प्रदर्शन: कानपुर के व्यापारी बोले- सरकार जाग जाए वरना चुनाव में देंगे करारा जवाब
तीन राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव में बीजेपी को मिली हार के बाद व्यापारियों ने सरकार को चेतावनी दी है. व्यापारियों ने शंख, डमरू और घंटा बजाकर प्रदर्शन किया और कहा कि वे केंद्र सरकार को जगाने का प्रयास कर रहे हैं.

कानपुर: तीन राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव में बीजेपी को मिली हार के बाद व्यापारियों ने सरकार को चेतावनी दी है. व्यापारियों ने शंख, डमरू और घंटा बजाकर प्रदर्शन किया और कहा कि वे केंद्र सरकार को जगाने का प्रयास कर रहे हैं. डीएम कार्यालय के बाहर बड़ी संख्या में व्यापारी जमा हुए. प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री को संबोधित करते हुए ज्ञापन डीएम को सौंपा. व्यापारियों ने कहा कि यदि तीन राज्यों में सरकार गंवाने के बाद भी सरकार ने सबक नहीं लिया तो 2019 के लोकसभा चुनाव में गंभीर परिणाम भुगतने पड़ेंगे.
अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के महामंत्री ज्ञानेश मिश्रा ने कहा कि केंद्र सरकार की गलत आर्थिक नीतियों की वजह से पांच राज्यों में हुए विधानसभा चुनाव के परिणाम विपरीत आए हैं. व्यापारियों और देश की जनता में आक्रोश व्याप्त है. देश का किसान, बेरोजगार युवा और व्यापारी परेशान है. यदि समय रहते आप ने नीतियों में बदलाव नहीं किया तो वो दिन दूर नहीं है कि सत्ता से बेदखल होना पड़े.
उन्होंने कहा कि हमने सोयी हुई सरकार को डमरू, घंटा और शंख बजाकर जगाने का प्रयास किया है. प्रधानमंत्री ने पहले नोट बंदी करके इस देश में आर्थिक आपातकाल जैसा माहौल बनाया. देश की जनता को बैंक और एटीएम की लाइन लगाने को मजबूर किया. नोट बंदी की वजह से कितने बेकसूर लोगो को अपनी जान गंवानी पड़ी. इसके बाद जीएसटी और ईवे बिल ने तो व्यापारियों की कमर तोड़ कर रख दी. नोट बंदी के दौरान मार्केट में उतारे गए सिक्के व्यापारियों के लिए आफत बन गए. बैंक और रिजर्व बैंक सिक्के लेने को तैयार नहीं है हम सिक्के लेकर कहां जाएं.
मिश्रा ने कहा कि यदि सरकार जीएसटी की जटिलताए कम नहीं करती है और ईवे बिल को समाप्त नही करती है तो इसके दुष्परिणाम के लिए तैयार रहे. लोकसभा चुनाव में उत्तर प्रदेश में भी इनका तीन राज्यों जैसा ही हाल होने वाला है. उन्होंने ऑनलाइन व्यापार को लेकर भी नाराजगी जताई.
Source: IOCL

























