'...समझ नहीं आता', पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के गजनी वाले बयान पर बोले पूर्व सांसद मलूक नागर
Malook Nagar News: अमित शाह के असम और घुसपैठ वाले बयान पर आरएलडी नेता मलुक नागर ने समर्थन किया है। साथ ही उन्होंने हामिद अंसारी के मोहम्मद गजनी पर बयान को वापस लेने की मांग की.

राष्ट्रीय लोकदल (RLD) नेता और बिजनौर से पूर्व सांसद मलूक नागर ने असम और घुसपैठ को लेकर केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के बयान का खुलकर समर्थन किया है. इसके साथ ही उन्होंने पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के मोहम्मद गजनी संबंधी बयान पर कड़ा एतराज जताया है. मलूक नागर ने कहा कि इन दोनों मुद्दों पर भ्रम फैलाने की कोशिश की जा रही है और सच्चाई को सामने लाना जरूरी है.
अमित शाह के असम और घुसपैठ वाले बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए मलूक नागर ने कहा, “सो कॉल्ड इंडिया गठबंधन की सबसे बड़ी पार्टी कांग्रेस और उनकी साथी पार्टियां, ये घुसपैठियों को बढ़ावा देती हैं. 17वीं लोकसभा में जब बीएसएफ को ताकत दी गई और बांग्लादेश बॉर्डर पर जहां फेंसिंग नहीं है वहां फेंसिंग कराई जाए ताकि घुसपैठ रोकी जा सके, तो इसका सबसे ज्यादा विरोध टीएमसी और कांग्रेस के नेताओं ने संसद में किया. तो क्या ये घुसपैठियों को घुसाना चाहते थे?”
उन्होंने आगे कहा कि एक बड़ी कन्फ्यूजन जानबूझकर पैदा की जाती है, देश के मुसलमानों को घुसपैठियों से जोड़कर दिखाने की. नागर के मुताबिक, “हमारे देश के मुसलमानों के लिए भारत सरकार और प्रदेश सरकारों की जो फायदे की योजनाएं हैं, अगर उन पर घुसपैठिये, चाहे वो बांग्लादेशी हों, पाकिस्तानी हों या किसी दूसरे देश के, कब्जा करेंगे, तो ये कैसे सही है?”
सीमा पर हालात का हवाला
मलूक नागर ने सीमा से जुड़े हालात का जिक्र करते हुए कहा, “अगर पिछली सरकारों में इतने घुसपैठिये बुलाए गए होते, तो आज हालात अलग होते. साफ दिखता है कि बांग्लादेश बॉर्डर पर लाखों लोग वापस भाग रहे हैं, नेपाल बॉर्डर पर भी लोग लौट रहे हैं. उन्हें निकाला नहीं जा रहा, वो खुद भाग रहे हैं. कहीं न कहीं बात में दम और सच्चाई है. माननीय गृहमंत्री जो कह रहे हैं, वो ठीक ही तो कह रहे हैं.”
हामिद अंसारी के बयान पर सख्त प्रतिक्रिया
पूर्व उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी के मोहम्मद गजनी पर दिए बयान पर नाराजगी जताते हुए उन्होंने कहा, “हामिद अंसारी साहब इस देश के महामहिम उपराष्ट्रपति रहे हैं. उनके परिवार का बैकग्राउंड बहुत सॉलिड है. आजादी के समय जम्मू-कश्मीर की लड़ाई से भी उनके परिवार का नाता रहा है, उनके रिश्तेदार ने भारतीय सेना में अहम भूमिका निभाई. फिर ऐसे बयान कैसे दिए जा सकते हैं, समझ नहीं आता.”
नागर ने सवाल उठाते हुए कहा, “अगर महमूद गजनवी आक्रांता नहीं था और उसने देश में लूटपाट नहीं की, तो क्या कांग्रेस के कार्यकाल में पढ़ाई गई इतिहास की किताबें झूठी थीं? क्या हम अब तक जो सुनते आए, वो सब गलत है? क्या हामिद अंसारी साहब के पास ऐसे कोई सबूत हैं कि वह आक्रांता नहीं थे या उन्होंने लूटपाट नहीं की?”
उन्होंने कहा, “मैं तो यही कहूंगा कि वे दोबारा सोचें और या तो अपने बयान पर साफ स्पष्टीकरण दें या फिर बयान वापस लें.”
टॉप हेडलाइंस
Source: IOCL


























