक स्थिति नहीं. उन्होंने आरक्षण में बदलाव की मांग करने वालों से अपने पदों से इस्तीफा देने तक की बात कही थी.
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