शुभेंदु सरकार का बड़ा एक्शन, ममता बनर्जी की पार्टी का एक और नेता गिरफ्तार, जबरन वसूली वसूली समेत गंभीर आरोप
Bengal News: इस गिरफ्तारी के साथ ही राज्य में सरकार बदलने के बाद से केएमसी के 13 पूर्व तृणमूल पार्षदों को जबरन वसूली और छेड़छाड़ जैसे आरोपों में गिरफ्तार किया जा चुका है.

पश्चिम बंगाल में सरकार बदलने और शुभेंदु सरकार के मुख्यमंत्री बनने के बाद जबरन वसूली और छेड़छाड़ जैसे मामलों में कोलकाता नगर निगम (KMC) के कई पूर्व पार्षदों की गिरफ्तारी हो चुकी है. KMC तृणमूल कांग्रेस के एक और पूर्व पार्षद को जबरन वसूली के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस के अधिकारियों ने सोमवार को यह जानकारी दी. गार्डन रीच के तृणमूल नेता और कोलकाता के पूर्व मेयर फिरहाद हकीम के करीबी सहयोगी शम्स इकबाल को एक लोकल व्यवसायी से 70 लाख रुपये की उगाही करने के आरोप में गिरफ्तार किया गया है.
वार्ड नंबर 134 का प्रतिनिधित्व करने वाले इकबाल ने कथित तौर पर अतीत में कई सार्वजनिक सभाओं में हकीम के साथ मंच साझा किया था. गार्डन रीच पुलिस स्टेशन में मोहम्मद शादाब द्वारा दर्ज कराई गई शिकायत के मुताबिक, इकबाल और उसके साथियों ने जून 2023 में उनसे जबरन वसूली शुरू कर दी थी. कथित तौर पर यह कहकर कि इलाके में अपना कारोबार सुचारू रूप से चलाने के लिए भुगतान जरूरी है.
शिकायतकर्ता का क्या आरोप?
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया कि उससे कुल 70 लाख रुपये जबरन ले लिए गए और उन्हें धमकी दी गई कि अगर उन्होंने पैसे नहीं दिए तो उन्हें और उनके परिवार को जान से मार दिया जाएगा. उन्होंने आगे दावा किया कि जबरन वसूली बार-बार जारी रही, जिसमें बंदूक के बल पर भी मांगें शामिल थीं. डर के मारे उन्होंने पहले पुलिस से संपर्क नहीं किया.
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पुलिस पूछताछ के लिए मांग सकती है कस्टडी
शिकायत के आधार पर इकबाल और उसके साथी मोहम्मद फराज और फिरोज कुरैशी के खिलाफ एफआईआर दर्ज की गई. पुलिस ने बताया कि आरोपी इलाके में प्रभावशाली थे. इकबाल को रविवार देर रात गिरफ्तार किया गया और सोमवार (29 जून) को उसे शहर की अदालत में पेश किया जाएगा. पुलिस आगे की पूछताछ के लिए उसकी कस्टडी की मांग कर सकती है.
जबरन वसूली और धमकी के आरोप
इकबाल पर पर संबंधित धाराओं के तहत मामले दर्ज किए गए हैं, जिनमें जबरन वसूली और आपराधिक धमकी शामिल हैं. आर्म्स एक्ट के तहत भी आरोप लगाए गए हैं. इस गिरफ्तारी के साथ ही राज्य में सरकार बदलने के बाद से केएमसी के 13 पूर्व तृणमूल पार्षदों को जबरन वसूली और छेड़छाड़ जैसे आरोपों में गिरफ्तार किया जा चुका है. पुलिस ने बताया कि अब और शिकायतकर्ता सामने आ रहे हैं, जिनका आरोप है कि वे पहले डर के कारण चुप थे. इस बीच, मेयर फिरहाद हकीम के इस्तीफे के बाद और नए चुनाव होने तक केएमसी सिविक बोर्ड को अभी एक एडमिनिस्ट्रेटर चला रहा है.
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