एक्सप्लोरर

सुशांत मौत मामले में NCB को नहीं मिला कोई सुराग, क्या रास्ते से भटक गई जांच एजेंसी?

सूत्रों की मानें तो सुंशात मामले में एनसीबी ने सुंशात को इंसाफ दिलाने की जगह केवल पब्लिसिटी बटोरने का काम किया. सच्चाई यही है कि इस मामले में जो एफआईआर 15 बटा 20 दर्ज की गई थी, उसमें एनसीबी के हाथ खाली हैं.

नई दिल्ली: सुशांत सिंह राजपूत मौत मामले में अन्य एजेंसियो की तरह नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो यानि एनसीबी के हाथ भी कुछ नहीं लगा है. यहां तक कि एनसीबी इस मामले में बड़ी मछलियों तक भी नहीं पहुंच पाई है. कानून के आला जानकारों का मानना है कि एनसीबी जांच का सुंशात की मौत से कोई लेना देना नहीं है और सुशांत की मौत को लोग अपने अपने फायदे के लिए भुना रहे है.

नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो यानि एनसीबी ने सुशांत सिंह राजपूत की मौत को लेकर एक मामला दर्ज किया. पहले पकड़े छोटे मोटे ड्रग पेडलर और फिर शुरू हो गया एक ऐसी पूछताछ का सिलसिला जिसमें नाम तो कई बड़े सितारों के बताए गए, लेकिन सच्चाई यह है कि उनकी पूछताछ से सुशांत की मौत का कोई रहस्य सुलझना ही नही था. यहां तक नारकोटिक्स मामलों की जांच करने वाले धुरंधर अधिकारी भी मानते हैं कि एनसीबी इस मामले में अपने लक्ष्य से भटक गई. पूर्व वरिष्ठ आईपीएस और सीबीआई में नारकोटिक्स ब्रांच के पूर्व प्रभारी दिवाकर प्रसाद के मुताबिक एनसीबी की जांच और सुशांत की मौत का मामला अपने आप में अलग अलग केस है. इसका सुशांत की मौत से कोई लेना देना नहीं है. एनसीबी को ये जांच करनी चाहिए थी कि होलसेल सप्लाई कहां से आ रही है, लेकिन वो तो दस ग्राम और बीस ग्राम के मामले पकड़ने में लगी हुई है. पूर्व डीजी का मानना है कि एनसीबी इस मामले में अपने चार्टर से ही भटक गया है.

एनसीबी ने इस मामले में अनेक फिल्मी हीरोइनों से भी खूब पूछताछ कर सुर्खियां बटोरीं. कभी दीपिका पादुकोण तो कभी कोई और. यहां तक कि आए दिन एनसीबी ऑफिस से किसी ना किसी फिल्मी सितारे से पूछताछ की खबरें लीक होती रहीं, लेकिन वो काम नहीं हुआ जो सुशांत को इंसाफ दिलाता. मसलन ना तो कोई बड़ी मछली पकड़ी गई और ना ही कोई ठोस सबूत सामने आया. सीबीआई नारकोटिक्स के पूर्व प्रमुख दिवाकर प्रसाद के मुताबिक इस मामले में थोक व्यापारी कौन है? एनसीबी ये जांच करती तो खुशी होती. एविडेंस क्या है? वाट्सएप चैट? जिसके बारे में एक्ट्रेस ने कहा कि कोड भाषा है, ना आप सप्लाई प्रूव कर पायेंगे ना आप ट्रांजैक्शन प्रूव कर पायेंगे ना कोई मेडिकल एविडेंस है. यदि ये लोग किसी रेव पार्टी मे पकड़े गए होते तो मेडिकल परीक्षण भी होता. मुझे नहीं लगता कि कुछ साबित कर पायेंगे. कोर्ट मे सबूत पेश करना अलग बात है. कोई ड्रग रिकवरी नहीं है. कोई मेडिकल एग्जामिनेशन नहीं.

सूत्रों की मानें तो सुंशात मामले में एनसीबी ने सुंशात को इंसाफ दिलाने की जगह केवल पब्लिसिटी बटोरने का काम किया. सच्चाई यही है कि इस मामले में जो एफआईआर 15 बटा 20 दर्ज की गई थी, उसमें एनसीबी के हाथ खाली हैं और वो केवल रिया की गिरफ्तारी कर अपनी पीठ थपथपा रही है, जबकि मगरमच्छों पर शायद हाथ डालना तो दूर हाथ रख भी नहीं पा रही है. कानून के जानकारों का मानना है कि यदि एनसीबी यह साबित भी कर दे कि कोई ड्रग पीता है, तो ऐसे मामलों में भी बेहद मामूली सजा या केवल जुर्माने का प्रावधान है. यही कारण है कि पूर्व वरिष्ठ अधिकारियों का मानना है कि सुशांत मामले को लोग अपने फायदे के हिसाब से प्रयोग में ला रहे हैं. पूर्व डीजी दिवाकर प्रसाद के मुताबिक ये मामला पूरी तरह से राजनैतिक उद्देश्य के लिए होता चला गया. सुशांत मामले में मैने देखा दो नमूने कह रहे हैं कि 200 प्रतिशत हत्या का मामला है, लोग इस मामले में अपनी पब्लिसिटी और फायदा देख रहे हैं. किसी राजनैतिक पार्टी की निगाह उन पर पड़ जाए और एक सज्जन जो रोज टीवी पर बयान देते थे, वो आ भी गए. हां वो पुलिस अधिकारी हैं और पुलिस अधिकारी को ऐसा नहीं करना चाहिए.

सूत्रों की मानें तो एनसीबी ने इस मामले में एक चर्चित हुए वीडियो को फिर से फोरेंसिक जांच के लिए भेजा है और एनसीबी यह जानना चाहता है कि उस वीडियो में जो टॉर्च जलती दिखाई दे रही है वो टॉर्च है या कुछ और. सुशांत मामले में सीबीआई को अब तक हत्या का कोई सबूत नहीं मिला. ईडी को 15 करोड़ रुपये नहीं मिले और एनसीबी की जांच का आलम यह है कि जिस सुशांत को इंसाफ दिलाने के लिए मुकदमा दर्ज किया गया था, वो इंसाफ कहां गया? कहां गए नशे के बडे़ सौदागर और इस मामले में शामिल बड़ी मछलियां. ऐसे में सवाल उठ रहा है कि क्या सुशांत की मौत केवल एक रहस्य बनकर रह जायेगी या लोगों के सामने कभी असली सच भी आयेगा.

ये भी पढ़ें: पंजाब: राहुल गांधी बोले- सत्ता में आते ही रद्द करेंगे काले किसान कानून, अंबानी-अडानी चलाते हैं मोदी सरकार  हाथरस मामलाः प्रियंका गांधी ने राज्य सरकार से किए सवाल, पूछा- DM को कौन बचा रहा है 
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

Alpha Box office Collection Day 3: 34 करोड़ के पार हुई 'अल्फा', 2026 की 10 फिल्मों के लाइफटाइम कलेक्शन का तोड़ा रिकॉर्ड
34 करोड़ के पार हुई 'अल्फा', 2026 की 10 फिल्मों के लाइफटाइम कलेक्शन का तोड़ा रिकॉर्ड
Sunday Box office Collection Updates: 'अल्फा' ने वीकेंड पर पकड़ी रफ्तार, 'वेलकम 3' का भी जलवा बरकरार, जानें संडे कलेक्शन
'अल्फा' ने वीकेंड पर पकड़ी रफ्तार, 'वेलकम 3' का भी जलवा बरकरार, जानें संडे कलेक्शन
Aamir Khan Gauri Spratt Wedding Live: गौरी स्प्रैट संग शादी के बाद आमिर खान की दिखी पहली झलक, फंक्शन अटेंड करने पहुंचे मुकेश अंबानी समेत ये सेलेब्स
LIVE: गौरी स्प्रैट संग शादी के बाद आमिर खान की दिखी पहली झलक, फंक्शन अटेंड करने पहुंचे मुकेश अंबानी समेत ये सेलेब्स
आमिर खान या गौरी स्प्रैट, कौन है ज्यादा अमीर, लाइमलाइट से दूर कैसे करती हैं कमाई? जानें नेटवर्थ
आमिर खान या गौरी स्प्रैट, कौन है ज्यादा अमीर, लाइमलाइट से दूर कैसे करती हैं कमाई? जानें नेटवर्थ

वीडियोज

Sansani | Crime News | Ketan Murder Case: सिया...सहेली और खूनी भविष्यवाणी !
Ram Mandir Chadhava Chori | Janhit: कल 6 जुलाई... क्या होगी 'चंपत' की विदाई? | Champat Rai | Ayodhya
Amir Khan Wedding: दिल है की मानता नहीं | Bollywood News | ABP News
Ram Mandir Daan Chori | Sandeep Chaudhary: Trust में गड़बड़झाले का सबसे सटीक विश्लेषण | Ayodhya | UP
Ram Mandir Donation Scam : चढ़ावा चोरी...मास्टरमाइंड की उल्टी गिनती! | | Champat Rai | ABP Report

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
PoK में खूनी रविवार! बगावत की आवाज कुचलने के लिए शहबाज-मुनीर की सेना ने की फायरिंग, एक की मौत और 14 घायल
PoK में खूनी रविवार! बगावत की आवाज कुचलने के लिए शहबाज-मुनीर की सेना ने की फायरिंग, एक की मौत
पंजाब के इस चुनाव में कांग्रेस को मिली बंपर जीत, 15 में से 13 सीटों पर किया कब्जा
पंजाब के इस चुनाव में कांग्रेस को मिली बंपर जीत, 15 में से 13 सीटों पर किया कब्जा
Sunday Box office Collection Updates: 'अल्फा' ने वीकेंड पर पकड़ी रफ्तार, 'वेलकम 3' का भी जलवा बरकरार, जानें संडे कलेक्शन
'अल्फा' ने वीकेंड पर पकड़ी रफ्तार, 'वेलकम 3' का भी जलवा बरकरार, जानें संडे कलेक्शन
तिलक वर्मा ने रचा इतिहास, सबसे कम उम्र में ऐसा करने वाले बने पहले बल्लेबाज; विराट-अभिषेक सब पिछड़े
तिलक वर्मा ने रचा इतिहास, सबसे कम उम्र में ऐसा करने वाले बने पहले बल्लेबाज; विराट-अभिषेक पिछड़े
ग्लोबल पासपोर्ट इंडेक्स 2026: भारत पिछड़ा, 100 देशों की लिस्ट से भी बाहर, जानें टॉप-10 पर कौन से देश
ग्लोबल पासपोर्ट इंडेक्स 2026: भारत पिछड़ा, 100 देशों की लिस्ट से भी बाहर, जानें टॉप-10 पर कौन से देश
Exclusive: पिता राम विलास पासवान की जयंती पर भावुक हुए चिराग, भरत तिवारी एनकाउंटर से लेकर प्रशांत किशोर तक, जानें बिहार को लेकर क्या कहा
पिता राम विलास की जयंती पर भावुक हुए चिराग, भरत तिवारी से लेकर प्रशांत किशोर तक, जानें बिहार को लेकर क्या कहा
मोटा मुनाफा कमाना है तो जुलाई में लगाएं खीरा, ये 3 जादुई किस्में करेंगी पैसों की बारिश
मोटा मुनाफा कमाना है तो जुलाई में लगाएं खीरा, ये 3 जादुई किस्में करेंगी पैसों की बारिश
एक छोटी सी गलती से बढ़ सकता है शॉर्ट सर्किट का खतरा! जानें कैसे Smart Plug बढ़ा देता है लोगों की मुसीबत
एक छोटी सी गलती से बढ़ सकता है शॉर्ट सर्किट का खतरा! जानें कैसे Smart Plug बढ़ा देता है लोगों की मुसीबत
Embed widget