Electricity Bill: दिल्ली में बिजली महंगी, आपकी जेब से सरचार्ज वसूलेंगी कंपनियां, बढ़कर आएगा आपका बिल
Electricity Bill: दिल्ली में बिजली एक बार फिर महंगी हो सकती है. DERC ने बिजली बांटने वाली कंपनियों को ग्राहकों से 8 प्रतिशत तक अतिरिक्त चार्ज इसी महीने लेने की मंजूरी दी है.

Electricity Bill: दिल्ली में रहने वाले लाखों बिजली उपभोक्ताओं की जेब ढीली होने वाली है. असल में अब पहले से ज्यादा बिजली बिल चुकाना पड़ सकता है. दिल्ली विद्युत नियामक आयोग ने राजधानी की बिजली वितरण कंपनियों को फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट सरचार्ज वसूलने की मंजूरी दे दी है. इस फैसले के बाद दिल्लीवालों के मंथली बिजली बिल के पैसे बढ़ सकते हैं.
क्यों बढ़ेगा बिजली का बिल?
DERC के मुताबिक, मई 2026 के दौरान बिजली खरीदने की लागत में काफी बढ़ोतरी हुई थी. इसी अतिरिक्त खर्च की भरपाई के लिए बिजली कंपनियों ने सरचार्ज वसूलने की अनुमति मांगी थी, जिसे आयोग ने मंजूरी दे दी है. यह व्यवस्था अगले आदेश तक महीने-दर-महीने लागू रहेगी.
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किस कंपनी के ग्राहकों पर कितना असर?
आयोग ने तीनों प्रमुख बिजली कंपनियों को अलग-अलग दरों से FPPAS वसूलने की अनुमति दी है.
- BSES राजधानी (BRPL)- 7.94% एक्स्ट्रा सरचार्ज
- BSES यमुना (BYPL)- 7.43% एक्स्ट्रा सरचार्ज
- टाटा पावर-DDL (TPDDL)- 2.21% एक्स्ट्रा सरचार्ज
इसके बाद कुल FPPAS 17.94%, 17.43% और 12.21% तक पहुंच जाएगा.
FPPAS क्या होता है?
फ्यूल एंड पावर परचेज एडजस्टमेंट यानी FPPAS वो एक्स्ट्रा चार्ज है जिसे बिजली कंपनियां ईंधन और बिजली खरीदने की लागत बढ़ने पर दिल्लीवालों से वसूलती हैं. ये शुल्क बिजली बिल के फिक्स्ड चार्ज और एनर्जी चार्ज के आधार पर तय किया जाता है.
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किसे देना होगा ज्यादा पैसा?
इस फैसले का असर खासतौर पर BRPL और BYPL के उपभोक्ताओं पर ज्यादा पड़ सकता है. वहीं, TPDDL क्षेत्र के उपभोक्ताओं पर इसका असर थोड़ा कम रहने के चांसेस है, क्योंकि वहां एक्स्ट्रा सरचार्ज की दर कम रखी गई है.
आगे भी बढ़ सकता है बिल?
DERC ने साफ किया है कि ये राहत अभी अस्थायी है और बिजली खरीद लागत के आधार पर हर महीने इसकी जांच-पड़ताल की जाएगी. ऐसे में अगर आने वाले महीनों में बिजली खरीद महंगी रहती है तो दिल्लीवालों के बिजली बिल पर इसका असर तो रहेगा ही.




















