एक्सप्लोरर

AI Chatbots को लेकर नई चेतावनी! बच्चों के लिए कितना सुरक्षित? हर माता-पिता को तुरंत जाननी चाहिए ये बातें

Warning for AI Chatbots: ज्यादातर ऐप्स सिर्फ साइनअप के समय यूजर द्वारा दी गई उम्र पर भरोसा करते हैं. यानी कोई भी बच्चा गलत उम्र डालकर इन प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल कर सकता है.

Show Quick Read
Key points generated by AI, verified by newsroom
  • माता-पिता बच्चों से बात कर ऑनलाइन एक्टिविटी पर नजर रखें.

Warning for AI Chatbots: आजकल AI चैटबॉट्स तेजी से फेमश हो रहे हैं लेकिन हाल ही में आई एक रिपोर्ट ने माता-पिता की चिंता बढ़ा दी है. eSafety Commissioner द्वारा किए गए अध्ययन में सामने आया है कि कई AI चैटबॉट प्लेटफॉर्म बच्चों को खतरनाक और अश्लील कंटेंट से बचाने में नाकाम हैं.

किन ऐप्स पर उठे सवाल

रिपोर्ट में Character.AI, Chai, Nomi और Chub AI जैसे प्लेटफॉर्म्स का जिक्र किया गया है. इन सभी में बच्चों की सुरक्षा को लेकर गंभीर खामियां पाई गईं हैं. जांच में पाया गया कि बच्चे इन ऐप्स में आसानी से adult फीचर्स तक पहुंच सकते हैं क्योंकि यहां पर age verification जैसा ऑप्शन मौजूद नहीं है.

सुरक्षा के नाम पर बड़ी कमी

रिपोर्ट के अनुसार, ज्यादातर ऐप्स सिर्फ साइनअप के समय यूजर द्वारा दी गई उम्र पर भरोसा करते हैं. यानी कोई भी बच्चा गलत उम्र डालकर इन प्लेटफॉर्म्स का इस्तेमाल कर सकता है. इतना ही नहीं, कुछ ऐप्स में तो self-harm से जुड़े संकेत मिलने पर भी कोई चेतावनी या मदद का ऑप्शन नहीं दिया जाता. यह स्थिति बच्चों के लिए और भी खतरनाक हो सकती है.

खतरनाक बातचीत और कमजोर निगरानी

इन AI चैटबॉट्स में टेक्स्ट, इमेज और वीडियो के जरिए बातचीत होती है लेकिन इन पर सही निगरानी की कमी है. इससे आपत्तिजनक या गैरकानूनी कंटेंट बनने का खतरा बढ़ जाता है. कुछ प्लेटफॉर्म्स में तो ऐसा भी पाया गया कि यूजर्स को यह तक नहीं बताया जाता कि गलत या अपराध से जुड़ी चीजें मांगना कानूनन जुर्म है.

क्यों बढ़ रही है चिंता?

विशेषज्ञों का कहना है कि ये AI चैटबॉट्स बच्चों को इंसानों जैसा अनुभव देते हैं. ये दोस्त, सलाहकार या साथी की तरह व्यवहार करते हैं जिससे बच्चे जल्दी इनसे जुड़ जाते हैं. लेकिन असलियत यह है कि ये न तो बच्चों के लिए डिजाइन किए गए हैं और न ही मानसिक स्वास्थ्य विशेषज्ञ हैं. इसके बावजूद, ये कई बार संवेदनशील विषयों पर भी बातचीत करते हैं जो बच्चों के दिमाग पर असर डाल सकती है.

भारत में खतरा और ज्यादा क्यों?

भारत में इन ऐप्स का इस्तेमाल तेजी से बढ़ रहा है. सस्ते इंटरनेट, आसानी से स्मार्टफोन तक पहुंच और युवा पीढ़ी के कारण ये प्लेटफॉर्म्स बहुत तेजी से फैल रहे हैं. सबसे बड़ी समस्या यह है कि ये ऐप्स देखने में खतरनाक नहीं लगते. ये अक्सर सामान्य या पढ़ाई में मदद करने वाले टूल जैसे दिखाई देते हैं जिससे माता-पिता को शक भी नहीं होता.

माता-पिता क्या करें?

घबराने के बजाय समझदारी से कदम उठाना जरूरी है. बच्चों से खुलकर बात करें कि वे कौन-कौन से ऐप्स इस्तेमाल करते हैं और वहां किस तरह की बातचीत करते हैं. उनकी ऑनलाइन एक्टिविटी पर नजर रखें लेकिन भरोसे के साथ. सही मार्गदर्शन और जागरूकता ही इस नई तकनीक के खतरे से बचने का सबसे अच्छा तरीका है.

यह भी पढ़ें:

Tech Tips: कितने ब्लेड वाला सीलिंग फैन देता है सबसे तेज हवा? जानिए क्या है इसके पीछे की तकनीक

और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola

टॉप हेडलाइंस

हर पल रिकॉर्ड होगी आपकी हर एक्टिविटी? नए एआई ग्लासेस लॉन्च करने वाली है मेटा
हर पल रिकॉर्ड होगी आपकी हर एक्टिविटी? नए एआई ग्लासेस लॉन्च करने वाली है मेटा
Dixon और Vivo मिलकर भारत में बनाएंगे फोन, ज्वाइंट वेंचर को सरकार ने दिखाई हरी झंडी
Dixon और Vivo मिलकर भारत में बनाएंगे फोन, ज्वाइंट वेंचर को सरकार ने दिखाई हरी झंडी
"अकेले लोगों के लिए वरदान है AI", एक्सपर्ट बोले- अकेलेपन को कर देगी खत्म
सैटेलाइट को भी पावर दे सकते हैं ये सोलर पैनल, बनाते हैं सबसे ज्यादा बिजली
सैटेलाइट को भी पावर दे सकते हैं ये सोलर पैनल, बनाते हैं सबसे ज्यादा बिजली

वीडियोज

Bollywood News: कियारा-यश के गाने ‘तबाही’ पर मचा बवाल, ट्रोलर्स ने क्यों घसीटा सिद्धार्थ मल्होत्रा का नाम? (10-07-2026)
DR. Aarambhi: Aarambhi का बड़ा खेल, Avantika को घर से निकाला बाहर; तंडन परिवार ने भी मोड़ा मुंह
'Lock Upp 2' में Akanksha Chamola का बड़ा खुलासा, बोलीं- शो से बाहर आते ही शुरू होगी Divorce Process
हर कोई SUV ही क्यों खरीद रहा है? Womens की पहली पसंद SUV? #autolive
'Lock Upp 2' में Akanksha Chaudhary का गुस्सा बेकाबू, Shreya Kalra पर की तीखी टिप्पणी

फोटो गैलरी

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
PoK में 32वें दिन भी जारी विद्रोह: मुजफ्फराबाद मार्च से पहले 1 लाख प्रदर्शनकारियों की तैयारी, पाक में हड़कंप
PoK में 32वें दिन भी जारी विद्रोह: मुजफ्फराबाद मार्च से पहले 1 लाख प्रदर्शनकारियों की तैयारी, पाक में हड़कंप
बांकीपुर उपचुनाव: BJP के कैंडिडेट बदलने से प्रशांत किशोर को फायदा या नुकसान? चौंकाने वाला दावा
बांकीपुर उपचुनाव: BJP के कैंडिडेट बदलने से प्रशांत किशोर को फायदा या नुकसान? चौंकाने वाला दावा
ट्रंप की जान को खतरा या नेतन्याहू का मास्टरस्ट्रोक? जानें क्यों ईरान पर US फाइटर जेट्स बरसाने लगे बारूद
ट्रंप की जान को खतरा या नेतन्याहू का मास्टरस्ट्रोक? जानें क्यों ईरान पर US फाइटर जेट्स बरसाने लगे बारूद
FIFA वर्ल्ड कप में किलियन एम्बाप्पे का मैच देखने पहुंचे विराट कोहली और शुभमन गिल! जानें वायरल तस्वीर की हकीकत
FIFA वर्ल्ड कप में किलियन एम्बाप्पे का मैच देखने पहुंचे विराट कोहली और शुभमन गिल! तस्वीर वायरल
Rajpal Yadav Cheque Bounce Case: राजपाल यादव को अभी नहीं जाना होगा जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत
राजपाल यादव को अभी नहीं जाना होगा जेल, चेक बाउंस मामले में दिल्ली हाईकोर्ट से मिली बड़ी राहत
Explained: पूरे भारत पर छाया मानसून! लेकिन मौसम विभाग ने बादल छंटने की दी चेतावनी, बारिश की आंख मिचौली क्यों?
पूरे भारत पर छाया मानसून! मौसम विभाग ने बादल छंटने की चेतावनी, बारिश की आंख मिचौली क्यों?
‘मैं ममता बनर्जी की तरह नहीं कमजोर CM...’, बहरामपुर में गरजे शुभेंदु, हुमायूं कबीर को दी ये वॉर्निंग
‘मैं ममता बनर्जी की तरह नहीं कमजोर CM...’, बहरामपुर में गरजे शुभेंदु, हुमायूं कबीर को दी वॉर्निंग
अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी को लेकर कांग्रेस ने क्यों किया अटल बिहारी वाजपेयी को याद?
अयोध्या राम मंदिर चंदा चोरी को लेकर कांग्रेस ने क्यों किया अटल बिहारी वाजपेयी को याद?
Embed widget