Bihar News: पटना में लाठी चार्ज के शिकार शिक्षक अभ्यर्थी से मिले चिराग पासवान, फफक-फफक कर रो पड़े पिता
Chirag Paswan: शिक्षक अभ्यर्थी सातवें चरण की नियुक्ति की मांग करते हुए पटना के डाकबंगला चौराहे पर जुटे थे. इसी दौरान एडीएम केके सिंह ने एक शिक्षक अभ्यर्थी को काफी मारा था.

दरभंगा: पटना में प्रदर्शन के दौरान एडीएम केके सिंह (Patna ADM KK Singh) ने एक शिक्षक अभ्यर्थी अनिसुर रहमान को डंडे से काफी मारा था. ये शिक्षक अभ्यर्थी सातवें चरण की नियुक्ति की मांग करते हुए पटना के डाकबंगला चौराहे पर जुटे थे. पीड़ित अभ्यर्थी से सांसद चिराग पासवान (Chirag Paswan) मिलने के लिए बुधवार की देर शाम दरभंगा पहुंचे. इस दौरान घायल अनिसुर रहमान के पिता फफक-फफक कर रो पड़े. चिराग ने परिवार को न्याय का भरोसा दिलाया.
चिराग पासवान ने झंडे का अपमान करने वाले एडीएम को बर्खास्त करने की मांग करते हुए उन पर देशद्रोह का मुकदमा दर्ज करने की मांग की. करीब घंटे भर की मुलाकात में कई बार चिराग पासवान भी भावुक हुए. अनिसुर रहमान से मुलाकत के बाद सांसद चिराग पासवान ने मीडिया से बात करते हुए बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से सवाल पूछा कि देश की शान तिरंगे से आखिर इतनी चिढ़ क्यों है? देशभक्ति और राष्ट्रभक्ति वाले लोगों से इतनी नफरत क्यों है? डंडे चलाने वाले अधिकारी को किस बात का घमंड है?

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इसी झंडे से यूक्रेन की सीमा से बाहर निकले थे लोग
चिराग पासवान ने उदाहरण देते हुए कहा कि जब यूक्रेन में युद्ध चल रहा था तो अपने देशवासियों के अलावा दूसरे देश के लोग भी यही तिरंगा दिखा कर सुरक्षित यूक्रेन की सीमा से बाहर निकले थे लेकिन अपने ही देश और प्रदेश में ऐसा नहीं होता है. चिराग पासवान ने कहा कि एडीएम ने तिरंगे पर लाठी मार क्या तिरंगे का अपमान नहीं हुआ? क्या यह देशद्रोही वाला काम नहीं है?
कथनी और करनी में अंतर: चिराग पासवान
चिराग ने घटना की निंदा करते हुए युवाओं की लड़ाई का समर्थन किया. कहा कि युवाओं की इस लड़ाई में वो उनके साथ हैं. साथ ही बिहार सरकार को घेरते हुए कहा कि नौकरी के लिए सरकार ने भर्ती निकाली थी तो फिर इसे टाल क्यों रही है? अपनी मांग मांगने वाले युवाओं की कोई गलती नहीं है. नीतीश कुमार के कथनी और करनी में अंतर है.
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Source: IOCL






















