कथावाचक पर Akhilesh के बयान से ब्राह्मण समाज में आक्रोश, लगाए काले झंडे
उत्तर प्रदेश में कथावाचक की जाति को लेकर शुरू हुआ विवाद अब राजनीतिक रंग ले चुका है। यह मामला 17 जून का बताया जा रहा है, जब कथावाचक पंकज उपाध्याय के साथ यादव परिवार पर बदसलूकी और पिटाई के आरोप लगे थे। यादव परिवार का कहना था कि कथावाचक घर की महिला के साथ कुछ बदसलूकी कर रहे थे, जबकि कथावाचक के परिवार ने बताया कि पंकज उपाध्याय को मिर्गी का दौरा पड़ता है और वे उस समय अपनी सुधबुध खो बैठे थे। इस घटना के बाद समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के एक बयान से ब्राह्मण समाज नाराज बताया जा रहा है। इसी नाराजगी के चलते आजमगढ़ दौरे से पहले अखिलेश यादव का विरोध हो रहा है। ब्राह्मण परिवारों ने अपने घरों पर काले झंडे लगाकर विरोध दर्ज कराया है। आजमगढ़ के ऊपर पट्टी, च्योता, गौरीनारायणपुर, बनहरा, गजौला और च्योहार जैसे ब्राह्मण बहुल गांवों में काले झंडे लगाए गए हैं। ब्राह्मण समाज का कहना है कि अखिलेश यादव ने इटावा की बैठक में सिर्फ एक पक्ष का साथ दिया और सभी ब्राह्मणों को कहीं न कहीं कटघरे में खड़ा किया। एक ब्राह्मण ने कहा, "अखिलेश यादव ब्राह्मणों के विरोध में टिप्पणी करते हैं इसलिए एक आजम गा रहे हैं। उनके विरोध में हम लोग अपने घरो पे काला झंडा लगाए।" यह मामला अब सीधे तौर पर ब्राह्मण बनाम यादव विवाद का रूप ले रहा है।

























