एक्सप्लोरर

अमित शाह के बयान के बाद बरसे अखिलेश यादव, कहा- देश भाषण सुनने के मूड में नहीं

संसद के मॉनसून सत्र के दौरान चल रहे गतिरोध को लेकर सत्र के आखिरी दिन से पहले गृह मंत्री अमित शाह ने कहा है कि वह बयान देने को तैयार हैं. अब इस पर सपा चीफ अखिलेश यादव ने तीखी टिप्पणी की है.

समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने गृह मंत्री अमित शाह के उस बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है जिसमें उन्होंने 13 अगस्त को 3 बजे बयान देने की बात कही है. उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री ने कहा कि देश भाषण सुनने के मूड में नहीं है.

कन्नौज सांसद ने सोशल मीडिया साइट एक्स पर लिखा कि संसद में जवाब देने के लिए सरकार जो समय-सीमा तय करना चाहती है, वो स्वयं में अलोकतांत्रिक है. दरअसल ये जवाब नहीं होगा, थोथा बयान होगा. सच तो ये है कि भाजपा चाह ही नहीं रही है कि कोई जवाब दिया जाए वो तो सत्र का समापन करने के लिए उतावली है. 

राम मंदिर CEO इंटरव्यू में पूछे गए खराब सवाल, अवधेश प्रसाद का बयान

अखिलेश ने और क्या कहा?

उन्होंने लिखा कि जिम्मेदारी और जवाबदेही समय की किसी शर्त से नहीं, बल्कि उत्तरदायित्व के तर्क से निभाई जाती है. ये कोई जिज्ञासा के सतही समाधान की औपचारिकता नहीं है बल्कि ‘भगवान और इंसान’ दोनों के साथ दुर्व्यवहार व दुर्भावना का बेहद गंभीर मुद्दा है. 

दरअसल, 20 जुलाई को छात्रों के प्रदर्शन के दौरान पुलिसिया कार्रवाई से विपक्ष खफा है. विपक्ष का दावा है कि शांतिपूर्ण प्रदर्शन में पैलेट गन, कील लगी हुई लाठियों का इस्तेमाल किया गया. नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी, कन्नौज सांसद अखिलेश यादव भी इस मुद्दे को लेकर सत्तापक्ष पर हमलावर हैं. 

शाह ने क्या कहा?

20 जुलाई के बाद से ही विपक्ष इस मामले में अमित शाह से जवाब की मांग कर रहा है. हालांकि सरकार की ओर से अधिकृत जवाब ऐसे वक्त में आया है जब सत्र की कार्रवाई 13 अगस्त को खत्म हो जाएगी. हालांकि यह कहा जा रहा है कि यदि सदन की कार्यवाही चली तो उसकी समय सीमा भी बढाई जा सकती है.

बता दें शाह ने कहा कि यदि विपक्षी दल छात्रों से जुड़े विषय पर चर्चा के लिए तैयार हो जाएं तो वह हर सवाल का जवाब देने के लिए तैयार हैं ताकि देश की जनता के सामने सब ‘दूध का दूध, पानी का पानी’ हो जाए’ क्योंकि सरकार के पास छिपाने के लिए कुछ भी नहीं है.

राहुल सांकृत्यायन, abp live में बतौर डिप्टी न्यूज़ एडिटर कार्यरत हैं और स्टेट्स टीम का नेतृत्व कर रहे हैं. राहुल राजनीति, शासन-प्रशासन और समकालीन विषयों की खबरों की कवरेज और खबरों एवं घटनाक्रमों के संपादकीय समन्वय की जिम्मेदारी संभाल रहे हैं.

पत्रकारिता के क्षेत्र में एक दशक से अधिक का अनुभव रखने वाले राहुल ने अपने करियर की शुरुआत में राष्ट्रीय, अंतरराष्ट्रीय और फीचर डेस्क पर भी काम किया है. उनकी विशेष रुचि राजनीतिक खबरों, अपराध से जुड़े मामलों और राज्यों की समकालीन राजनीतिक गतिविधियों की कवरेज में रही है.

राहुल इससे पहले न्यूज़18 हिन्दी, वनइंडिया हिन्दी और अमर उजाला जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों में विभिन्न पदों पर काम कर चुके हैं, जहां उन्होंने डिजिटल पत्रकारिता, ब्रेकिंग न्यूज और स्टेट्स कवरेज में महत्वपूर्ण अनुभव हासिल किया.

अपने पत्रकारिता करियर के दौरान राहुल ने कई महत्वपूर्ण घटनाओं और बड़े आयोजनों की कवरेज की है, जिनमें कर्नाटक विधानसभा चुनाव 2018, लोकसभा चुनाव 2024 ऑपरेशन सिंदूर और महाकुंभ 2025 जैसे प्रमुख घटनाक्रम शामिल हैं.

राहुल ने देश के प्रतिष्ठित पत्रकारिता संस्थान भारतीय जनसंचार संस्थान (IIMC), नई दिल्ली से हिन्दी पत्रकारिता में शिक्षा प्राप्त की है. उन्होंने इलाहाबाद केंद्रीय विश्वविद्यालय के आनुषंगिक महाविद्यालय ईश्वर शरण डिग्री कॉलेज, प्रयागराज से बी.कॉम किया है. इसके अलावा राहुल ने केंद्रीय विद्यालय बस्ती से हाईस्कूल और सरस्वती विद्या मंदिर रामबाग, बस्ती से इंटरमीडिएट की पढ़ाई की. आगे चलकर गुरु जम्भेश्वर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय, हिसार से दूरस्थ शिक्षा कार्यक्रम के तहत पत्रकारिता में परास्नातक भी किया.

खबरों के अलावा साहित्य और वैचारिक लेखन में भी राहुल की गहरी रुचि है. राहुल हिंदी साहित्य के प्रमुख रचनाकारों जैसे राहुल सांकृत्यायन, यशपाल, मुंशी प्रेमचंद, हजारी प्रसाद द्विवेदी और सर्वेश्वर दयाल सक्सेना के लेखन को विशेष रूप से पढ़ना पसंद करते हैं. इसके साथ ही ओम प्रकाश वाल्मिकी, महादेवी वर्मा, अष्टभुजा शुक्ल, विनोद शुक्ल, दुष्यंत कुमार, रामनाथ सिंह, अदम गोंडवी, राही मासूम रजा, गोपाल दास नीरज की रचनाओं में भी उनकी दिलचस्पी है.

खबरों के लिए राहुल से rahulsa@abpnetwork.com पर संपर्क किया जा सकता है. 

Read More
और पढ़ें
Sponsored Links by Taboola
Advertisement

टॉप हेडलाइंस

अमित शाह के बयान के बाद बरसे अखिलेश यादव, कहा- देश भाषण सुनने के मूड में नहीं
अमित शाह के बयान के बाद बरसे अखिलेश यादव, कहा- देश भाषण सुनने के मूड में नहीं
उत्तराखंड में दलबदल का खेल, कांग्रेस के सामने पहाड़ तो BJP के सामने तराई की चुनौती
उत्तराखंड में दलबदल का खेल, कांग्रेस के सामने पहाड़ तो BJP के सामने तराई की चुनौती
राम मंदिर CEO इंटरव्यू में पूछे गए खराब सवाल, अवधेश प्रसाद का बयान
राम मंदिर CEO इंटरव्यू में पूछे गए खराब सवाल, अवधेश प्रसाद का बयान
हिंद मेडिकल कॉलेज में ट्रस्ट की जंग! डॉ. रिचा मिश्रा ने लगाए गंभीर आरोप
हिंद मेडिकल कॉलेज में ट्रस्ट की जंग! डॉ. रिचा मिश्रा ने लगाए गंभीर आरोप
Advertisement

वीडियोज

Gold Silver Price: 1 ही दिन में 10,000 महंगी हुई चांदी! सोना 1.55 लाख के पार, मार्केट में आया भूचाल!
Sansani: एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर की खतरनाक मिस्ट्री !
The Traitors 2 का नया Sneak Peek Out, Rhea Chakraborty से Mallika Sherawat तक दिखा बड़ा Drama
Lock Upp 2 की Success Party में Shreya Kalra का जलवा, Farhana Bhatt समेत सितारों ने बिखेरा Glamour
Salman Khan की Seven Dogs 21 August को India में रिलीज, Sanjay Dutt का होगा खास Cameo
Advertisement

फोटो गैलरी

Advertisement

पर्सनल कार्नर

टॉप आर्टिकल्स
टॉप रील्स
तमिलनाडु में परिसीमन के खिलाफ प्रस्ताव? CM विजय बोले- 'महिला आरक्षण को जोड़ने से...'
तमिलनाडु में परिसीमन के खिलाफ प्रस्ताव? CM बोले- 'महिला आरक्षण जोड़ने से देरी होगी'
अमित शाह के बयान पर संजय सिंह भड़के, कहा- इसका मतलब है...
अमित शाह के बयान पर संजय सिंह भड़के, कहा- इसका मतलब है...
RCB की श्रेयंका पाटिल ने लूटी महफिल, 'बबली बदमाश' पर दिखाए मूव्स; दीवाने हुए लोग
RCB की श्रेयंका पाटिल ने लूटी महफिल, 'बबली बदमाश' पर दिखाए मूव्स; दीवाने हुए लोग
'हजारों घंटे की मेहनत है...' रणबीर कपूर ने बंद की 'रामायण' के VFX को ट्रोल करने वालों की बोलती
'हजारों घंटे की मेहनत है...' रणबीर ने बंद की 'रामायण' के VFX को ट्रोल करने वालों की बोलती
गुटखा पर लगा बैन, आज से एक साल तक रहेगी पाबंदी, सरकार का बड़ा फैसला
गुटखा पर लगा बैन, आज से एक साल तक रहेगी पाबंदी, सरकार का बड़ा फैसला
एन चंद्रशेखरन ने टाटा संस के चेयरमैन पद से इस्तीफा दिया, फरवरी तक संभालेंगे जिम्मेदारी
एन चंद्रशेखरन ने टाटा संस के चेयरमैन पद से इस्तीफा दिया, फरवरी तक संभालेंगे जिम्मेदारी
National Flag Disposal Rules: 15 अगस्त पर सड़क पर पड़ा मिले तिरंगा तो यहां करें शिकायत
15 अगस्त पर सड़क पर पड़ा मिले तिरंगा तो यहां करें शिकायत
इस देश ने Meta Smart Glasses पर लगाया बैन! जानिए क्या है वजह
इस देश ने Meta Smart Glasses पर लगाया बैन! जानिए क्या है वजह
Embed widget