New Delhi Railway Station भगदड़ पर एलजेपी प्रवक्ता Dhirendra Kumar Munna का बड़ा बयान | ABP News
New Delhi Railway Station Stampede Live Updates: नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर शनिवार (15 फरवरी) को बड़ा हादसा हुआ. प्लेटफॉर्म संख्या 14 और 15 पर मची भगदड़ में 3 बच्चों समेत 18 लोगों की मौत हो गई. इनमें से 15 लोगों की मौत की पुष्टि एलएनजेपी अस्पताल ने की है. वहीं तीन लोगों की मौत की पुष्टि लेडी हार्डिंग अस्पताल ने की है. भगदड़ के बाद इन्हीं दो अस्पतालों में घायलों को ले जाया गया था. रेल मंत्री अश्निनी वैष्णव ने भगदड़ के बाद उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं. उन्होंने एक्स पर लिखा, ''नई दिल्ली रेलवे स्टेशन पर अचानक आई अप्रत्याशित भीड़ को नियंत्रित करने के लिए 4 विशेष ट्रेनें चलाई गईं. अब भीड़ कम हो गई है.'' कब हुई घटना? भगदड़ की यह घटना रात करीब नौ बजकर 55 मिनट पर हुई. जब प्रयागराज जाने के लिए हजारों की भीड़ स्टेशन पर मौजूद थी. न्यूज एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, पुलिस उपायुक्त (रेलवे) ने बताया कि जब प्रयागराज एक्सप्रेस ट्रेन प्लेटफार्म संख्या 14 पर खड़ी थी तब वहां बड़ी संख्या में लोग मौजूद थे. अधिकारी ने बताया कि स्वतंत्रता सेनानी एक्सप्रेस और भुवनेश्वर राजधानी एक्सप्रेस देरी से चल रही थीं और इन ट्रेनों के यात्री भी प्लेटफार्म नंबर 12, 13 और 14 पर मौजूद थे. उन्होंने बताया, “रेलवे द्वारा हर घंटे 1,500 सामान्य टिकट बेचे जा रहे थे, जिसके कारण स्टेशन पर भीड़ बढ़ गई और स्थिति बेकाबू हो गई. प्लेटफार्म नंबर 14 और प्लेटफार्म नंबर 16 के पास एस्केलेटर के पास भगदड़ मच गई.” रक्षा मंत्री ने जताया दुख केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी मौत की पुष्टि की. उन्होंने एक्स पर लिखा, ''नई दिल्ली रेलवे स्टेशन से दुखद खबर आ रही है. रेलवे प्लेटफॉर्म पर भगदड़ के कारण हुई मौतों से मैं बेहद दुखी हूं. दुख की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं शोकाकुल परिवारों के साथ हैं. घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की प्रार्थना करता हूं.'' वहीं दिल्ली के उपराज्यपाल वीके सक्सेना ने कहा, “इस घटना के पीड़ितों के परिवारों के प्रति मेरी गहरी संवेदना है.” सक्सेना ने कहा कि वह लगातार स्थिति पर नजर बनाये हुए हैं. उन्होंने कहा कि मुख्य सचिव को आपदा प्रबंधन उपाय लागू करने और राहत कर्मियों को तैनात करने के लिए कहा गया है. सक्सेना ने कहा, “सभी अस्पताल संबंधित आपात स्थिति से निपटने के लिए तैयार हैं. मुख्य सचिव और पुलिस आयुक्त को मौके पर मौजूद रहने तथा राहत उपायों पर नियंत्रण रखने का निर्देश दिया गया है.”
























