जिला परिषद चुनाव से पहले शरद पवार को झटका, अजित पवार से गठबंधन के चलते इस नेता ने दिया इस्तीफा
Sharad Pawar News: महानगरपालिका चुनावों में शरद पवार और अजित पवार की पार्टी ने कुछ प्रदर्शन नहीं किया. अब दोनों गुटों के जिला परिषद चुनाव भी साथ लड़ने की चर्चा है.

महाराष्ट्र महानगरपालिका चुनावों के बाद अब शरद पवार गुट, अजित पवार की पार्टी के साथ जिला परिषद चुनाव में भी गठबंधन करने की तैयारी में है. इससे पहले शरद पवार को बड़ा झटका लगा है. पार्टी के महाराष्ट्र टीचर्स सेल के अध्यक्ष प्रो किरण सोनटक्के ने पद से इस्तीफा दे दिया है. अजित पवार की पार्टी से गठबंधन की वजह से उन्होंने इस्तीफा देने का फैसला किया.
पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष शशिकांत शिंदे को भेजे गए इस्तीफे में उन्होंने कहा कि पार्टी लगातार विचारधारा के खिलाफ रुख अपना रही है. उनका इस्तीफा शरद पवार की पार्टी के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है क्योंकि वो 21 सालों से संगठन से जुड़े हुए थे. वो पार्टी में कई पदों पर रहे.
5 फरवरी को जिला परिषदों और पंचायत समितियों के चुनाव
एबीपी माझा के मुताबिक, किरण सोनटक्के परभणी के जंब जिला परिषद सर्कल से चुनाव लड़ने की तैयारी कर रहे हैं. महाराष्ट्र में 12 जिला परिषदों और 125 पंचायत समितियों में 5 फरवरी को चुनाव होने है. नतीजे 7 फरवरी को आएंगे.
महानगरपालिका चुनाव में चाचा-भतीजे के गठबंधन का कैसा प्रदर्शन?
महाराष्ट्र में महानगरपालिका चुनाव में अजित पवार और शरद पवार गठबंधन का प्रदर्शन बेहतर नहीं दिखा. अजित पवार की पार्टी एनसीपी महायुति को छोड़कर मुंबई में जहां अकेले चुनाव मैदान में उतरी थी, तो वहीं अजित पवार ने अपने मजबूत गढ़ पुणे, पिंपरी चिंचवड में अपने चाचा शरद पवार की अगुवाई वाली एनसीपी (SP) से हाथ मिलाया था लेकिन चुनावी नतीजे बीजेपी के पक्ष में ही आए. दोनों जगहों पर बीजेपी सत्ता हासिल करने में सफल रही.
पुणे में बीजेपी ने पवार परिवार को चौंकाते हुए 119 सीटें जीतीं, जबकि अजित पवार के नेतृत्व वाली NCP 27 सीटों के साथ दूसरे स्थान पर रही और उसकी सहयोगी NCP (SP) को 3 सीटें मिलीं. पिंपरी चिंचवड महानगरपालिका चुनाव में जीत के लिए प्रचार के दौरान अजित पवार ने पूरा दम लगाया दिया था. चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने बीजेपी पर भ्रष्टाचार तक के आरोप मढ़े थे लेकिन उनकी पार्टी 40 से कम सीटों पर सिमट कर रह गई. पिंपरी-चिंचवड़ में बीजेपी को 84 सीटों पर जीत मिली.
Source: IOCL
























