Meerut News: मेरठ में सीबीआई का बड़ा एक्शन, CGHS की अतिरिक्त निदेशक रिश्वत लेते गिरफ्तार
Meerut News In Hindi: CGHS की अतिरिक्त निदेशक और उनके निजी सहायक पर आरोप है कि कर्मचारी के तबादले के बदले 80 हजार रुपये मांगे गए थे. ट्रैप ऑपरेशन में 50 हजार रुपये लेते हुए आरोपी रंगे हाथ पकड़े गए.

केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) ने एक बड़े रिश्वतकांड का खुलासा करते हुए केंद्रीय सरकारी स्वास्थ्य योजना (सीजीएचएस) की अतिरिक्त निदेशक नताशा वर्मा और उनके निजी सहायक सनी को गिरफ्तार किया है. इस कार्रवाई के बाद स्वास्थ्य विभाग में हलचल मच गई है और पूरे मामले को गंभीरता से देखा जा रहा है.
सीबीआई के अनुसार, 30 अप्रैल को इस मामले में प्राथमिकी दर्ज की गई थी. शिकायत में आरोप लगाया गया था कि सीजीएचएस के एक कर्मचारी का तबादला मुरादाबाद से मेरठ कराने के बदले 80 हजार रुपये की रिश्वत मांगी जा रही थी. यह मांग स्वास्थ्य भवन, सूरज कुंड रोड स्थित कार्यालय से जुड़े अधिकारियों की ओर से की गई थी. शिकायत मिलने के बाद एजेंसी ने तुरंत मामले की जांच शुरू कर दी.
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ऐसे बिछाया गया जाल
मामले की गंभीरता को देखते हुए सीबीआई ने योजनाबद्ध तरीके से जाल बिछाया. जांच के दौरान यह तय किया गया कि रिश्वत की रकम 50 हजार रुपये पर तय होगी.
इसके बाद शिकायतकर्ता को निर्देश दिए गए कि वह तय रकम आरोपियों को सौंपे, जबकि पूरी प्रक्रिया पर सीबीआई की टीम नजर बनाए रखे. टीम ने मौके पर पहले से तैयारी कर रखी थी ताकि आरोपियों को रंगे हाथ पकड़ा जा सके.
रंगे हाथों गिरफ्तारी
ट्रैप के दौरान निजी सहायक ने अतिरिक्त निदेशक की ओर से 50 हजार रुपये की रिश्वत ली. जैसे ही पैसे का लेन-देन हुआ, पहले से मौजूद सीबीआई टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए उसे पकड़ लिया.
इसके बाद अतिरिक्त निदेशक को भी गिरफ्तार कर लिया गया. पूरी कार्रवाई बेहद गोपनीय तरीके से की गई, जिससे आरोपियों को भनक तक नहीं लगी. दोनों को हिरासत में लेकर उनसे पूछताछ की जा रही है और मामले से जुड़े अन्य पहलुओं की भी जांच की जा रही है.
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सीबीआई का कहना है कि मामले की जांच अभी जारी है. एजेंसी यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है कि क्या इस पूरे प्रकरण में और लोग शामिल हैं. अधिकारियों के मुताबिक, जरूरत पड़ने पर आगे और भी कार्रवाई की जा सकती है. इस गिरफ्तारी के बाद साफ संदेश गया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में सख्ती बरती जा रही है और दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा.
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Source: IOCL

























