Lightning Strike Reason: आसमान में कड़कते वक्त कब गिरती है बिजली, जानें क्या होती है इसकी वजह
Lightning Strike Reason: तूफान और बारिश के दौरान आसमान में बिजली चमकती है. आइए जानते हैं कि यह बिजली कब गिरती है और क्या होती है इसके पीछे की वजह.

Lightning Strike Reason: बिजली प्रकृति की सबसे खतरनाक घटनाओं में से एक है. आमतौर पर यह तेज तूफान के दौरान ही चमकता है. बिजली तब गिरती है जब बादलों और जमीन के बीच या फिर खुद बादलों के अंदर इलेक्ट्रिकल संतुलन इतना ज्यादा हो जाता है कि वह अचानक डिस्चार्ज हो जाता है. यह डिस्चार्ज हमें रोशनी की एक तेज चमक के रूप में दिखाई देता है और इसके बाद गरज की आवाज आती है.
बादल इलेक्ट्रिकली चार्ज कैसे होते हैं
तूफान के दौरान बड़े-बड़े बादल आसमान में काफी ऊपर उठ जाते हैं. इन बादलों के अंदर पानी की बूंद, बर्फ के क्रिस्टल और ओले तेज हवाओं और तूफान की वजह से एक दूसरे से टकराते हैं. इस लगातार घर्षण से इलेक्ट्रिकल चार्ज अलग हो जाते हैं. हल्के बर्फ के कण ऊपर चले जाते हैं और पॉजिटिव चार्ज हो जाते हैं. इसके बाद भारी पानी की बूंदे और ओले बादल के निचले हिस्से की तरफ चले जाते हैं और नेगेटिव चार्ज हो जाते हैं. समय के साथ इससे बदल के अंदर एक शक्तिशाली इलेक्ट्रिकल असंतुलन पैदा होता है.
बिजली जमीन की तरफ क्यों जाती है
तूफानी बदल के निचले हिस्से में एक बड़ा नेगेटिव चार्ज होता है. उसी समय पृथ्वी की सतह पर इसके जवाब में पॉजिटिव चार्ज बन जाता है. जैसे-जैसे इन विपरीत चीजों के बीच अंतर बढ़ता है इलेक्ट्रिकल आकर्षण काफी ज्यादा मजबूत हो जाता है. जब चार्ज एक तय सीमा को पार कर जाता है तब बिजली हवा में से अपना रास्ता बना लेती है. इससे हवा की इंसुलेटिंग प्रॉपर्टी टूट जाती है. बिजली का बादल से जमीन तक यह अचानक गुजरना हमें बिजली गिरने के रूप में महसूस होता है.
हवा बिजली को क्यों नहीं रोक पाती
आमतौर पर हवा एक इंसुलेटर का काम करती है और बिजली को आसानी से पास नहीं होने देती. लेकिन जब बादल के अंदर इलेक्ट्रिकल चार्ज काफी ज्यादा शक्तिशाली हो जाता है तब यह हवा को आयनाइज कर देता है. इससे एक कंडक्टिव रास्ता बन जाता है. जब यह रास्ता बन जाता है तो बिजली चमक के साथ तेजी से इस रास्ते पर चलती है.
बिजली आमतौर पर कहां गिरती है
बिजली हमेशा जमीन तक पहुंचाने के लिए सबसे छोटे और आसान रास्ते को ढूंढती है. यही वजह है कि पेड़, मोबाइल टावर, बिजली के खंभे और ऊंची इमारतें जैसी ऊंची चीजों पर ज्यादा बिजली गिरती है. ऊंचाई से बिजली के लिए बादल और पृथ्वी के बीच अपना रास्ता पूरा करना आसान हो जाता है. यही वजह है कि ऊंची इमारतों पर लाइटनिंग रॉड लगाए जाते हैं ताकि इलेक्ट्रिक चार्ज को सुरक्षित रूप से जमीन में भेजा जा सके.
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