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एस्ट्रोनॉट्स स्पेस में गरम खाना खाते हैं या ठंडा, कैसे करते हैं इसका इंतजाम?

अंतरिक्ष यात्रियों को लेकर हर किसी के मन में सवाल रहते हैं कि वो वहां पहुंचते कैसे हैं और कैसे रहते हैं, ऐसा ही एक सवाल ये भी है कि वो अंतरिक्ष में खाना क्या खाते होंगे? तो चलिए आज इसका जवाब जानते हैं

अंतरिक्ष यात्रियों को लेकर बच्चों से लेकर बढ़ों तक के मन में कई सवाल होते हैं, जैसे कि वो वहां करते क्या हैं और सबसे बड़ा सवाल कि वो वहां खाते क्या हैं? दरअसल भारत की अंतरिक्ष कंपनियों ने अंतरिक्ष में इंसानों के लिए बस्तियां बनाने का काम शुरू कर दिया है. ऐसे में सवाल ये उठता है कि आखिर अंतरिक्ष में जाकर भी लोग क्या खाएंगे? तो चलिए जानते हैं कि आखिर अबतक अंतरिक्ष यात्री वहां जाकर कैसा खाना खाते थे?

अंतरिक्ष में क्या खाते हैं एस्ट्रोनॉट्स?

एस्ट्रोनॉट्स के खाने को लेकर हमेशा मन में ढेरों सवाल जन्म लेते हैं, जैसे क्या वो खाना धरती की ही तरह थाली और कटोरी में खाते हैं? या फिर क्या उनका खाना अंतरिक्ष में पकाया जाता है? साथ ही क्या अंतरिक्ष में खाना सड़ता है और बचे हुए खाने का वहां क्या होता होगा?

तो बता दें कि अंतरिक्ष में हर अंतरिक्ष यात्री के लिए 1.7 किलोग्राम के हिसाब से भेजा जाता है, जिसमें 750 ग्राम वजन खाने के कंटेनर का ही होता है. अंतरिक्ष में गुरुत्वाकर्षण नहीं होता, यही वजह है कि एस्ट्रोनॉट्स के लिए बनाया गया खाना जीरो-ग्रैविटी को ध्यान में रखकर बनाया जाता है. जब भी अंतरिक्ष यात्री खाने का कंटेनर या बैग खोलता है तो उसे 2 दिन के अंदर अपना खाना खत्म करना होता है. यदि ऐसा नहीं होता है तो वो खाना 2 दिन बाद सड़ जाता है.

एस्ट्रोनॉट्स गर्म खाना खाते हैं या फिर ठंडा?

अंतरिक्ष यात्रियों के लिए धरती से खाना खास तरीके से पकाकर भेजा जाता है, ऐसे में वो अंतरिक्ष में खाना नहीं पकाते ये बात तो साफ है. वहीं वो खाना इस तरीके से पकाया जाता है कि अंतरिक्ष में उसे गर्म भी नहीं किया जा सकता. दरअसल धरती से अंतरिक्ष यात्रियों के लिए अलग-अलग तरह से पकाकर खाना भेजा जाता है. जैसे इसे तैयार करने में थर्मो-स्टेबलाइज्ड टैक्निक का इस्तेमाल किया जाता है. इसमें पृथ्वी पर ही खाने को गर्म करके एल्यूमिनियम या बाईमेटाबालिक टिन केन में या पाउच में रख दिया जाता है. इस तरह से खाना रखने के बाद उसे दोबारा गर्म करने की जरुरत नहीं पड़ती.

इसके अलावा रेडिएशन रोधी पैकिंग का भी इस्तेमाल किया जाता है. जिसमें खाने को विशेष प्रकार के फ्लेक्सिबल फॉयल लैमिनेटेड पाउच में रखा जाता है. ताकि उसे अंतरिक्ष में होने वाले रेडिएशन से बचाया जा सके. साथ ही कम नमी वाले खाद्य पदार्थों को भी रखा जाता है. इसमें ऐसा खाना शामिल होता है जो लगभग सूखे की श्रेणी में शामिल होता है. वहीं फ्रीज्य ड्राइट फूड भी अंतरिक्ष यात्रियों के लिए रखे जाते हैं. जो रेडी टू इट के लिए होते हैं. इस तरह के फूड में ज्यादातर फल होते हैं.

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