एक्सप्लोरर

अब खैर नहीं! फर्जी डोनेशन दिखाकर रिफंड्स लेने वालों पर इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने लिया बड़ा फैसला

अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि रिफंड में देरी का एक बड़ा कारण यह भी है कि अब रिटर्न में किए गए दावों की गहन जांच की जा रही है. खासतौर पर उन मामलों की जांच की जा रही है, जहां टैक्स छूट और रिफंड का दावा असामान्य रूप से ज्यादा है.

ITR Refunds: फर्जी डोनेशन दिखाकर टैक्स रिफंड लेने वालों के लिए अब मुश्किलें बढ़ने वाली हैं. आयकर विभाग ने ऐसे टैक्सपेयर्स के खिलाफ कड़ा रुख अपनाते हुए सख्त जांच शुरू कर दी है, जो इनकम टैक्स रिटर्न (ITR) फाइल करते समय राजनीतिक दलों या विभिन्न संस्थाओं को कथित चंदा देने का झूठा दावा कर रिफंड हासिल करने की कोशिश करते हैं. विभाग का कहना है कि अब इस तरह के मामलों पर बारीकी से नजर रखी जा रही है और दोषी पाए जाने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी.

आयकर अधिकारियों के मुताबिक, हाल के दिनों में बड़ी संख्या में ऐसे मामले सामने आए हैं, जिनमें टैक्सपेयर्स ने किसी राजनीतिक दल या चैरिटेबल संस्था को दान देने का दावा किया है, लेकिन जांच में यह दावे संदिग्ध या पूरी तरह फर्जी पाए गए. कई मामलों में यह भी सामने आया है कि दान सीधे संबंधित संस्था को न देकर किसी मध्यस्थ या एजेंट के जरिए दिखाया गया, ताकि टैक्स में छूट लेकर अधिक रिफंड का दावा किया जा सके.

अब चलेगा इनटैक्स डिपार्टमेंट का डंडा!

इनकम टैक्स डिपार्टमेंट ने यह चेतावनी ऐसे समय जारी की है, जब कई करदाताओं के रिफंड की प्रोसेसिंग में देरी हो रही है. अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि रिफंड में देरी का एक बड़ा कारण यह भी है कि अब रिटर्न में किए गए दावों की गहन जांच की जा रही है. खासतौर पर उन मामलों की जांच की जा रही है, जहां टैक्स छूट और रिफंड का दावा असामान्य रूप से ज्यादा है.

जांच के दौरान विभाग को ऐसे एजेंट्स और बिचौलियों के एक पूरे नेटवर्क के बारे में जानकारी मिली है, जो कमीशन के बदले टैक्सपेयर्स को फर्जी दस्तावेज उपलब्ध कराते हैं. ये एजेंट करदाताओं को यह भरोसा दिलाते हैं कि उनके जरिए रिटर्न फाइल करने पर टैक्स बेहद कम बनेगा और रिफंड ज्यादा मिलेगा. इसके लिए फर्जी डोनेशन रसीदें, अनरिकॉग्नाइज्ड राजनीतिक दलों के नाम पर चंदे के दस्तावेज और कुछ मामलों में फर्जी चैरिटेबल ट्रस्ट की रसीदों का इस्तेमाल किया गया.

आयकर विभाग की कड़ी सख्ती

आयकर विभाग ने साफ किया है कि ऐसे फर्जी दावे करने वालों के खिलाफ न सिर्फ रिफंड रोका जाएगा, बल्कि पेनल्टी, ब्याज और गंभीर मामलों में कानूनी कार्रवाई भी की जा सकती है. विभाग का कहना है कि इनकम टैक्स कानून के तहत गलत जानकारी देकर टैक्स छूट लेने को गंभीर अपराध माना जाता है.

विभाग ने ईमानदार टैक्सपेयर्स से अपील की है कि वे केवल वास्तविक और वैध डोनेशन पर ही टैक्स छूट का दावा करें और किसी भी एजेंट या बिचौलिए के झांसे में न आएं. साथ ही, करदाताओं को यह भी सलाह दी गई है कि वे रिटर्न फाइल करने से पहले सभी दस्तावेजों की सही तरीके से जांच कर लें, ताकि भविष्य में किसी तरह की परेशानी से बचा जा सके.

कुल मिलाकर, आयकर विभाग का यह कदम टैक्स सिस्टम में पारदर्शिता बढ़ाने और फर्जी रिफंड के जरिए राजस्व को होने वाले नुकसान को रोकने की दिशा में एक बड़ा और सख्त संदेश माना जा रहा है.

ये भी पढ़ें: मीशो के शेयर ने किया कमाल, पहुंचा 52-वीक हाई पर, अरपबति बने फाउंडर विदित अत्रे

राजेश कुमार पत्रकारिता जगत में पिछले करीब 14 सालों से ज्यादा वक्त से अपना योगदान दे रहे हैं. राष्ट्रीय और सामाजिक मुद्दों से लेकर अपराध जगत तक, हर मुद्दे पर वह स्टोरी लिखते आए हैं. इसके साथ ही, किसी खबरों पर किस तरह अलग-अलग आइडियाज के साथ स्टोरी की जाए, इसके लिए वह अपने सहयोगियों का लगातार मार्गदर्शन करते रहे हैं. इनकी अंतर्राष्ट्रीय जगत की खबरों पर खास नज़र रहती है, जबकि भारत की राजनीति में ये गहरी रुचि रखते हैं. इन्हें क्रिकेट खेलना काफी पसंद और खाली वक्त में पसंद की फिल्में भी खूब देखते हैं. पत्रकारिता की दुनिया में कदम रखने से पहले उन्होंने माखनलाल चतुर्वेदी राष्ट्रीय पत्रकारिता एवं संचार विश्वविद्यालय, भोपाल से इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में मास्टर ऑफ ब्रॉडकास्ट जर्नलिज्म किया है. राजनीति, चुनाव, अंतरराष्ट्रीय संबंधों और अर्थव्यवस्था जैसे मुद्दों पर राजेश कुमार लगातार लिखते आ रहे हैं.
Read
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

भाजपा ने अब तक किसे-किसे बनाया अध्यक्ष, नितिन नबीन को क्यों सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, जानें सब कुछ
भाजपा ने अब तक किसे-किसे बनाया अध्यक्ष, नितिन नबीन को क्यों सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, जानें सब कुछ
चिन्नास्वामी स्टेडियम में AI तय करेगा फैंस की सुरक्षा, सारा खर्चा उठाने को तैयार RCB
चिन्नास्वामी स्टेडियम में AI तय करेगा फैंस की सुरक्षा, सारा खर्चा उठाने को तैयार RCB
सिद्धार्थ मल्होत्रा के बर्थडे सेलिब्रेशन में कियारा ने गाया गाना, बेटी सरायाह के फेवरेट हैं पापा
सिद्धार्थ मल्होत्रा के बर्थडे सेलिब्रेशन में कियारा ने गाया गाना, बेटी सरायाह के फेवरेट हैं पापा
BJP का कब चुना जाएगा अध्यक्ष? सामने आई तारीख, नोटिफिकेशन जारी
BJP का कब चुना जाएगा अध्यक्ष? सामने आई तारीख, नोटिफिकेशन जारी
Advertisement

वीडियोज

ShahRukh Khan, Akshay Kumar से लेकर Kartik Aaryan तक: बॉलीवुड के वो Outsiders जो बने सुपरस्टार
UPI पर संकट? Free Payments का सच | Budget 2026 से पहले बड़ा सवाल | Paisa Live
Foreign Investors को राहत | SEBI का नया Proposal बदल देगा Stock Market Game | Paisa Live
Tariff Pressure के बीच India-US Trade Talks Active, Deal कभी भी Final | Paisa Live
India के Passport की ताकत में जबरदस्त उछाल | Henley Passport Index 2026 में बड़ी छलांग | Paisa Live
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement
Petrol Price Today
₹ 94.72 / litre
New Delhi
Diesel Price Today
₹ 87.62 / litre
New Delhi

Source: IOCL

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
भाजपा ने अब तक किसे-किसे बनाया अध्यक्ष, नितिन नबीन को क्यों सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, जानें सब कुछ
भाजपा ने अब तक किसे-किसे बनाया अध्यक्ष, नितिन नबीन को क्यों सौंपी बड़ी जिम्मेदारी, जानें सब कुछ
चिन्नास्वामी स्टेडियम में AI तय करेगा फैंस की सुरक्षा, सारा खर्चा उठाने को तैयार RCB
चिन्नास्वामी स्टेडियम में AI तय करेगा फैंस की सुरक्षा, सारा खर्चा उठाने को तैयार RCB
सिद्धार्थ मल्होत्रा के बर्थडे सेलिब्रेशन में कियारा ने गाया गाना, बेटी सरायाह के फेवरेट हैं पापा
सिद्धार्थ मल्होत्रा के बर्थडे सेलिब्रेशन में कियारा ने गाया गाना, बेटी सरायाह के फेवरेट हैं पापा
BJP का कब चुना जाएगा अध्यक्ष? सामने आई तारीख, नोटिफिकेशन जारी
BJP का कब चुना जाएगा अध्यक्ष? सामने आई तारीख, नोटिफिकेशन जारी
BJP National President Election: क्या आम आदमी भी लड़ सकता है BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव, जानें कौन-कौन सी शर्तें करनी होती हैं पूरी?
क्या आम आदमी भी लड़ सकता है BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष का चुनाव, जानें कौन-कौन सी शर्तें करनी होती हैं पूरी?
दो साल में 9.68 लाख सड़क हादसों के साथ टॉप पर भारत, चीन-अमेरिका भी पीछे छूटे
दो साल में 9.68 लाख सड़क हादसों के साथ टॉप पर भारत, चीन-अमेरिका भी पीछे छूटे
Iran US Tension: ईरान के आसपास कितने देशों में मौजूद हैं अमेरिकी एयरबेस, क्या यहां से हमला करने से पहले ट्रंप को लेनी होगी परमीशन?
ईरान के आसपास कितने देशों में मौजूद हैं अमेरिकी एयरबेस, क्या यहां से हमला करने से पहले ट्रंप को लेनी होगी परमीशन?
दिल्ली के सरकारी स्कूलों में परीक्षा का बिगुल, 10 फरवरी से शुरू होंगी वार्षिक परीक्षाएं
दिल्ली के सरकारी स्कूलों में परीक्षा का बिगुल, 10 फरवरी से शुरू होंगी वार्षिक परीक्षाएं
Embed widget