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UP News: ओम प्रकाश राजभर के करीबी से अखिलेश यादव की मुलाकत पर भड़के बेटे अरविंद राजभर, जानिए- क्या कहा?
UP News: सुभासपा महासचिव अरविन्द राजभर ने 9 अगस्त से शुरू हो रही सपा की पदयात्रा पर निशाना साधा और कहा, ये एसी वाले बयान की देन है. वहीं अखिलश यादव से शशिप्रताप की मुलाकात पर भी प्रतिक्रिया दी.

अखिलेश यादव से शशिप्रताप सिंह की मुलाकात पर अरविंद राजभर का बयान
Arvind Rajbhar Comment On Akhilesh Yadav: समाजवादी पार्टी (Samajwadi Party) मिशन 2024 के तहत आज यानि 9 अगस्त से पदयात्रा शुरू करने जा रही है. इसके पहले चरण की शुरुआत गाजीपुर (Ghazipur) से होगी. जहां से पूर्वांचल को साधने की कोशिश की जाएगी. जिसे लेकर सुभासपा के राष्ट्रीय महासचिव अरविन्द राजभर (Arvind Rajbhar) ने निशाना साधा और कहा कि अगर इस यात्रा को हवा हवाई कहा जाए तो ये जायज होगा. ये लोग सड़क पर यात्रा निकाल रहे हैं. अगर पदयात्रा गांव में निकालते तो असर भी होता. सुभासपा (SBSP) ने अपने पैर को गांव में दबा कर रखा हुआ है. गांव के लोग सुभासपा के साथ हैं.
सपा की पदयात्रा पर निशाना
अरविंद राजभर ने कहा कि पदयात्रा से ना सुभासपा के संगठन पर कोई असर पड़ने वाला है ना उसके वोट पर. जनता जान चुकी है कि अखिलेश यादव जो पद यात्रा निकाल रहे हैं वह ओपी राजभर की देन है. यह एसी वाले बयान की देन है कि अखिलेश यादव को पूर्वांचल याद आया है नहीं तो वह कोई यात्रा नहीं निकालते थे. उन्होंने कहा कि अखिलेश यादव की आदत जाने वाली नहीं है. रस्सी जल गई लेकिन ऐठन नहीं गई. अगर वह खुद जाकर के इस यात्रा को हरी झंडी देकर चालू करते तो हो सकता है थोड़ा असर पड़ जाता. लेकिन वो दूसरे के सहारे अपनी नैया पार करना चाहते हैं.
अरविंद राजभर ने कहा कि सुभासपा की जो ताकत है वह बीजेपी को भी दिखा दी थी. जब उनके साथ थे तो 325 सीट, जब साथ नहीं रहे तो रिजल्ट सामने. सपा को भी इस चीज का पता है कि वह पश्चिमांचल के फर्स्ट सेकंड थर्ड फेस से हारती आए. लेकिन पूर्वांचल में आकर इज्जत बचा ले गए क्योंकि यहां ओमप्रकाश राजभर साथ में थे.
सपा की पदयात्रा सब दिखावा है
सुभासपा महासचिव ने कहा कि ओपी राजभर, अखिलेश यादव को नसीहत देते थे कि आप जो काम आज कर रहे वह चुनाव के पहले करना चाहिए था. अगर चुनाव के पहले ही काम करते तो उसका परिणाम दूसरा होता, सत्ता शासन होती. लेकिन अखिलेश को बात समझ नहीं आ रही. यह सब दिखावा है इससे उनको कुछ हासिल होने वाला नहीं है. वह 1 जिले में एक नहीं 10 दिन यात्रा निकाल ले लेकिन सपा को लेकर के दलित, पिछड़ों, अल्पसंख्यकों में जो धारणा बन चुकी है उसे अखिलेश अब नहीं बदल सकते हैं.
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अखिलेश की यात्रा से सुभासपा पर असर
ओपी राजभर के गाजीपुर में रहने के पीछे अरविन्द राजभर ने कहा कि इस समय सदस्यता अभियान का कार्यक्रम चल रहा है. अखिलेश ने अब चालू किया है, हमारा चुनाव के बाद से ही शुरू हो चुका है. प्रतिदिन 20 से 30 कार्यक्रम हमारे हो रहे हैं. हम पूर्वांचल में जमे हुए हैं, अखिलेश यादव अब जा रहे हैं. पहले मैं काम कर रहा हूं हमारा देखा देख अखिलेश कर रहे हैं. अखिलेश की यात्रा से हम पर कोई फर्क नहीं पड़ने वाला है. वह बाजा बजाते आगे बढ़ जाएंगे कोई पूछने वाला भी नहीं होगा.
ओपी राजभर के गाजीपुर में रहने के पीछे अरविन्द राजभर ने कहा कि इस समय सदस्यता अभियान का कार्यक्रम चल रहा है. अखिलेश ने अब चालू किया है, हमारा चुनाव के बाद से ही शुरू हो चुका है. प्रतिदिन 20 से 30 कार्यक्रम हमारे हो रहे हैं. हम पूर्वांचल में जमे हुए हैं, अखिलेश यादव अब जा रहे हैं. पहले मैं काम कर रहा हूं हमारा देखा देख अखिलेश कर रहे हैं. अखिलेश की यात्रा से हम पर कोई फर्क नहीं पड़ने वाला है. वह बाजा बजाते आगे बढ़ जाएंगे कोई पूछने वाला भी नहीं होगा.
अखिलेश से शशिप्रताप की मुलाकत पर बयान
राजभर से जब शशि प्रताप सिंह और अखिलेश की मुलाकात को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि शशिप्रताप कौन है? हम उन्हें नहीं जानते. कभी चर्चा में आता था, कोई कहता था कि ओपी राजभर का कोई चमचा हुआ करता था बनारस में इतना मुझे जानकारी में है. वह चाहे अखिलेश से भेंट करें या किसी और से उनके संबंध में बनारस में जो धारणा बनी है वही बनी रहेगी. वह दाग धुलने वाला नहीं है जो वहां लग चुका. अखिलेश से नहीं नेताजी से भेंट कर ले तब भी कुछ नहीं होने वाला.
राजभर से जब शशि प्रताप सिंह और अखिलेश की मुलाकात को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा कि शशिप्रताप कौन है? हम उन्हें नहीं जानते. कभी चर्चा में आता था, कोई कहता था कि ओपी राजभर का कोई चमचा हुआ करता था बनारस में इतना मुझे जानकारी में है. वह चाहे अखिलेश से भेंट करें या किसी और से उनके संबंध में बनारस में जो धारणा बनी है वही बनी रहेगी. वह दाग धुलने वाला नहीं है जो वहां लग चुका. अखिलेश से नहीं नेताजी से भेंट कर ले तब भी कुछ नहीं होने वाला.
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