राम मंदिर ट्रस्ट की जिम्मेदारी मिलते ही कृष्ण मोहन की पहली प्रतिक्रिया, 'कहीं न कहीं...'
Krishna Mohan Ram News: राम मंदिर ट्रस्ट की बैठक में कृष्ण मोहन राम को जिम्मेदारी सौंपी गई है. उन्होंने कहा कि कोशिश करेंगे कि ऐसी घटना न हो.

पूर्व IFS अधिकारी कृष्ण मोहन राम मंदिर ट्रस्ट की जिम्मेदारी देखेंगे. ट्रस्ट की बैठक में उन्हें महामंत्री नियु्क्त किया गया. नई जिम्मेदारी पर उन्होंने कहा कि जो भी दोषी हैं, उनको न्यायोचित तरीके से दंड मिले, ये हमारी कोशिश है. उन्होंने कहा कि पहला प्रयत्न होगा कि जहां भी लूपहोल (कमी) है उसको ठीक किया जाए. ऐसा कुछ भविष्य में न हो, ये प्रयास रहेगा. जो न्यास के प्रति छवि धूमिल हुई है, समाज में इसके प्रति अविश्वास पैदा हुआ है, हम इसे जनता के मन में पुन: स्थापित करेंगे.
राम भक्तों को कष्ट हुआ है- कृष्ण मोहन
कृष्ण मोहन ने कहा, "जब तक नए महामंत्री की नियुक्ति नहीं हो जाती, उस समय तक मुझे महामंत्री का दायित्व निर्वहण करने की जिम्मेदारी दी गई है. इसका निर्वहण करते समय मेरी कुछ प्राथमिकताएं होंगी. पहली ये कि दो भी दोषी पाएं जाएंगे, हमारा आग्रह रहेगा कि उनको सजा मिले. इसके लिए हम बहुत आग्रही रहेंगे. इस प्रकरण में जो हुआ है, उससे सभी को कष्ट हुआ है. रामभक्तों को कष्ट हुआ है."
#WATCH | Ayodhya, UP: Krishna Mohan, a trustee of the Shri Ram Janmabhoomi Tirtha Kshetra Trust, says, "I have been entrusted with the responsibility of discharging the duties of General Secretary in an acting capacity until a new General Secretary is appointed. Anyone found… pic.twitter.com/cdbutYjFll
— ANI (@ANI) July 6, 2026
'कहीं न कहीं प्रबंधन और संचालन में कुछ कमियां रह गई थीं'
इसके आगे उन्होंने कहा, "कहीं न कहीं प्रबंधन और संचालन में कुछ कमियां रह गई थीं. जिसका फायदा लोगों ने उठाया. मेरा ये पहला प्रयत्न होगा कि जहां भी कहीं कुछ छूटा हुआ है, उसको बंद करना. इस प्रकार की पुनरावृत्ति भविष्य में न हो, इसका मैं प्रयत्न करूंगा. समाज में जो माहौल बना है, उससे हमारे न्यास की छवि धूमिल हुई है. समाज के मन में एक प्रकार का अविश्वास का भाव जागा है. मेरा ये प्रयत्न होगा कि इस छवि को दूर करने के लिए जो भी आवश्यक होगा, अवश्य करेंगे. इस विश्वास को समाज के मन में फिर से स्थापित करेंगे."
इसके आगे उन्होंने कहा, "मीडिया से निवेदन है कि सत्य को प्रसारित करेंगे. न्यास के अधिकृत लोगों से पूछें, आपको सही जानकारी मिलेगी. केवल प्रोसेस होते समय उस बात को नहीं बताया लेकिन जब अंतिम हो जाता है तो मीडिया के बीच अवश्य रखा जाएगा."
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