ED Raid Mohali: मोहाली में ED रेड के दौरान बड़ा कारनामा, 9वें फ्लोर से पैसों से भरा बैग फेंका, जानें पूरा मामला
ED Raid Mohali: मोहाली और चंडीगढ़ में ED ने की बड़ी रेड को अंजाम दिया है. इस दौरान सनटेक सिटी प्रोजेक्ट और कई बिल्डर्स जांच के घेरे में हैं.

मोहाली के खरड़ में गुरुवार (7 मई 2026) को ED की रेड के दौरान बड़ा मामला सामने आया. वेस्टर्न टॉवर्स नाम की बिल्डिंग में छापेमारी चल रही थी, तभी 9वें फ्लोर से नोटों से भरे दो बैग नीचे फेंक दिए गए. बताया जा रहा है कि यह रेड नितिन बंसल नाम के व्यक्ति के ठिकाने पर की जा रही थी. मौके पर मौजूद ED अधिकारियों ने तुरंत दोनों बैग अपने कब्जे में ले लिए. शुरुआती जानकारी के अनुसार, दोनों बैगों में करीब 21 लाख रुपये नकद मिले हैं. घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया और लोगों की भीड़ जमा हो गई.
ED की टीम ने मोहाली और चंडीगढ़ में मौजूद 12 जगहों पर छापेमारी की. यह कार्रवाई सनटेक सिटी प्रोजेक्ट से जुड़े कथित घोटाले और GMADA से CLU लाइसेंस लेने में गड़बड़ी के आरोपों को लेकर की गई है. इस कार्रवाई के बाद बिल्डर लॉबी और कारोबारियों में हड़कंप मच गया है. जानकारी के मुताबिक, जांच के घेरे में अजय सहगल, ABS Townships Pvt Ltd, Altus Builders, Dhir Constructions और उनसे जुड़े कई लोगों के नाम शामिल हैं. आरोप है कि इन बिल्डर्स ने GMADA से लाइसेंस लेने में नियमों का उल्लंघन किया और प्रोजेक्ट के नाम पर आम लोगों से सैकड़ों करोड़ रुपये जुटाए.
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सरकारी फीस और बाकी भुगतान में भुगतान
ED को शक है कि कई बिल्डर्स ने सरकारी फीस और बाकी भुगतान में भी बड़ी गड़बड़ी की है. जांच एजेंसी यह पता लगाने में जुटी है कि कहीं फर्जी दस्तावेजों और राजनीतिक पहुंच का इस्तेमाल करके नियमों को नजरअंदाज तो नहीं किया गया. इसी मामले में कारोबारी नितिन गोहल के ठिकानों पर भी तलाशी ली जा रही है. ED को संदेह है कि नितिन गोहल बिल्डर्स और सरकारी सिस्टम के बीच संपर्क कराने का काम करता था. उस पर आरोप है कि वह GMADA की फीस नहीं जमा करने वाले बिल्डर्स को राजनीतिक संरक्षण दिलाने में मदद करता था.
कौन है नितिन गोहल?
सूत्रों के अनुसार, नितिन गोहल को पंजाब मुख्यमंत्री कार्यालय यानी CMO से जुड़े कुछ प्रभावशाली लोगों का करीबी माना जाता है. उसका नाम मुख्यमंत्री के OSD के करीबी सहयोगी के रूप में भी सामने आया है. हालांकि, अभी तक किसी सरकारी अधिकारी के खिलाफ आधिकारिक कार्रवाई की पुष्टि नहीं हुई है. ED की टीम दस्तावेजों, बैंक रिकॉर्ड और आर्थिक लेनदेन की जांच कर रही है. माना जा रहा है कि आने वाले दिनों में इस मामले में और बड़े खुलासे हो सकते हैं.
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Source: IOCL
























