हरिद्वार: डाक कांवड़ का दूसरा चरण शुरू, 500 CCTV से निगरानी
Haridwar Dak Kanwad News: हरिद्वार में डाक कांवड़ का दूसरा चरण शुरू हो गया है. कांवड़ियों की सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था के लिए ड्रोन और हजारों पुलिसकर्मी तैनात हैं.

हरिद्वार में कांवड़ यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है. डाक कांवड़ का दूसरा चरण शुरू होने के साथ ही बड़ी संख्या में कांवड़िए हरिद्वार पहुंच रहे हैं. ऐसे में कांवड़ यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ ट्रैफिक व्यवस्था को संभालना भी पुलिस के लिए बड़ी चुनौती है. सुरक्षा और ट्रैफिक व्यवस्था को लेकर क्या इंतजाम किए गए हैं, इसे जानने के लिए एबीपी न्यूज हरिद्वार मेला जोन में बने सीसीटीवी कंट्रोल कमांड सेंटर पहुंचा.
एबीपी न्यूज से बातचीत में हरिद्वार के एडिशनल एसपी संचार विपिन कुमार ने बताया कि कांवड़ यात्रा का दूसरा चरण शुरू हो चुका है और कल (8 अगस्त) से बड़ी संख्या में डाक कांवड़ हरिद्वार पहुंच रही हैं. पुलिस का मुख्य फोकस इस बात पर है कि डाक कांवड़ सीधे हाईवे पर बनाई गई पार्किंग में जाए, ताकि हाईवे को खाली रखा जा सके और ट्रैफिक व्यवस्था सुचारू बनी रहे.
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18 सुपर जोन, 40 जोन और 141 सेक्टर में बांटा गया मेला क्षेत्र
एसपी विपिन कुमार ने बताया कि सुरक्षा व्यवस्था को देखते हुए पूरे हरिद्वार मेला जोन को 18 सुपर जोन, 40 जोन और 141 सेक्टर में बांटा गया है. इन क्षेत्रों में बड़ी संख्या में पुलिस फोर्स तैनात की गई है. करीब 7 हजार से ज्यादा सिविल पुलिसकर्मी सुरक्षा व्यवस्था में लगाए गए हैं. इसके अलावा CAPF की 13 कंपनियां भी तैनात की गई हैं.
पुलिस की कोशिश है कि कांवड़ यात्रा के दौरान भीड़ को अलग-अलग इलाकों में व्यवस्थित रखा जाए और किसी भी तरह की परेशानी होने पर पुलिस तुरंत मौके पर पहुंच सके. इसके लिए मेला क्षेत्र को अलग-अलग हिस्सों में बांटकर पुलिस बल की तैनाती की गई है.
500 से ज्यादा CCTV कैमरों से निगरानी
हरिद्वार मेला क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था पर नजर रखने के लिए 500 से ज्यादा CCTV कैमरे लगाए गए हैं. इसके साथ ही ड्रोन के जरिए भी पूरे इलाके की निगरानी की जा रही है. कंट्रोल कमांड सेंटर से रियल टाइम में स्थिति पर नजर रखी जा रही है, ताकि किसी भी तरह की जानकारी तुरंत अधिकारियों तक पहुंचाई जा सके. इसका मकसद सुरक्षा के साथ-साथ ट्रैफिक कंजेशन से भी बचना है.
कांवड़ यात्रियों के वाहनों के लिए भी अलग-अलग पार्किंग की व्यवस्था की गई है. छोटे वाहनों और बड़े वाहनों के लिए अलग पार्किंग बनाई गई हैं. दोपहिया वाहनों के लिए अलकनंदा, रूड़िबेल, गड्ढा पार्किंग, पंडित दीन दयाल और चमकदार टापू पार्किंग की व्यवस्था की गई है. वहीं बड़े वाहनों के लिए 10 अलग पार्किंग बनाई गई हैं. इन पार्किंग में कई लाख वाहन खड़े किए जा सकते हैं.
पुलिस का जोर इस बात पर है कि कांवड़ यात्रियों के वाहन हाईवे पर खड़े न हों और निर्धारित पार्किंग में ही जाएं. इससे हाईवे पर वाहनों की आवाजाही बनी रहेगी और जाम की स्थिति को नियंत्रित करने में भी मदद मिलेगी.
सड़क पर रॉन्ग साइड आने वाले कांवड़ यात्रियों को लेकर एडिशनल एसपी विपिन कुमार ने बताया कि पुलिस ऐसे कांवड़ियों को आगे जाकर सही सड़क पर भेजती है.
उन्होंने बताया कि इस समय काफी संख्या में कांवड़ यात्री हरिद्वार पहुंच रहे हैं. इसकी वजह से कई जगहों पर छोटा जाम लग रहा है और इसी कारण कुछ कांवड़िए रॉन्ग साइड आ जाते हैं. पुलिस उन्हें सही रास्ते पर भेजकर ट्रैफिक को व्यवस्थित करने की कोशिश कर रही है.
हाईवे पर वाहन खड़ा करने वालों पर भी कार्रवाई
कुछ कांवड़ यात्री जल्दी जल भरने के लिए हाईवे पर ही अपनी कार खड़ी कर देते हैं. ऐसे वाहनों पर भी पुलिस की नजर है. विपिन कुमार के मुताबिक, CCTV में वाहन का नंबर देखकर संबंधित कांवड़ यात्री को फोन किया जाता है और कार हटाने के लिए कहा जाता है. अगर इसके बाद भी वाहन नहीं हटाया जाता और लापरवाही बरती जाती है तो चालान की कार्रवाई की जाती है.
विपिन कुमार ने आगे बताया कि हरिद्वार में कांवड़ यात्रियों की भारी भीड़ का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कल शाम (8 अगस्त) तक कांवड़ियों का कुल फुटफॉल 3 करोड़ से ज्यादा पहुंच चुका था. आज भी बड़ी संख्या में कांवड़िए हरिद्वार पहुंचे हैं. ऐसे में आज शाम तक कांवड़ियों का फुटफॉल 4 करोड़ तक पहुंचने की संभावना है.
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डाक कांवड़ के दूसरे चरण में भीड़ और बढ़ने की उम्मीद है. ऐसे में पुलिस के सामने सुरक्षा के साथ-साथ ट्रैफिक व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने की बड़ी चुनौती है. CCTV, ड्रोन निगरानी, बड़ी संख्या में पुलिस बल और अलग-अलग पार्किंग व्यवस्था के जरिए पुलिस भीड़ को नियंत्रित करने और हाईवे को जाम से बचाने की कोशिश में जुटी है.























