राजस्थान के 'गालीबाज' मंत्री गौतम दक बैकफुट पर, कांग्रेस ने 'असली चरित्र' दिखाने की दी चेतावनी
Rajasthan Politics News: राजस्थान के सहकारिता मंत्री गौतम दक का पुलिसकर्मियों को गाली देने वाला ऑडियो वायरल होने के बाद विपक्षी कांग्रेस ने बीजेपी के 'चाल, चरित्र और चेहरा' पर सवाल खड़े किए हैं.

राजस्थान के सहकारिता मंत्री गौतम दक का पुलिसकर्मियों को कथित तौर पर गाली देने वाला ऑडियो वायरल होने के बाद प्रदेश की राजनीति गरमा गई है. विपक्षी कांग्रेस इस मुद्दे को लेकर बीजेपी और राज्य सरकार पर लगातार हमलावर है, जबकि दूसरी तरफ मंत्री गौतम दक सफाई देते हुए बैकफुट पर नजर आ रहे हैं.
ऑडियो पर कांग्रेस ने BJP के 'चाल, चरित्र' पर उठाए सवाल
वायरल ऑडियो को लेकर कांग्रेस ने बीजेपी के 'चाल, चरित्र और चेहरा' पर सवाल खड़े किए हैं. कांग्रेस के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री प्रताप सिंह खाचरियावास ने कहा कि यह सिर्फ पुलिसकर्मियों को नहीं, बल्कि पूरे राजस्थान को दी गई गाली है. उन्होंने कहा कि बीजेपी को अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स पर यह पूरा ऑडियो अपलोड करके जनता को बताना चाहिए कि क्या उनके नेता और कार्यकर्ता इसी तरह की भाषा का इस्तेमाल करते हैं.
खाचरियावास ने मंत्री की सफाई को भी खारिज करते हुए कहा कि मंत्री झूठ बोल रहे हैं कि यह उनका ऑडियो नहीं है. उन्होंने चेतावनी दी कि अगर बीजेपी खुद यह ऑडियो सार्वजनिक नहीं करेगी तो कांग्रेस इसे लोगों के बीच पहुंचाकर बीजेपी का 'असल चरित्र' दिखाएगी. कांग्रेस ने इस पूरे मामले को बेहद शर्मनाक बताते हुए बीजेपी पर दिखावे की राजनीति करने का आरोप लगाया है.
Jodhpur News: HC आदेश के बाद जोधपुर पहुंचा आसाराम, एयरपोर्ट पर उमड़ी भारी भीड़
मंत्री गौतम दक ने 12 सेकंड का सफाई वीडियो किया जारी
दरअसल, वायरल ऑडियो सामने आने के बाद सहकारिता मंत्री गौतम दक ने 12 सेकंड का एक वीडियो जारी कर सफाई दी है. मंत्री का कहना है कि वायरल हो रहा ऑडियो एडिटेड है और आधुनिक तकनीक का इस्तेमाल कर उसे गलत तरीके से तैयार किया गया है. उन्होंने दावा किया कि इस ऑडियो से उनका कोई लेना-देना नहीं है. हालांकि विपक्ष मंत्री की इस सफाई को स्वीकार करने के मूड में नजर नहीं आ रहा.
पूरा मामला चित्तौड़गढ़ जिले के डूंगला थाने से जुड़ा हुआ है. बताया जा रहा है कि सोमवार (25 मई) को मंत्री गौतम दक डूंगला थाने पहुंचे थे. वहां उन्होंने एसएचओ शैतान सिंह और कांस्टेबल लक्ष्मीनारायण व विष्णु को बाहर बुलाकर बातचीत की. आरोप है कि मंत्री ने बातचीत की शुरुआत ही गालियों से की और करीब तीन मिनट की रिकॉर्डिंग में कई बार अभद्र भाषा का इस्तेमाल किया.
मंत्री और पुलिसकर्मियों का विवाद बना नया सियासी मुद्दा
मंत्री पुलिसकर्मियों से इसलिए नाराज बताए जा रहे थे, क्योंकि कथित तौर पर पुलिस उनके एक कार्यकर्ता के यहां पहुंची थी और उससे पैसे मांगने या धमकाने का आरोप लगा था. बताया जा रहा है कि बातचीत के दौरान मौजूद किसी व्यक्ति ने इसका ऑडियो रिकॉर्ड कर लिया, जो बाद में सोशल मीडिया पर वायरल हो गया.
बहरहाल अब यह मामला सिर्फ मंत्री और पुलिसकर्मियों के बीच विवाद तक सीमित नहीं रह गया है, बल्कि राजस्थान की राजनीति में नया सियासी मुद्दा बन चुका है. विपक्ष सरकार को घेर रहा है, जबकि सरकार और मंत्री बचाव की मुद्रा में दिखाई दे रहे हैं.
Ajmer News: कांग्रेस नेता रामसिंह मर्डर केस में खुलासा, पहली पत्नी, बेटे और बेटी ने रची साजिश

























