गाजियाबाद: हिंडन मोक्ष स्थल पर विद्युत शवदाह का संचालन शुरू, कई कोविड-19 मरीजों का हुआ अंतिम संस्कार
गाजियाबाद के हिंडन मोक्ष स्थल पर विद्युत शवदाह का संचालन शुरू हो गई है. रविवार को कई ऐसे इंसानों का अंतिम संस्कार हुई, जिनकी कोरोना के संक्रमण से मौत हुई है. हालांकि, इस दौरान कुछ तकनीकी खामियां भी झेलनी पड़ रही हैं.

गाजियाबाद: यूपी के गाजियाबाद जिले में हिंडन मोक्ष स्थल पर विद्युत शवदाह का संचालन शुरू हो गया है. कोरोना महामारी के चलते इसका संचालन किया जा रहा है. हालांकि, तकनीकी रूप से अभी भी कुछ कमियां हैं. कोरोना के संकटकाल में इंसान के अंतिम क्रिया-कर्म में भू दिक्कतें का सामना करना पड़ रहा है. ऐसे में गाजियाबाद में विद्युत शवदाह केंद्र का संचालन शुरू करने का निर्णय लिया गया.
कई कोरोना मृतकों का हुआ अंतिम संस्कार
रविवार को यहां कई ऐसे व्यक्तियों का अंतिम संस्कार हुआ, जिनकी मौत कोरोना से हुई थी. कहा जा रहा है कि विद्युत शवदाह में अंतिम क्रिया करने से संक्रमण फैलने का खतरा भी तकरीबन खत्म हो जाता है. बता दें कि इस शवदाह का संचालन गाजियाबाद नगर निगम के अंतर्गत संचालन किया जा रहा है. नगर निगम के मुख्य नगर आयुक्त दिनेश चंद्र भी इस बात को मानते हैं कि विद्युत शवदाह में अंतिम संस्कार होने से शव को बार-बार छूने की प्रक्रिया से दूरी रहती है, जिसके चलते संक्रमण का खतरा तकरीबन खत्म हो जाता है. इतना ही नहीं, इससे पर्यावरण को भी कोई नुकसान नहीं पहुंचता है, क्योंकि आम दाह संस्कार में लकड़ियों का इस्तेमाल होता है.
झेलनी पड़ रहीं तकनीकी दिक्कतें
हालांकि, विद्युत शवदाह में भी कुछ तकनीकी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है. इस केंद्र को चलाने के लिए 72 हजार वाट बिजली की आवश्यकता होती है, जिसका लगातार फ्लो यहां अभी नहीं हो पा रहा है. जिसको लेकर विभागों में आपस में पत्राचार चल रहा है. कहा जा रहा है कि इसकी दो यूनिट होनी चाहिए थी, लेकिन फिलहाल एक ही यूनिट से इसको चलाया जा रहा है. अधिकारी उम्मीद कर रहे हैं कि जल्द ही जो कमियां है, उन से निजात पा ली जाएगी.
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