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ब्लड ग्रुप ही बता देगा कि आपको कब पड़ेगा स्ट्रोक? खतरे से पहले कर लें बचने की तैयारी

इस स्टडी में रिसर्चर्स ने पाया कि 'ए' ब्लड ग्रुप वाले लोगों में 60 साल की उम्र से पहले स्ट्रोक होने का खतरा थोड़ा ज्यादा हो सकता है, जबकि 'ओ' ब्लड ग्रुप वाले लोगों में यह जोखिम सबसे कम पाया गया.

मैरीलैंड विश्वविद्यालय के स्कूल ऑफ मेडिसिन की नई स्टडी में अहम बात सामने आई. इसमें पता लगा कि आपका ब्लड ग्रुप स्ट्रोक के खतरे का सिग्नल दे सकता है, खासकर 60 साल की उम्र से पहले. यह रिसर्च जामा न्यूरोलॉजी जर्नल में पब्लिश हुई है, जो हमें स्ट्रोक के संभावित कारणों को समझाती है. 

ब्लड ग्रुप और स्ट्रोक का संबंध

इस स्टडी में रिसर्चर्स ने पाया कि 'ए' ब्लड ग्रुप वाले लोगों में 60 साल की उम्र से पहले स्ट्रोक होने का खतरा थोड़ा ज्यादा हो सकता है, जबकि 'ओ' ब्लड ग्रुप वाले लोगों में यह जोखिम सबसे कम पाया गया. 'B' ब्लड ग्रुप वाले लोगों का जोखिम 'ए' और 'ओ' के बीच था.

रिसर्चर्स ने दुनिया भर के 48 अध्ययनों से डेटा इकट्ठा किया, जिसमें कुल 17,000 स्ट्रोक के मरीज और लगभग 6 लाख स्वस्थ लोग शामिल थे. उन्होंने मुख्य रूप से इस्केमिक स्ट्रोक पर ध्यान केंद्रित किया, जो तब होता है जब मस्तिष्क में रक्त का प्रवाह बाधित हो जाता है.

यह संबंध क्यों?

वैज्ञानिकों का मानना है कि ब्लड ग्रुप का संबंध कुछ ऐसे कारकों से हो सकता है, जो रक्त के थक्के (ब्लड क्लॉट्स) बनने या रक्त वाहिकाओं को प्रभावित करने की प्रवृत्ति को बढ़ाते हैं. उदाहरण के लिए, 'ए' ब्लड ग्रुप वाले लोगों में रक्त के थक्के बनने की संभावना थोड़ी ज्यादा हो सकती है, जो स्ट्रोक का एक प्रमुख कारण है. हालांकि, इस पर अभी और शोध की जरूरत है, कि यह संबंध कैसे काम करता है.

60 साल की उम्र से पहले स्ट्रोक का बढ़ता खतरा

अध्ययन का एक और महत्वपूर्ण बिंदु यह है कि यह संबंध खासकर कम उम्र के स्ट्रोक (60 साल से पहले होने वाले स्ट्रोक) में ज्यादा स्पष्ट पाया गया. इसका मतलब यह नहीं है कि 'ए' ब्लड ग्रुप वाले सभी लोगों को स्ट्रोक होगा, बल्कि यह सिर्फ एक अतिरिक्त जोखिम कारक हो सकता है जिस पर ध्यान देने की जरूरत है. उम्र बढ़ने के साथ, अन्य कारक जैसे हाई ब्लड प्रेशर, डायबिटीज, धूम्रपान और मोटापा स्ट्रोक के प्रमुख जोखिम कारक बन जाते हैं, जो ब्लड ग्रुप के प्रभाव को कम कर सकते हैं.

इन बातों का रखें विशेष ध्यान

  • घबराएं नहीं: यदि आपका ब्लड ग्रुप 'ए' है, तो इसका मतलब यह बिल्कुल नहीं है कि आपको स्ट्रोक होगा ही.यह सिर्फ एक संभावित जोखिम कारक है, अन्य कारकों की तुलना में इसका प्रभाव कम हो सकता है.
  • जागरूक रहें: यह अध्ययन हमें स्ट्रोक के जोखिम कारकों को बेहतर ढंग से समझने में मदद करता है. यदि आप 'ए' ब्लड ग्रुप के हैं तो आपको अपने ओवरऑल हेल्थ पर अधिक ध्यान देना चाहिए.
  • हेल्दी लाइफस्टाइल अपनाएं: सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि स्ट्रोक के जोखिम को कम करने के लिए हमेशा हेल्दी लाइफस्टाइल अपनानी चाहिए. इसमें शामिल है.
  • ब्लड प्रेशर को कंट्रोल में रखना
  • डायबिटीज को मैनेज करना
  • धूम्रपान और शराब से बचना
  • स्वस्थ वजन बनाए रखना
  • नियमित व्यायाम करना
  • पौष्टिक आहार लेना
  • डॉक्टर से बात करें: यदि आपको स्ट्रोक के किसी भी जोखिम कारक को लेकर चिंता है, तो अपने डॉक्टर से सलाह जरूर लें. वे आपकी कंडीशन के आधार पर सही सलाह दे सकते हैं.

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Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

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About the author सोनम

जर्नलिज्म की दुनिया में करीब 15 साल बिता चुकीं सोनम की अपनी अलग पहचान है. वह खुद ट्रैवल की शौकीन हैं और यही वजह है कि अपने पाठकों को नई-नई जगहों से रूबरू कराने का माद्दा रखती हैं. लाइफस्टाइल और हेल्थ जैसी बीट्स में उन्होंने अपनी लेखनी से न केवल रीडर्स का ध्यान खींचा है, बल्कि अपनी विश्वसनीय जगह भी कायम की है. उनकी लेखन शैली में गहराई, संवेदनशीलता और प्रामाणिकता का अनूठा कॉम्बिनेशन नजर आता है, जिससे रीडर्स को नई-नई जानकारी मिलती हैं. 

लखनऊ यूनिवर्सिटी से जर्नलिज्म में ग्रैजुएशन रहने वाली सोनम ने अपने पत्रकारिता के सफर की शुरुआत भी नवाबों के इसी शहर से की. अमर उजाला में उन्होंने बतौर इंटर्न अपना करियर शुरू किया. इसके बाद दैनिक जागरण के आईनेक्स्ट में भी उन्होंने काफी वक्त तक काम किया. फिलहाल, वह एबीपी लाइव वेबसाइट में लाइफस्टाइल डेस्क पर बतौर कंटेंट राइटर काम कर रही हैं.

ट्रैवल उनका इंटरेस्ट  एरिया है, जिसके चलते वह न केवल लोकप्रिय टूरिस्ट प्लेसेज के अनछुए पहलुओं से रीडर्स को रूबरू कराती हैं, बल्कि ऑफबीट डेस्टिनेशन्स के बारे में भी जानकारी देती हैं. हेल्थ बीट पर उनके लेख वैज्ञानिक तथ्यों और सामान्य पाठकों की समझ के बीच बैलेंस बनाते हैं. सोशल मीडिया पर भी सोनम काफी एक्टिव रहती हैं और अपने आर्टिकल और ट्रैवल एक्सपीरियंस शेयर करती रहती हैं.

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