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Iran Petrol Price: ईरान में कितने रुपये लीटर है पेट्रोल, भारत से सस्ता या महंगा?

Iran Petrol Price: युद्ध की मार झेल रहे ईरान में पेट्रोल की कीमतें भारत के मुकाबले न के बराबर हैं. भारत में ईंधन की दरें आसमान छू रही हैं, वहीं ईरान में भारी पेट्रोल महज कुछ रुपयों में मिल रहा है.

Iran Petrol Price: पूरी दुनिया में पेट्रोल-डीजल की बढ़ती कीमतें जहां आम आदमी की जेब खाली कर रही हैं, वहीं एक देश ऐसा भी है जहां ईंधन की कीमत पानी की बोतल से भी कम हैं. मिडिल ईस्ट में जारी भीषण युद्ध और इजरायल-अमेरिका के हमलों के बीच घिरा ईरान, आज अपनी सस्ती तेल दरों को लेकर चर्चा में है. जहां भारत में पेट्रोल 100 रुपये के करीब है, वहीं ईरान में यह मात्र कुछ रुपयों में उपलब्ध है आखिर इस सस्ते ईंधन के पीछे का गणित क्या है?

ईरान में पेट्रोल भारत से सस्ता या महंगा?

मिडिल ईस्ट में इस समय युद्ध के हालात हैं. इजरायल और अमेरिका के हमलों ने ईरान के भीतर अशांति पैदा कर दी है, जिसके चलते कई देशों ने अपने नागरिकों को वहां से निकलने की सलाह दी है, लेकिन इन सबके बीच ईरान की एक बात जो दुनिया को हैरान करती है, वह है वहां मिलने वाला दुनिया का सबसे सस्ता पेट्रोल और डीजल. ईरान दुनिया के उन चुनिंदा देशों में शामिल है जहां तेल और प्राकृतिक गैस के विशाल भंडार मौजूद हैं, और यही कारण है कि वहां की अर्थव्यवस्था पूरी तरह से तेल पर टिकी है.

ईरान में क्या हैं मौजूदा कीमतें?

ईरान में ईंधन की दरें इतनी कम हैं कि भारतीय मुद्रा में उनकी गणना करना भी चौंकाने वाला है. वर्तमान में ईरान में पेट्रोल की कीमत औसतन 2 रुपये प्रति लीटर के आसपास बैठती है. वहीं अगर डीजल की बात करें, तो इसकी कीमत महज 25 पैसे प्रति लीटर के करीब है. इस हिसाब से देखें तो भारत में एक लीटर पानी की बोतल भी 20 रुपये की आती है, जिसका मतलब है कि ईरान में आप एक पानी की बोतल की कीमत में 10 लीटर पेट्रोल खरीद सकते हैं.

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क्यों है ईरान में इतना सस्ता ईंधन?

ईरान में ईंधन सस्ता होने के पीछे कोई जादू नहीं, बल्कि सरकार की सोची-समझी नीतियां हैं.

इसके तीन प्रमुख कारण हैं:

भारी सरकारी सब्सिडी: ईरानी सरकार अपने नागरिकों को ईंधन पर दुनिया में सबसे ज्यादा सब्सिडी देती है. सरकार का मानना है कि तेल देश का अपना संसाधन है, इसलिए जनता को इसका लाभ मिलना चाहिए.

विशाल तेल भंडार: ईरान प्राकृतिक संसाधनों के मामले में दुनिया में पांचवें स्थान पर आता है. खुद का उत्पादन होने के कारण इसे बाहर से तेल आयात नहीं करना पड़ता, जिससे परिवहन और टैक्स का खर्च बच जाता है.

कोटा सिस्टम: ईरान में 'ग्लोबल पेट्रोल प्राइसेस' की रिपोर्ट के अनुसार, ईंधन को एक निश्चित कोटा के तहत बेचा जाता है.

कैसे काम करता है कोटा सिस्टम?

ईरान में हर नागरिक को महीने का एक फिक्स कोटा मिलता है. 

पेट्रोल का कोटा: शुरुआती 60 लीटर पेट्रोल के लिए नागरिकों को लगभग 15,000 ईरानी रियाल देने होते हैं, जो भारतीय रुपये में 1.30 रुपये प्रति लीटर के करीब बैठता है.

कोटा खत्म होने के बाद: अगर कोई व्यक्ति 60 लीटर की लिमिट पार कर लेता है, तो उसे 'फ्री मार्केट रेट' पर पेट्रोल खरीदना पड़ता है. यह दर भी भारत के मुकाबले बहुत कम है, जो लगभग 2.5 रुपये से 3 रुपये प्रति लीटर तक जाती है.

डीजल की स्थिति: डीजल के लिए भी कोटा सिस्टम है. शुरुआती कोटा में यह 25 पैसे और कोटा खत्म होने पर अधिकतम 50 पैसे प्रति लीटर तक बिकता है.

युद्ध का असर और भविष्य की स्थिति

वर्तमान में इजरायल के साथ चल रहे युद्ध और अमेरिका के कड़े प्रतिबंधों के कारण ईरान की सप्लाई चेन प्रभावित हो सकती है. अगर युद्ध लंबा खिंचता है और ईरान के रिफाइनरी ठिकानों को नुकसान पहुंचता है, तो संभव है कि आने वाले समय में ईरान को भी अपनी सब्सिडी कम करनी पड़े और कीमतें बढ़ जाएं. फिलहाल, युद्ध की विभीषिका के बीच भी ईरान के लोग दुनिया का सबसे सस्ता ईंधन इस्तेमाल कर रहे हैं.

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About the author निधि पाल

निधि पाल को पत्रकारिता में छह साल का तजुर्बा है. लखनऊ से जर्नलिज्म की पढ़ाई पूरी करने के बाद इन्होंने पत्रकारिता की शुरुआत भी नवाबों के शहर से की थी. लखनऊ में करीब एक साल तक लिखने की कला सीखने के बाद ये हैदराबाद के ईटीवी भारत संस्थान में पहुंचीं, जहां पर दो साल से ज्यादा वक्त तक काम करने के बाद नोएडा के अमर उजाला संस्थान में आ गईं. यहां पर मनोरंजन बीट पर खबरों की खिलाड़ी बनीं. खुद भी फिल्मों की शौकीन होने की वजह से ये अपने पाठकों को नई कहानियों से रूबरू कराती थीं.

अमर उजाला के साथ जुड़े होने के दौरान इनको एक्सचेंज फॉर मीडिया द्वारा 40 अंडर 40 अवॉर्ड भी मिल चुका है. अमर उजाला के बाद इन्होंने ज्वाइन किया न्यूज 24. न्यूज 24 में अपना दमखम दिखाने के बाद अब ये एबीपी न्यूज से जुड़ी हुई हैं. यहां पर वे जीके के सेक्शन में नित नई और हैरान करने वाली जानकारी देते हुए खबरें लिखती हैं. इनको न्यूज, मनोरंजन और जीके की खबरें लिखने का अनुभव है. न्यूज में डेली अपडेट रहने की वजह से ये जीके के लिए अगल एंगल्स की खोज करती हैं और अपने पाठकों को उससे रूबरू कराती हैं.

खबरों में रंग भरने के साथ-साथ निधि को किताबें पढ़ना, घूमना, पेंटिंग और अलग-अलग तरह का खाना बनाना बहुत पसंद है. जब ये कीबोर्ड पर उंगलियां नहीं चला रही होती हैं, तब ज्यादातर समय अपने शौक पूरे करने में ही बिताती हैं. निधि सोशल मीडिया पर भी अपडेट रहती हैं और हर दिन कुछ नया सीखने, जानने की कोशिश में लगी रहती हैं.

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