एक्सप्लोरर

Single Teacher Schools: देश के कितने स्कूलों में सिर्फ एक टीचर, आंकड़े देखकर नहीं होगा यकीन

Single Teacher Schools: UDISE+ रिपोर्ट के मुताबिक, देश में 1 लाख से अधिक स्कूल आज भी सिर्फ एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं, जानिए क्या कहते हैं शिक्षा मंत्रालय के ये हैरान करने वाले सरकारी आंकड़े.

Single Teacher Schools: पढ़ेगा इंडिया तो बढ़ेगा इंडिया का नारा तो हम सब अक्सर सुनते हैं, लेकिन देश की स्कूली शिक्षी व्यवस्था से जुड़ा एक ऐसा चौंकाने वाला सरकारी आंकड़ा सामने आया है. केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय द्वारा संसद में पेश की गई UDISE+ की ताजा रिपोर्ट के मुजाबिक, भारत में आज भी 1 लाख से अधिक स्कूल ऐसे हैं जो सिर्फ और सिर्फ एक टीचर के भरोसे चल रहे हैं.

एक ही शिक्षक पर स्कूल का प्रशासनिक काम संभालने, बच्चों की उपस्थिति दर्ज करने और पहली से लेकर पांचवी तक की सभी कक्षाओं को एक साथ पढ़ाने की पूरी जिम्मेदारी है. हालांकि, सरकार की तरफ से लगातार स्कूलों के मर्जर और शिक्षकों की तैनाती के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन जमीनी स्तर पर यह कमी आज भी एक बड़ी चुनौती बनी हुई है.

1 लाख से ज्यादा स्कूलों में सिंगल टीचर

शिक्षा मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, देश भर में कुल 1,00,843 स्कूल पूरी तरह से एकल-शिक्षक प्रणाली के तहत संचालित हो रहे है. इन स्कूलों में सरकारी, सरकारी सहायता प्राप्त और कुछ निजी स्कूल भी शामिल हैं. हालांकि, राहत की बात यह है कि पिछले वर्ष की तुलना में इस आंकड़े में करीब 3 प्रतिशत की मामूली गिरावट आई है, क्योंकि इससे पिछले शैक्षणिक वर्ष में ऐसे स्कूलों की संख्या 1,04,125 थी. सरकार द्वारा चलाए जा रहे सुधारात्मक कदमों की वजह से एक साल के भीतर 3,282 सिंगल-टीचर स्कूलों की संख्या कम हुई है, लेकिन अभी भी लाख का आंकड़ा पार होना शिक्षा नीति के लिहाज से बड़ी चिंता का विषय है.

आंध्र प्रदेश सूची में सबसे ऊपर, झारखंड-महाराष्ट्र का भी बुरा हाल

अगर राज्यों के स्तर पर देखा जाए तो दक्षिण भारतीय राज्य आंध्र प्रदेश इस सूची में सबसे शीर्ष स्थान पर है. आंध्र प्रदेश में अकेले 16,357 स्कूल ऐसे हैं जहां केवल एक शिक्षक तैनात है, जो पूरे देश के कुल आंकड़ों का 16 फीसदी से भी अधिक है. इस सूची में दूसरे स्थान पर झारखंड है, जहां 9,827 स्कूल एक शिक्षक के भरोसे चल रहे हैं. इसके बाद 9,269 स्कूलों के साथ महाराष्ट्र तीसरे स्थान पर आता है. इसके अलावा कर्नाटक, हिमाचल प्रदेश और उत्तर प्रदेश जैसे राज्यों में भी दूरदराज के ग्रामीण इलाकों में एकल-शिक्षक स्कूलों की संख्या काफी अधिक है.

लाखों बच्चों के भविष्य पर सीधा असर

इन सिंगल-टीचर स्कूलों में शिक्षा ले रहे बच्चों की तादाद भी लाखों में है. आंकड़ों के मुताबिक, देश के इन 1 लाख से ज्यादा स्कूलों में तकरीबन 29 लाख से अधिक छात्र-छात्राएं पढ़ाई कर रहे हैं. शिक्षा का अधिकार अधिनियम के नियमों के अनुसार, प्राथमिक स्तर पर हर 30 बच्चों पर और उच्च प्राथमिक स्तर पर हर 35 बच्चों पर कम से कम एक शिक्षक का होना अनिवार्य है. राष्ट्रीय स्तर पर भले ही छात्र-शिक्षक अनुपात नियंत्रण में दिखता हो, लेकिन क्षेत्रीय और ग्रामीण स्तर पर शिक्षकों के ट्रांसफर-पोस्टिंग की गड़बड़ियों के कारण ग्रामीण क्षेत्रों के बच्चों को उचित गुणवत्ता वाली शिक्षा नहीं मिल पा रही है.

यह भी पढ़ें: Air Marshal Ashutosh Dixit: आज वायुसेना प्रमुख का पदभार संभालेंगे एयर मार्शल आशुतोष दीक्षित, कितनी बढ़ेगी सैलरी?

क्या कदम उठाए जा रहे हैं?

इस समस्या से निपटने के लिए शिक्षा मंत्रालय और विभिन्न राज्य सरकारें लगातार काम कर रही हैं. इसके तहत जिन सरकारी स्कूलों में बच्चों का नामांकन बेहद कम या शून्य है, उन्हें नजदीकी बड़े स्कूलों के साथ मर्ज किया जा रहा है. इसके साथ ही अतिरिक्त शिक्षकों को उन ग्रामीण क्षेत्रों के स्कूलों में दोबारा तैनात करने की नीति अपनाई जा रही है जहां शिक्षकों की भारी कमी है, ताकि आने वाले समय में देश के किसी भी नौनिहाल को सिर्फ एक शिक्षक के भरोसे पढ़ाई न करनी पड़े.

यह भी पढ़ें: November School Holidays 2026: नवंबर में बच्चों की मौज, दिवाली और छठ पर मिलेगी लंबी छुट्टी, यहां देखें डेट्स

Education Loan Information:
Calculate Education Loan EMI

दीनदयाल पाटीदार एबीपी लाइव में कार्यरत हैं. एजुकेशन बीट की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं. वह स्कूल और यूनिवर्सिटी एडमिशन, प्रतियोगी परीक्षाओं के नतीजों, सरकारी भर्तियों, स्कॉलरशिप और शिक्षा से जुड़ी नीतियों पर नियमित तौर पर खबरें लिखते हैं, ताकि छात्रों और अभिभावकों तक सही, सटीक और समय पर जानकारी पहुंच सके. उनकी कोशिश रहती है कि जटिल से जटिल सरकारी नियम और शैक्षणिक अपडेट भी पाठकों तक आसान और समझने लायक भाषा में पहुंचे.

एबीपी लाइव में आने से पहले दीनदयाल पाटीदार अपनी यूनिवर्सिटी की मीडिया टीम का हिस्सा रह चुके हैं, जहां उन्होंने कैंपस से जुड़ी खबरों, इवेंट्स और एकेडमिक गतिविधियों की रिपोर्टिंग और कवरेज की जिम्मेदारी निभाई. इसी दौरान उन्होंने रिपोर्टिंग, कंटेंट राइटिंग, न्यूज राइटिंग की बारीकियां और खबरों को सही फॉर्मेट व भाषा में पेश करने का हुनर सीखा, जो आज उनकी पत्रकारिता का अहम हिस्सा हैं.

पढ़ाई-लिखाई की बात करें तो उन्होंने मंदसौर यूनिवर्सिटी, मंदसौर से जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन (बीए-जेएमसी) में स्नातक की पढ़ाई की है. वह मूल रूप से मध्य प्रदेश के मंदसौर जिले के रहने वाले हैं.

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

ONGC में अप्रेंटिस के 3047 पदों पर भर्ती, 20 नवंबर तक करें आवेदन
ONGC में अप्रेंटिस के 3047 पदों पर भर्ती, 20 नवंबर तक करें आवेदन
UP Special TET 2026: ड्यूटी की चिंता छोड़ दे टीचर्स, स्पेशल टीईटी परीक्षा देने के लिए सरकार ने दी विशेष छुट्टी
ड्यूटी की चिंता छोड़ दे टीचर्स, स्पेशल टीईटी परीक्षा देने के लिए सरकार ने दी विशेष छुट्टी
NEET UG Stray Vacancy Round: MBBS की 2000 खाली सीटों के लिए हो रहा स्पेशल स्ट्रे राउंड, 2 नवंबर तक करें आवेदन
MBBS की 2000 खाली सीटों के लिए हो रहा स्पेशल स्ट्रे राउंड, 2 नवंबर तक करें आवेदन
शिक्षक भर्ती के नियम बदलने की तैयारी, अब 4 साल का ITEP कोर्स करने वाले भी बनेंगे शिक्षक 
शिक्षक भर्ती के नियम बदलने की तैयारी, अब 4 साल का ITEP कोर्स करने वाले भी बनेंगे शिक्षक 
Advertisement

वीडियोज

ABP News: REEL का जुनून... मौत को चैलेंज ! | Sansani
Jan Mahabhiyog Programme: अभी-अभी 'जन महाभियोग'पर आई बड़ी खबर! | Rahul Gandhi | Congress | ABP
Jan Mahabhiyog Programme: जन महाभियोग में क्या-क्या हुआ? पूरी कहानी | Rahul Gandhi | BJP | Gyanesh
Jan Mahabhiyog Programme: जन-महाभियोग-रैली..खतरे में ज्ञानेश की कुर्सी? | Rahul Gandhi | Congress
Sandeep Chaudhary: 'ज्ञानेश हटाओ'...लोकतंत्र बचाओ या राजनीति चमकाओ? | Jan Mahabhiyog | Congress
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
ईरान ने अमेरिका के सामने रखीं 7 शर्तें, कहा- 'मानी तो खुलेंगे रास्ते'
ईरान ने अमेरिका के सामने रखीं 7 शर्तें, कहा- 'मानी तो खुलेंगे रास्ते'
दिल्ली में आज इन रास्तों पर जाने से बचें, रामलीला मैदान में रैली को लेकर ट्रैफिक डायवर्जन
दिल्ली में आज इन रास्तों पर जाने से बचें, रामलीला मैदान में रैली को लेकर ट्रैफिक डायवर्जन
GRAP लागू, दूध-दही, गैस और शराब महंगी, बैंक-Fastag के नए नियम, आज 1 नवंबर से बहुत कुछ बदला
GRAP लागू, दूध-दही, गैस और शराब महंगी, बैंक-Fastag के नए नियम, आज 1 नवंबर से बहुत कुछ बदला
ऑस्ट्रेलिया की हार से बदले सारे समीकरण, जानें WTC फाइनल में कैसे जाएगी टीम इंडिया?
ऑस्ट्रेलिया की हार से बदले सारे समीकरण, जानें WTC फाइनल में कैसे जाएगी टीम इंडिया?
पॉलिटिकल व्यूज की वजह से प्रकाश राज के हाथ से निकली फिल्में, पत्नी बोलीं- वो निडर शख्स हैं
पॉलिटिकल व्यूज की वजह से प्रकाश राज के हाथ से निकली फिल्में, पत्नी बोलीं- वो निडर शख्स हैं
दिल्ली मेट्रो की मैजेंटा लाइन का होगा विस्तार, 89 KM लंबा होगा कॉरिडोर
दिल्ली मेट्रो की मैजेंटा लाइन का होगा विस्तार, 89 KM लंबा होगा कॉरिडोर
CJP की दिवाली पार्टी में पहुंचे विपक्ष के नेता, अभिजीत दीपके, सौरव दास से क्या बोलीं सुप्रिया सुले?
CJP की दिवाली पार्टी में पहुंचे विपक्ष के नेता, अभिजीत दीपके, सौरव दास से क्या बोलीं सुप्रिया सुले?
शेरवानी पहन बिन बुलाए शादी में घुसा फॉरेनर, डीजे पर मचाया तहलका
शेरवानी पहन बिन बुलाए शादी में घुसा फॉरेनर, डीजे पर मचाया तहलका
Embed widget