गवाही के लिए कितनी होनी चाहिए मिनिमम उम्र, क्या बच्चे भी बन सकते हैं गवाह?
Children Testimony: मध्य प्रदेश से एक हत्या का मामला सामने आया था, जिसमें एक शख्स ने अपनी 7 साल की बेटी के सामने अपनी पत्नी की हत्या की थी, इसी आधार पर उसे गिरफ्तार किया गया.

Children Testimony: दुनियाभर में कई ऐसे मर्डर केस आए हैं, जिनकी पहली आज तक नहीं सुलझ पाई है. भारत में भी पिछले कुछ सालों में ऐसे मामले सामने आए हैं, जहां पुलिस को कोई भी सबूत और गवाह नहीं मिला. कुछ दिन पहले ऐसा ही एक मामला आया था, जिसमें एक पति ने दावा किया कि उसकी पत्नी ने सुसाइड कर लिया है. हालांकि कुछ दिन बाद उसकी छोटी बच्ची ने एक ड्रॉइंग बनाकर पूरे मामले का खुलासा कर दिया और बता दिया कि कैसे उसके पिता ने उसकी मां की हत्या कर दी. अब ऐसे ही एक मामले को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है, जिसमें ये साफ हो गया है कि नाबालिग गवाह बन सकते हैं.
कितने छोटे बच्चे बन सकते हैं गवाह?
अब तक इस बात को लेकर कंफ्यूजन थी कि उम्र में ज्यादा छोटे बच्चे किसी हत्या के मामले में गवाह नहीं बन सकते हैं. क्योंकि वो ऐसे मामलों में कुछ भी बोल सकते हैं. हालांकि मध्य प्रदेश के एक मामले को लेकर अब सुप्रीम कोर्ट ने साफ कर दिया है कि गवाही के लिए उम्र की कोई सीमा नहीं है. यानी छोटी उम्र के बच्चे भी ऐसे मामले में गवाह बनाए जा सकते हैं.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल मध्य प्रदेश से एक हत्या का मामला सामने आया था, जिसमें एक शख्स ने अपनी 7 साल की बेटी के सामने अपनी पत्नी की हत्या की थी. जिसके बाद पुलिस ने उसी बच्ची की गवाही पर शख्स के खिलाफ केस दर्ज किया और मामला हाईकोर्ट तक चला गया. इस मामले में हाईकोर्ट ने बच्ची की गवाही मानने से इनकार कर दिया और आरोपी को बरी करने के आदेश जारी हो गए. जिसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने इस मामले को पलटते हुए साफ कर दिया कि गवाही में उम्र की सीमा नहीं होनी चाहिए. सुप्रीम कोर्ट ने ये भी कहा कि बच्चों के बयानों को आसानी से बदला जा सकता है, ऐसे में पुलिस को सावधानी जरूर बरतनी चाहिए.
इस फैसले को पलटते हुए सुप्रीम कोर्ट ने साफ किया कि बच्चा अगर गवाही देने या फिर पहचान करने में सक्षम है तो वो किसी भी और गवाह की तरह गवाही दे सकते हैं और ये मान्य होगी. बच्चे की गवाही को ऐसे सिरे से नकार देना ठीक नहीं है. इस मामले में सुप्रीम कोर्ट ने आरोपी पिता को उम्रकैद की सजा सुनाई है.
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Source: IOCL
























