एक्सप्लोरर

क्या होती है सिगरेट पैंट, जिसे महिला अधिकारियों के पहनने पर Indian Army ने लगाई रोक?

Indian Army New Uniform Rules: हाल ही में भारतीय सेना ने अपने यूनिफॉर्म और ग्रूमिंग से जुड़े कुछ नियमों में बदलाव किया है. आइए जानते हैं क्या है यह बदलाव.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • सेना ने अनुशासन, पहचान हेतु वर्दी व ग्रूमिंग नियम बदले।
  • महिला अफसरों को औपचारिक साड़ी/सूट; सिगरेट पैंट प्रतिबंधित।
  • भारतीय गरिमा, पेशेवराना बढ़ावा; ड्यूटी पर कुछ ग्रूमिंग वर्जित।

Indian Army New Uniform Rules: भारतीय सेना ने अपनी फोर्स में प्रोफेशनलिज्म, अनुशासन और मजबूत भारतीय पहचान को बढ़ावा देने के लिए अपनी यूनिफॉर्म और ग्रूमिंग से जुड़े नियमों में बदलाव किए हैं. इन बदलावों के तहत महिला अफसरों को औपचारिक कार्यक्रमों में साड़ी, कुर्ता सलवार सेट और टखने तक की लंबाई वाली स्ट्रेट कट ट्राउजर पहनने की इजाजत दी गई है. साथ ही सेना ने कुछ तरह के कैजुअल कपड़ों पर भी रोक लगा दी है जिनमें सिगरेट पैंट, पलाजो और बिना आस्तीन वाले कुर्ते शामिल हैं. इसी बीच आइए जानते हैं कि सिगरेट पैंट क्या है और इस पर रोक क्यों लगाई गई.

सिगरेट पैंट क्या है?

सिगरेट पैंट स्लिम फिट ट्राउजर्स होती हैं जो कमर से लेकर टखनों तक पैरों के आकार के अनुसार फिट होती हैं. ये आमतौर पर संकरी और स्ट्रेट कट होती हैं और टखने के ठीक ऊपर खत्म होती हैं. जिस वजह से यह एक स्लीक लुक देती है. इनका पतला और सीधा आकार सिगरेट जैसा दिखता है इस वजह से इनका नाम सिगरेट पैंट पड़ा है.

भारतीय सेना ने इन पर रोक क्यों लगाई?

सेना के नए यूनिफॉर्म 2026 मैन्युअल के मुताबिक सिगरेट पैंट को कैजुअल वेस्टर्न स्टाइल कपड़ों की श्रेणी में रखा गया है.  यह औपचारिक सैन्य कार्यक्रमों में अपेक्षित मर्यादा के अनुरूप नहीं है.  सेना का ऐसा मानना है कि ऐसे कपड़े सैन्य सेवा से जुड़ी गरिमा, अनुशासन और प्रोफेशनल छवि को नहीं दर्शाते हैं.

यह भी पढ़ेंः  4% गिरे क्रूड ऑयल के दाम, इससे कितना सस्ता हो जाएगा पेट्रोल-डीजल; क्या भारत में भी घटेंगे दाम?

भारतीय परंपरा और औपचारिकता पर जोर 

सेना का नया ड्रेस कोड औपनिवेशिक दूर के कुछ प्रभावों से दूर हटकर भारतीय सांस्कृतिक पहचान को बढ़ावा देने की एक बड़ी पहल का हिस्सा है. अब महिला अफसरों को ऐसे कपड़े पहनने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा है जिन्हें ज्यादा औपचारिक और सांस्कृतिक रूप से सही माना जाता है.

महिला अफसरों के लिए कपड़ों से जुड़े दूसरे प्रतिबंध

नियम सिर्फ सिगरेट पैंट तक ही सीमित नहीं है. आधिकारिक कार्यक्रमों के दौरान पलाजो और बिना आस्तीन वाले कुर्ते पहनने पर भी रोक लगा दी गई है. सेना ने इस बात पर जोर दिया है कि औपचारिक कार्यक्रमों में पहने जाने वाले कपड़ों से प्रोफेशनलिज्म झलकना चाहिए और पूरी फोर्स में एक जैसे मानक बने रहने चाहिए.

महिलाओं के लिए ग्रूमिंग के नियम 

मैन्युअल में महिला अफसरों के लिए ग्रूमिंग से जुड़े कड़े नियम शामिल किए गए हैं. ड्यूटी के दौरान या फिर यूनिफॉर्म में लिपस्टिक, रंगीन नेल पॉलिश, बिंदी या फिर नोज पिन पहनने की इजाजत नहीं है. हालांकि शादीशुदा महिला अफसर सिंदूर लगा सकती हैं. बशर्ते वह सेना की टोपी के नीचे छिपा रहे और बाहर से दिखाई ना दे.

यह भी पढ़ेंः क्या TMC के बागी गुट के खिलाफ कोर्ट जा सकती है पार्टी, क्या है नियम?

स्पर्श गोयल को कंटेंट राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग में चार साल का अनुभव है.  इन्होंने अपने करियर की शुरुआत नमस्कार भारत से की थी, जहां पर लिखने की बारीकियां सीखते हुए पत्रकारिता और लेखन की दुनिया में कदम रखा. इसके बाद ये डीएनपी न्यूज नेटवर्क, गाजियाबाद से जुड़े और यहां करीब दो साल तक काम किया.  इस दौरान इन्होंने न्यूज राइटिंग और स्क्रीनराइटिंग दोनों में अपनी पकड़ मजबूत की.

अब स्पर्श एबीपी के साथ अपनी लेखनी को निखार रहे हैं. इनकी खास रुचि जनरल नॉलेज (GK) बीट में है, जहां ये रोज़ नए विषयों पर रिसर्च करके अपने पाठकों को सरल, रोचक और तथ्यपूर्ण ढंग से जानकारी देते हैं.  

लेखन के अलावा स्पर्श को किताबें पढ़ना और सिनेमा देखना बेहद पसंद है.  स्क्रीनराइटिंग के अनुभव की वजह से ये कहानियों को दिलचस्प अंदाज़ में पेश करने में भी माहिर हैं.  खाली समय में वे नए विषयों पर रिसर्च करना और सोशल मीडिया पर अपडेट रहना पसंद करते हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

CJP Sansad March: प्रदर्शन के दौरान कौन देता है लाठी चार्ज का ऑर्डर, क्या जवान खुद लेते हैं फैसला?
प्रदर्शन के दौरान कौन देता है लाठी चार्ज का ऑर्डर, क्या जवान खुद लेते हैं फैसला?
कार-जीप छोड़ भैंसों पर गश्त करती है यहां की पुलिस, हाईटेक व्यवस्था छोड़ क्यों अपनाया यह तरीका?
कार-जीप छोड़ भैंसों पर गश्त करती है यहां की पुलिस, हाईटेक व्यवस्था छोड़ क्यों अपनाया यह तरीका?
Iran US Conflict: अभी किस फेज में है ईरान और अमेरिका की जंग, कब कहलाने लगेगी वर्ल्ड वॉर?
अभी किस फेज में है ईरान और अमेरिका की जंग, कब कहलाने लगेगी वर्ल्ड वॉर?
CJP Protest: भारत में क्यों नामुमकिन है नेपाल-बांग्लादेश जैसा सत्ता परिवर्तन, जानें संविधान में कितनी मजबूत व्यवस्था?
भारत में क्यों नामुमकिन है नेपाल-बांग्लादेश जैसा सत्ता परिवर्तन, जानें संविधान में कितनी मजबूत व्यवस्था?
Advertisement

वीडियोज

BMW F 450 GS Ride Review | The best premium bike ?
Sonam Wangchuk: एक अनशन और हिल गई थी इंदिरा सरकार! कैसे सोनम वांगचुक के पिता बने थे आंदोलन का चेहरा?
Ranbir Kapoor और Yash ने बढ़ाई Ramayana की एक्साइटमेंट
Ramayana ट्रेलर में Yash पड़े भारी, Ranbir Kapoor भी छाए
Sonam Wangchuk: सोनम वांगचुक अस्पताल में भर्ती.. अब अभिजीत दीपके करेंगे अनशन! कर दिया बड़ा ऐलान!
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
क्या सर्विलांस के नियमों का हो रहा पालन? सीजेपी आंदोलन को लेकर हाईकोर्ट का दिल्ली पुलिस से सवाल
क्या सर्विलांस के नियमों का हो रहा पालन? सीजेपी आंदोलन को लेकर हाईकोर्ट का दिल्ली पुलिस से सवाल
CJP Protest LIVE: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान अभिजीत दीपके हुए बेहोश, हिरासत में 70 से ज्यादा प्रदर्शनकारी, 50 पुलिसवाले घायल
LIVE: जंतर-मंतर पर प्रदर्शन के दौरान अभिजीत दीपके हुए बेहोश, हिरासत में 70 से ज्यादा प्रदर्शनकारी, 50 पुलिसवाले घायल
Monday BO Collection Live Updates: मंडे को साढ़े 8 बजे तक 126 करोड़ के पार हुई 'धमाल 4', जानें- 'द ओडिसी' का कलेक्शन
Live Updates: मंडे को साढ़े 8 बजे तक 126 करोड़ के पार हुई 'धमाल 4', जानें- 'द ओडिसी' का कलेक्शन
खान सर के 'जीजा' वाले बयान पर होगी कार्रवाई? BJP भड़की, पार्टी MLA ने कहा - 'बिहार में…'
खान सर के 'जीजा' वाले बयान पर होगी कार्रवाई? BJP भड़की, पार्टी MLA ने कहा - 'बिहार में…'
BCCI ला रही नया नियम! गेंदबाज ने की ऐसी हरकत तो लगेगा बैन; बल्लेबाजों के लिए ऐसा नहीं कर सकेंगी टीमें
BCCI ला रही नया नियम! गेंदबाज ने की ऐसी हरकत तो लगेगा बैन; बल्लेबाजों के लिए ऐसा नहीं कर सकेंगी टीमें
Explained: जौहर यूनिवर्सिटी विवाद में कूदे सपा नेता! मोहिबुल्लाह से लेकर अखिलेश तक, कैसे बनाया राजनीतिक मुद्दा?
जौहर यूनिवर्सिटी विवाद में खपे सपा नेता! मोहिबुल्ला से लेकर अखिलेश तक, कैसे बना राजनीतिक मुद्दा
राहुल गांधी का PM मोदी पर निशाना, 'वाजिब मुद्दे उठाने वाले छात्र घसीटे-पीटे जाते हैं'
राहुल गांधी का PM मोदी पर निशाना, 'वाजिब मुद्दे उठाने वाले छात्र घसीटे-पीटे जाते हैं'
CJP के सौरभ दास से मिलने के बाद मोदी सरकार का पहला रिएक्शन, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर हुई चर्चा?
CJP के सौरभ दास से मिलने के बाद मोदी सरकार का रिएक्शन, धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर हुई चर्चा?
Embed widget