Patna News: कड़ी सुरक्षा में सिविल कोर्ट पहुंचे पप्पू यादव, आज बेल पर होगी सुनवाई, वकील का बड़ा बयान
Patna News: कड़ी सुरक्षा के बीच सिविल कोर्ट पहुंचे सांसद पप्पू यादव की जमानत याचिका पर आज दोपहर 2 बजे सुनवाई होगी. वकील ने इसे पूरी तरह बेल का मामला बताते हुए न्यायपालिका पर भरोसा जताया है.

कड़ी सुरक्षा के बीच बिहार के पूर्णिया से निर्दलीय सांसद पप्पू यादव उर्फ राजेश रंजन सोमवार को सिविल कोर्ट पहुंचे. उनकी जमानत याचिका पर आज फिर से सुनवाई होनी है. यह सुनवाई दोपहर 2 बजे निर्धारित की गई है. पप्पू यादव के साथ भारी पुलिस बल तैनात रहा और कोर्ट परिसर में सुरक्षा व्यवस्था सख्त रखी गई.
मामले को लेकर राजनीतिक और कानूनी हलकों में खासा ध्यान बना हुआ है, क्योंकि यह एक पुराना मामला है जिसमें पहले जमानत मिल चुकी थी, लेकिन बाद में उपस्थिति न होने के कारण बेल बॉन्ड रद्द हो गया था. अब उसी बेल बॉन्ड को बहाल कराने के लिए याचिका पर सुनवाई हो रही है.
न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है- पप्पू यादव के वकील
पप्पू यादव के वकील शिवनंदन भारती ने कोर्ट में पेशी से पहले कहा कि उन्हें न्यायपालिका पर पूरा भरोसा है और आज जमानत मिलने की पूरी संभावना है. उन्होंने स्पष्ट किया कि जमानत याचिका पहले ही मूव हो चुकी है और रेगुलर बेल की सुनवाई दोपहर 2 बजे से की जाती है. वकील ने कहा कि मेरिट के आधार पर पहले भी जमानत मिल चुकी थी, लेकिन कुछ समय से हाजिरी और पैरवी ठीक से नहीं हो पाने के कारण तकनीकी वजहों से बेल नहीं मिल पाई. उन्होंने यह भी कहा कि पप्पू यादव खुद कोर्ट आ रहे हैं और प्रक्रिया पूरी तरह कानूनी दायरे में है.
रिजेक्ट हुए बेल बॉन्ड को रिस्टोर करना है- पप्पू यादव के वकील
विपक्षी दलों की ओर से उठाए जा रहे सवालों पर प्रतिक्रिया देते हुए वकील शिवनंदन भारती ने कहा कि उन्हें यह समझ नहीं है कि रिमांड किन परिस्थितियों में लिया जाता है. उन्होंने बताया कि कोरोना काल के दौरान पप्पू यादव का कुछ रिकॉर्ड मिस हो गया था. उस दौरान वे आते थे और लौटकर चले जाते थे, ऐसे में जमानत की प्रक्रिया प्रभावित हुई. वकील ने बताया कि 29 जुलाई 2025 को पप्पू यादव का बेल बॉन्ड रिजेक्ट हुआ था और अब केवल उसी को रिस्टोर कराया जाना है, जो एक साधारण कानूनी प्रक्रिया है. उन्होंने पप्पू यादव के स्वास्थ्य का भी हवाला देते हुए कहा कि उनकी तबीयत भी फिलहाल ठीक नहीं है.
साथ ही उन्होंने कहा कि यह 100 प्रतिशत बेल का मामला है और किसी तरह के आरोपों पर फैसला नहीं होना है. अगर इस पूरे मामले की पृष्ठभूमि देखें तो यह करीब 31 साल पुराना है. सांसद पप्पू यादव को 1995 से जुड़े एक केस में 6 फरवरी को गिरफ्तार किया गया था. पटना के गर्दनीबाग थाने में दर्ज इस मामले में उन पर धोखाधड़ी, जालसाजी, मकान किराए पर लेकर कब्जा करने, आपराधिक धमकी और साजिश रचने के आरोप हैं.
शिकायतकर्ता विनोद बिहारी लाल का आरोप है कि पप्पू यादव और उनके सहयोगियों ने धोखे से उनका मकान किराए पर लिया और बाद में उस पर कब्जा कर लिया. लंबे समय तक कोर्ट में पेश न होने के कारण अदालत ने गिरफ्तारी वारंट और इश्तेहार जारी किया था, जिसके बाद एमपी-एमएलए अदालत ने कुर्की जब्ती का आदेश भी दिया. शनिवार को पेशी के बाद उन्हें न्यायिक हिरासत में लेकर इलाज के लिए पीएमसीएच भेजा गया था.























