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हड्डी का कैंसर एक बार ठीक होने के बाद दोबारा हो सकता है? क्यों है ये दूसरे कैंसर से अलग

हड्डी या यूं कहें बोन कैंसर (Bone Cancer) के शुरुआती लक्षण जल्दी नजर नहीं आते हैं.आपकी जानकारी के लिए बता दें कि शुरुआत में इसका इलाज करना बेहद मुश्किल है.

Bone Cancer: हड्डी या यूं कहें बोन कैंसर (Bone Cancer) के शुरुआती लक्षण जल्दी नजर नहीं आते हैं.आपकी जानकारी के लिए बता दें कि शुरुआत में इसका इलाज करना बेहद मुश्किल है. बोन कैंसर तब होता है जब एक ट्यूमर या टिश्यूज असामान्य रूप में हड्डी में बनने लगता है. इसे बोन सार्कोमा भी कहा जाता है. कैंसर के ट्यूमर बहुत खतरनाक होते हैं और यह काफी तेजी से शरीर में फैलते हैं. हड्डी का कैंसर एक बार हो जाए तो वह धीरे-धीरे फैलने ही लगता है. दोबारा ठीक होने चांसेस कम रहते हैं. 

हड्डी के कैंसर की शुरुआत

हड्डी का कैंसर आपके शरीर के किसी भी हड्डी में शुरू हो सकता है, लेकिन यह आमतौर पर पैल्विक हड्डी या पैरों या बाहों में लंबी हड्डियों, जैसे आपकी पिंडली, फीमर या ऊपरी बांह में शुरू हो सकता है. 

हड्डियों में शुरू होने वाला कैंसर बेहद अनकॉमन है. एक बार यह हो जाए तो बेहद खतरनाक रूप ले सकता है. इसलिए शुरुआत में ही इसकी पहचना करना महत्वपूर्ण है. बोन कैंसर शरीर के किसी भी हड्डी में शुरू होकर दूसरे हड्डी तक फैल सकता है.

हड्डी के कैंसर के टाइप

प्राइमरी हड्डी के कैंसर सभी हड्डी के कैंसर में सबसे गंभीर हैं.वे सीधे हड्डियों या आसपास के टिश्यूज में बनते हैं.

सेकेंडरी बोन कैंसर आपके शरीर के दूसरे हिस्से से आपकी हड्डियों तक भी फैल सकता है या मेटास्टेसिस कर सकता है. यह कैंसर प्राइमरी हड्डी के कैंसर से ज्यादा नॉर्मल है.

ओस्टियोसारकोमा

ओस्टियोसारकोमा या ओस्टियोजेनिक सार्कोमा यह आमतौर पर बच्चों और यंग लोगों को अपना शिकार बनाता है, लेकिन यह वयस्कों में भी हो सकता है. बोन कैंसर की शुरुआत हाथ और पैरों की लंबी हड्डियों के ऊपरी हिस्सों पर होता है. ओस्टियोसारकोमा कूल्हों, कंधों या शरीर के दूसरे हिस्से में भी शुरू हो सकता है. यह हार्ड टिश्यूज को प्रभावित करता है जो आपकी हड्डियों की बाहरी लेयर होता है. ओस्टियोसारकोमा प्राइमरी हड्डी के कैंसर का सबसे आम प्रकार है, जिससे 2 से 3 हड्डी के कैंसर के मामले सामने आते हैं

इविंग सरकोमा

इविंग सरकोमा प्राइमरी हड्डी के कैंसर का दूसरा सबसे आम प्रकार है. यह या तो हड्डियों के आसपास के सॉफ्ट टिश्यूज में या सीधे हड्डियों में शुरू होता है, और यह अक्सर बच्चों और युवा वयस्कों को प्रभावित करता है. आपके शरीर की लंबी हड्डियां जैसे आपके हाथ और पैर में होता है.

कोंड्रोसारकोमा 30 से अधिक उम्र वाले लोगों में होता है. यह शरीर के थाई और कंधों की हड्डियों में शुरू होता है. 

यह सबकोन्ड्रल टिश्यूज में बनता है, जो आपकी हड्डियों के बीच का कठोर संयोजी ऊतक है. ये ट्यूमर आम तौर पर धीमी गति से बढ़ने वाले होते हैं. यह हड्डियों से जुड़ा सबसे कम आम प्राइमरी कैंसर है.

सिंगल मायलोमा

मल्टीपल मायलोमा (एमएम) हड्डियों को प्रभावित करने वाला सबसे आम प्रकार का कैंसर है.

हालांकि, इसे प्राइमरी हड्डी का कैंसर नहीं माना जाता है क्योंकि यह प्लाज्मा कोशिकाओं में शुरू होता है. यह तब होता है जब कैंसर के टिश्यूज बोन मैरो में बढ़ती हैं और दूसरे हड्डियों में भी ट्यूमर का कारण बनती हैं. 

हड्डी के कैंसर के लक्षण क्या हैं?

जिस हड्डी में कैंसर होता है उसमें तेज दर्द और सूजन हो जाता है. यही इसके शुरुआतील लक्षण है

हड्डी के कैंसर की शुरुआत शरीर के लंबे हड्डी में होती है. 

कैंसर के शुरुआती लक्षण है अक्सर थकान महसूस होना.

हड्डी में तेज दर्द जिसकी वजह से आप सो भी नहीं पाते हैं.

हड्डी के कैंसर होने पर आसानी से हड्डी टूटने लगते हैं.

वजन घटना.

बुखार.

Disclaimer: इस आर्टिकल में बताई विधि, तरीक़ों और सुझाव पर अमल करने से पहले डॉक्टर या संबंधित एक्सपर्ट की सलाह जरूर लें.

ये भी पढ़ें: 'लंपी वायरस' से इन्फेक्टेड गाय का दूध पीना कितना सेफ? कहीं इंसानों के लिए ये जानलेवा तो नहीं? जानें   

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