इजरायल-ईरान जंग के बीच इस तरह से भारत की हो गई करोड़ों की कमाई, जानें किस फैक्टर ने किया काम
Iran Israel Tensions: विदेशी संस्थागत निवेशकों की वापसी से बाजार को समर्थन मिला है. घरेलू संस्थागत निवेशकों ने बारहवें दिन लगातार 2566 करोड़ का निवेश किया है.

Iran Israel War: ईरान पर इजरायल की तरफ से किए गए हमले के बाद मिडिल ईस्ट में इस समय भारी तनाव का माहौल बना हुआ है. हालांकि, इस बीच कुछ ऐसे फैक्टर है, जो भारत के पक्ष में है और इससे अच्छी खास कमाई हो रही है. यही वजह है कि आज यानी 20 जून को शेयर बाजार में जबरदस्त तेजी देखी गई और सेंसेक्स 900 अंक ऊपर चढ़ गया. इससे निवेशकों को करीब पांच लाख करोड़ रुपये की जबरदस्त कमाई हुई है. सेंसेक्स में ये तेजी पिछले तीन दिनों से आ रही लगातार गिरावट के बाद देखने को मिली है. ऐसे में आइये बताते हैं कि आखिर वो कौन से फैक्टर हैं, जिसकी वजह से भारत इतनी कमाई हुई है.
आरबीआई के नियम
आरबीआई की तरफ से प्रोजेक्ट फाइनेंसिंग को लेकर जारी किए गए निर्देश सहकारी बैंकों, एनबीएफसी और अन्य सभी बैकों पर लागू होंगे. केन्द्रीय बैंक की तरफ से गुरुवार को ये निर्देश जारी किए गए, जो पुराने नियमों की जगह एक व्यवस्था लाई जाएगी. रिपोर्ट्स के मुताबिक, इन्फ्रास्ट्रक्चर और रियल एस्टट परियोजनाओं में फंडिंग की लागत इसके बाद घटेगा और लेंडर्स को बेनिफिट होगा.
एफआईआई की वापसी
विदेशी संस्थागत निवेशकों की वापसी से बाजार को समर्थन मिला है. घरेलू संस्थागत निवेशकों ने बारहवें दिन लगातार 2566 करोड़ का निवेश किया है. इसके अलावा अमेरिकी डॉलर में हाल के दिनों में गिरावट देखने को मिली है. अगर डॉलर कमजोर होता है तो इसका सीधा फायदा भारतीय करेंसी को मिलता है. भारत के उभरते हुए बाजार को इसका फायदा मिलता है और विदेशी पूंजी आकर्षित होती है.
यूएस फेड रिजर्व के संकेत
यूएस फेड चीफ जेरोम पॉवेल ने भले ही इस वक्त ब्याज दरों में किसी तरह की कटौती न की हो, लेकिन उन्होंने इस साल के आखिर तक 2 बार ब्याज दरों में कटौती के संकेत दिए हैं. अमेरिका में जीडीपी ग्रोथ रेट 1.4 प्रतिशत रहने का अनुमान लगाया गया है, जबकि महंगाई के भी अनुमान बढ़े हैं. नीतिगत ढील देने से अमेरिका से लेकर एशिया तक वैश्विक बाजार को जरूर राहत मिली है.
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Source: IOCL





















