Amarnath Yatra 2026: क्या है छड़ी मुबारक ? अमरनाथ यात्रा के अंतिम चरण की ये परंपरा शुरू, जानें महत्व
गुरु पूर्णिमा पर आज जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में अमरनाथ यात्रा के महत्वपूर्ण छड़ी मुबारक अनुष्ठान की शुरुआत हुई. 28 अगस्त को यात्रा का आखिरी दिन है. क्या है ये परंपरा जानें इसका महत्व.

Amarnath Yatra 2026 Chhadi Mubarak: वार्षिक अमरनाथ यात्रा के आखिरी चरण की घोषणा करते हुए भगवान शिव और देवी पार्वती के पवित्र प्रतीक केसरिया वस्त्रों से सजी ‘छड़ी मुबारक’ आज श्रीनगर के दशनामी अखाड़े स्थित अपने स्थायी स्थान से रवाना हुई. इसके साथ ही शास्त्रों के अनुसार अमरनाथ यात्रा के औपचारिक अनुष्ठानों की शुरुआत हो गई है.
आषाढ़ पूर्णिमा पर पहलगाम में होंगे विशेष अनुष्ठान
पुरानी परंपरा के अनुसार, ‘छड़ी मुबारक स्वामी अमरनाथ जी’ की वार्षिक तीर्थयात्रा की पारंपरिक शुरुआत से जुड़े भूमि-पूजन, नवग्रह पूजन और ध्वजारोहण जैसे अनुष्ठान आज आषाढ़ पूर्णिमा यानी व्यास पूर्णिमा के शुभ अवसर पर पहलगाम में किए जाएंगे.
वैदिक मंत्रोच्चार के बीच श्रीनगर से रवाना हुई छड़ी मुबारक
छड़ी मुबारक के संरक्षक महंत दीपेंद्र गिरी और साधुओं के एक समूह की अगुवाई में वैदिक मंत्रों के उच्चारण के बीच पवित्र छड़ी को श्रीनगर से रवाना किया गया. इसके साथ ही वार्षिक श्री अमरनाथ यात्रा के समापन से जुड़े पारंपरिक समारोहों की शुरुआत हो गई.
गौरी शंकर मंदिर में होंगे भूमि पूजन और ध्वजारोहण
पारंपरिक भूमि पूजन, नवग्रह पूजन और ध्वजारोहण की रस्में निभाने के लिए छड़ी मुबारक श्रीनगर से पहलगाम स्थित गौरी शंकर मंदिर के लिए रवाना हुई. आज बाद में श्रीनगर लौटते समय यह पवित्र छड़ी मट्टन स्थित ऐतिहासिक मार्तंड सूर्य मंदिर में भी रुकेगी, जहां पवित्र स्नान का अनुष्ठान किया जाएगा.
शंकराचार्य और शारिका भवानी मंदिर भी जाएगी छड़ी मुबारक
इन शुरुआती अनुष्ठानों के बाद छड़ी मुबारक को श्रीनगर के अन्य ऐतिहासिक मंदिरों में ले जाया जाएगा. कार्यक्रम के अनुसार, 12 अगस्त को ऐतिहासिक शंकराचार्य मंदिर और 13 अगस्त को शारिका भवानी मंदिर में छड़ी मुबारक के दर्शन और पूजा का कार्यक्रम होगा.
15 अगस्त को होगा छड़ी-स्थापना का अनुष्ठान
इसके बाद शनिवार 15 अगस्त 2026 को श्री अमरेश्वर मंदिर, दशनामी अखाड़ा, श्रीनगर में छड़ी-स्थापना का पारंपरिक अनुष्ठान किया जाएगा. इसके बाद पवित्र छड़ी को श्री अमरेश्वर मंदिर में औपचारिक रूप से स्थापित किया जाएगा, जहां श्रद्धालु इसके दर्शन कर सकेंगे.
नाग पंचमी पर होगा छड़ी-पूजन
17 अगस्त 2026 को नाग पंचमी के शुभ अवसर पर श्रीनगर के दशनामी अखाड़े में पारंपरिक पवित्र छड़ी-पूजन किया जाएगा. यह अनुष्ठान अमरनाथ यात्रा की धार्मिक परंपरा में विशेष महत्व रखता है.
22 अगस्त से शुरू होगा अमरनाथ यात्रा का मुख्य पैदल चरण
छड़ी मुबारक की मुख्य पैदल यात्रा 22 अगस्त 2026 से शुरू होगी. यात्रा के दौरान पहलगाम में 22 और 23 अगस्त को रात्रि विश्राम होगा. इसके बाद 24 अगस्त को चंदनवाड़ी, 25 अगस्त को शेषनाग और 26 व 27 अगस्त को पंचतरणी में रात्रि विश्राम की व्यवस्था होगी.
28 अगस्त को पवित्र गुफा में होगी अंतिम पूजा
मुख्य यात्रा पूरी होने के बाद महंत दीपेंद्र गिरी पवित्र छड़ी को स्वामी अमरनाथ जी की पवित्र गुफा तक ले जाएंगे. 28 अगस्त 2026 को श्रावण पूर्णिमा के शुभ अवसर पर पवित्र गुफा में पूजन और दर्शन किए जाएंगे. इसी के साथ छड़ी मुबारक की यात्रा और इस वर्ष की श्री अमरनाथ यात्रा के धार्मिक समापन समारोह संपन्न होंगे.
(FAQ)
1. छड़ी मुबारक क्या है?
छड़ी मुबारक भगवान शिव की पवित्र छड़ी मानी जाती है, जिसे केसरिया वस्त्रों और फूलों से सजाया जाता है. इसके साथ अमरनाथ यात्रा से जुड़े कई पारंपरिक धार्मिक अनुष्ठान संपन्न किए जाते हैं.
2. 2026 में छड़ी मुबारक की मुख्य पैदल यात्रा कब शुरू होगी?
छड़ी मुबारक की मुख्य पैदल यात्रा 22 अगस्त 2026 से शुरू होगी. यात्रा के दौरान पहलगाम, चंदनवाड़ी, शेषनाग और पंचतरणी में रात्रि विश्राम होगा.
3. छड़ी मुबारक पर कौन-कौन से प्रमुख अनुष्ठान किए जाते हैं?
छड़ी मुबारक से जुड़ी परंपरा में भूमि पूजन, नवग्रह पूजन, ध्वजारोहण, छड़ी स्थापना और छड़ी पूजन जैसे प्रमुख अनुष्ठान शामिल हैं.
4. 2026 में छड़ी मुबारक अमरनाथ गुफा कब पहुंचेगी?
28 अगस्त 2026, श्रावण पूर्णिमा के दिन छड़ी मुबारक अमरनाथ की पवित्र गुफा पहुंचेगी, जहां अंतिम पूजा और दर्शन के साथ इस वर्ष की अमरनाथ यात्रा के धार्मिक समापन समारोह संपन्न होंगे.
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